युवक-युवती को मारकर खाई में फेंक दिया
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रविवार को दिल्ली पुलिस ने टैक्सी चालक को गिरफ्तार किया। सख्ती होने पर वह टूट गया और उसने हत्या की बात स्वीकार ली। देर शाम पुरोला पुलिस द्वारा दिखाए गए शव की तस्वीर से दिल्ली पुलिस ने उसकी अभिजीत के रूप में शिनाख्त की।
लाखामंडल बार्डर से बरामद युवक के शव की शिनाख्त नहीं होने पर पुरोला पुलिस ने 30 अक्तूबर को उसका अंतिम संस्कार कर दिया था। देर शाम तक स्थानीय और दिल्ली पुलिस आरोपी की निशानदेही पर युवती का शव खोजने में जुटी रही।
अभिजीत का अंतिम संस्कार कर दिया था पुरोला पुलिस ने
मूलरूप से पश्चिम बंगाल निवासी मोमिता दास (27) और अभिजीत पॉल (24) कल्याण निवास, लाडोसराय (दिल्ली) में रहते थे और चकराता घूमने आए थे। दोनों की आखिरी बार 23 अक्तूबर को घर बात हुई। उसके बाद से उनका पता नहीं चल सका। उन्होंने फोन पर अंतिम बार राजू नाम के ड्राइवर के संपर्क में होने की बात परिजनों को बताई थी।
29 अक्तूबर को मोमिता के पिता ने दिल्ली के साकेत थाने में गुमशुदगी दर्ज कराई। शनिवार को इसकी जांच के लिए दिल्ली पुलिस विकासनगर पहुंची। चालक राजू को पूछताछ के लिए कोतवाली बुलाया गया।
सख्ती से पूछताछ करने पर वह टूट गया और उसने लूट के लिए अपने तीन साथियों के साथ दोनों की हत्या करने की बात कबूल ली। आरोपी ने बताया हत्या के बाद शवों को चकराता-लाखामंडल सड़क पर क्वांसी के समीप खाई पर फेंक दिया था।
सीओ स्वप्न किशोर सिंह ने बताया 30 अक्तूबर को लाखामंडल बार्डर के पास पुरोला पुलिस ने एक युवक का शव बरामद किया था। शिनाख्त नहीं होने पर उसका अंतिम संस्कार कर दिया गया था।
सोमवार देर शाम पुरोला पहुंची दिल्ली पुलिस ने शव की तस्वीर के आधार पर उसकी पहचान अभिजीत के रूप में की। सीओ ने बताया मोमिता फाइन आर्ट की टीचर और अभिजीत पेंटर का काम करता था। दोनों लंबे समय से लिव इन रिलेशन में रह रहे थे।