बीजेपी में चल रही गुटबाजी से भड़के अमित शाह, मनोज तिवारी और विजय गोयल को लगाई फटकार
आलाकमान की फटकार के बाद मनोज तिवारी एवं विजय गोयल ने समझौता किया
प्रदेश भाजपा के नेताओं में टकराव आलाकमान को नागवार गुजारा
आलाकमान की फटकार के बाद मनोज तिवारी एवं विजय गोयल ने समझौता किया
विनोद डबास
नई दिल्ली, 22 मई
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दिल्ली प्रदेश भाजपा के नेताओं में टकराव होने पर भाजपा आलाकमान ने कड़ी नाराजगी जताई है। आलाकमान ने गुटबाजी में लिप्त प्रदेश नेताओं को कड़ी फटकार लगाई है। इतना ही नहीं, आलाकमान ने आपस में भिड़ रहे प्रदेश अध्यक्ष मनोज तिवारी और केंद्रीय मंत्री विजय गोयल को साथ बैठकर मतभेद दूर करने का फरमान दिया।
आलाकमान के कड़े रूख के चलते इन दोनों नेताओं ने आपसी टकराव दूर करने में कोई देरी नहीं की। प्रदेश अध्यक्ष मनोज तिवारी और केंद्रीय मंत्री विजय गोयल के बीच विभिन्न मसलों को लेकर पिछले एक माह से टकराव चल रहा था।
इतना ही नहीं, उनके बीच प्रदेश के नेताओं को लेकर शक्ति प्रदर्शन भी आरंभ हो गया था। मनोज तिवारी ने विजय गोयल के खेमे में जाने वाले नेताओं के पर भी कतरने की ठान ली थी। इसी बीच उनके बीच शुरू हुए टकराव का मामला आलाकमान में पहुंच गया।
सूत्रों के अनुसार आलाकमान ने मनोज तिवारी और विजय गोयल को अलग-अलग बुलाकर उनकी बात सुनी। इसके अलावा उनको फटकार भी लगाई। आलाकमान ने दोनों नेताओं को कहा कि छोटी-छोटी बातों पर झगड़ा करना सही नहीं है।
वह जल्द से जल्द आपस में बैठकर अपने मतभेद दूर कर ले। वह एक-दूसरे के पास जाने वाले नेताओं का प्रताड़ित नहीं करेंगे। सूत्रों के मुताबिक मनोज तिवारी समझौता करने के लिए सोमवार की दोपहर विजय गोयल के घर गए। उन्होंने करीब एक घंटे तक बातचीत की।
पार्षदों को पूरा सम्मान दिया जाएगा
इस दौरान उन्होंने एक-दूसरे का साथ देने का वायदा किया। इसके अलावा मनोज तिवारी ने कहा कि नगर निगम में उनके करीबी पार्षदों को पूरा सम्मान दिया जाएगा। उनको पहले तय किए पद दिए जाएंगे।
विजय गोयल से झगड़ा होने के बाद मनोज तिवारी ने तीनों नगर निगम के सदन के नेता तय करने का मामला लटका दिया था। इन पदों के लिए पहले तय किए पार्षदों के बजाए अन्य पार्षदों के नामों पर विचार आरंभ कर दिया गया था।
उधर, मनोज तिवारी ने सोमवार को विजय गोयल के घर पर जाने की बात स्वीकार की। उन्होंने कहा कि वह प्रदेश अध्यक्ष है और वह पार्टी नेताओं के घरों पर जाते रहते है। हालांकि वह विजय गोयल के साथ टकराव एवं आलाकमान की फटकार के मामले में चुप्पी साध गए।