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Delhi: सतर्कता जांच में फंसे अफसरों की नियुक्ति खारिज, NCCSA की दूसरी बैठक में केजरीवाल ने लिए कई अहम फैसले
Thu, 29 Jun 2023 02:30 PM IST
विजय पुंडीर
अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली
अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली
Published by: विजय पुंडीर
Updated Thu, 29 Jun 2023 02:30 PM IST
सार
शिक्षा विभाग में कुछ अधिकारियों को नियुक्त का प्रस्ताव सीएम केजरीवाल ने रोक दिया क्योंकि उनके खिलाफ विजिलेंस के केस चल रहे हैं।
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सीएम अरविंद केजरीवाल
- फोटो : सोशल मीडिया
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विस्तार
मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने शिक्षा विभाग में कुछ अधिकारियों की नियुक्ति को रोक दिया है। राष्ट्रीय राजधानी सिविल सेवा प्राधिकरण (एनसीसीएसए) की बृहस्पतिवार को हुई दूसरी बैठक में मुख्यमंत्री ने हवाला दिया कि इन अधिकारियों के खिलाफ सतर्कता विभाग की जांच चल रही है। ऐसे में इस तरह के अधिकारियों की नियुक्ति नहीं की जा सकती। इससे बैठक में इस प्रस्ताव को खारिज कर दिया गया।
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एनसीसीएसए की बैठक में नियुक्तियों से संबंधित तीन मामलों पर अधिकारियों के साथ विचार-विमर्श मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने सदस्यों के साथ किया। पहला मसला शिक्षा विभाग में ऐसे अधिकारियों की तैनाती पर था, जिनके खिलाफ विजिलेंस जांच चल रही है। मुख्यमंत्री इस प्रस्ताव से सहमत नहीं थे। मुख्यमंत्री के एतराज पर यह प्रस्ताव आगे नहीं बढ़ सका। वहीं, शिक्षा विभाग से कुछ अधिकारियों को हटाने का भी प्रस्ताव आया। मुख्यमंत्री का मानना था कि यह अधिकारी अच्छे थे, ऐसे में इनका तबादला नहीं होना चाहिए। मुख्यमंत्री की आपत्ति के बाद इस प्रस्ताव को भी रोक दिया गया है।
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अधिकारिक सूत्रों के अनुसार, एनसीसीएसए की बैठक में तीसरा मामला कुछ महिला अधिकारियों की मांग से संबंधित था। उन्होंने व्यक्तिगत आधार पर सबरजिस्ट्रार के पद से तबादले का अनुरोध किया था। मुख्यमंत्री ने इसे मानवीय आधार पर मंजूरी दे दी। बैठक में कहा कि पहली बैठक के मिनट्स पर अब तक कार्रवाई नहीं की गई है। पिछले दिनों ही मुख्यमंत्री ने यह भी कहा था कि दिल्ली की चुनी हुई सरकार को कोई काम नहीं करने दिया जा रहा है। एनसीसीएसए के माध्यम से केंद्र सरकार ऐसा दिखाना चाहती है कि सरकार महत्वपूर्ण निर्णय पारस्परिक रूप से लेती है। लेकिन हकीकत में ऐसा नहीं है। इससे पहले एनसीसीएसए की पहली बैठक 20 जून को हुई थी।
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