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विश्वविद्यालयों में भी अब कोरोना संदिग्धों की हो सकेगी जांच
Sun, 05 Apr 2020 12:06 PM IST
विक्रांत चतुर्वेदी
अमर उजाला ब्यूरो, नई दिल्ली
अमर उजाला ब्यूरो, नई दिल्ली
Published by: विक्रांत चतुर्वेदी
Updated Sun, 05 Apr 2020 12:06 PM IST
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कोरोना वायरस (फाइल फोटो)
- फोटो : रॉयटर्स एजेंसी
अब विश्वविद्यालयों में भी कोरोना संग्दिध की जांच हो सकेगी। मानव संसाधन विकास मंत्री ने इसकी मंजूरी दे दी है। शनिवार को निशंक और विश्वविद्यालयों के कुलपति की वीडियो कांफ्रेसिंग से बैठक हुई। साढ़े पांच घंटे तक चली बैठक में यूजीसी को एकेडमिक कलेंडर और इग्नू कुलपति को ऑनलाइन क्लास और ऑनलाइन परीक्षा की तैयारियों को लेकर गठित कमेटी का प्रमुख बनाया है।
रमेश पोखरियाल निशंक ने सभी विश्वविद्यालय प्रबंधन को निर्देश दिया है कि लॉकडाउन अवधि में हॉस्टल में छात्रों, शिक्षकों व कर्मियों, कांट्रेक्ट व एडहॉक कर्मियों को किसी प्रकार की दिक्कत नहीं होनी चाहिए। स्कालरशिप, वेतन व पेंशन का समय से भुगतान संग उनकी मानसिक सेहत का भी ध्यान रखें।
बैठक में बताया गया कि बीएचयू और एएमयू में 40 बेड का आइसोलेशन वार्ड बनाया गया है। निशंक ने प्रबंधन को समग्र ऑनलाइन शिक्षा के द्वारा सकल नामांकन अनुपात (GER) बढ़ाने, पठन–पाठन की गुणवत्ता एवं मानक के स्तर ऊंचा करने, कैंपस में अनुशासन व्यवस्था बनाये रखने, केंद्रीय विश्वविद्यालयों को ज्ञान एवं उत्कृष्टता के केन्द्रों में विकसित करने के लिए सम्यक रणनीति, वर्तमान आपदा की समाप्ति के पश्चात् सामान्य स्थिति में किये जाने वाले कार्यों को चिन्हित करने पर योजना बनाने का आदेश दिया है।
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रमेश पोखरियाल निशंक ने सभी विश्वविद्यालय प्रबंधन को निर्देश दिया है कि लॉकडाउन अवधि में हॉस्टल में छात्रों, शिक्षकों व कर्मियों, कांट्रेक्ट व एडहॉक कर्मियों को किसी प्रकार की दिक्कत नहीं होनी चाहिए। स्कालरशिप, वेतन व पेंशन का समय से भुगतान संग उनकी मानसिक सेहत का भी ध्यान रखें।
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बैठक में बताया गया कि बीएचयू और एएमयू में 40 बेड का आइसोलेशन वार्ड बनाया गया है। निशंक ने प्रबंधन को समग्र ऑनलाइन शिक्षा के द्वारा सकल नामांकन अनुपात (GER) बढ़ाने, पठन–पाठन की गुणवत्ता एवं मानक के स्तर ऊंचा करने, कैंपस में अनुशासन व्यवस्था बनाये रखने, केंद्रीय विश्वविद्यालयों को ज्ञान एवं उत्कृष्टता के केन्द्रों में विकसित करने के लिए सम्यक रणनीति, वर्तमान आपदा की समाप्ति के पश्चात् सामान्य स्थिति में किये जाने वाले कार्यों को चिन्हित करने पर योजना बनाने का आदेश दिया है।
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