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Delhi NCR News: अब एआई से तय होगा किसे मिलेगी योजना, एकस्टेप फाउंडेशन के साथ हुआ एमओयू

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Tue, 25 Aug 2026 08:55 PM IST
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-मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में एडमिनिस्ट्रेटिव डाटा को एआई-रेडी बनाने पर उच्चस्तरीय वर्कशॉप में डाटा धारा टूलकिट और विजन पेपर लॉन्च
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अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। दिल्ली सरकार ने अपने प्रशासनिक डाटा को एआई-रेडी बनाने के लिए पहल शुरू की है। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता की अध्यक्षता में एडमिनिस्ट्रेटिव डाटा को एआई-रेडी बनाने पर उच्चस्तरीय वर्कशॉप हुई, जिसमें योजना विभाग और एकस्टेप फाउंडेशन के बीच एमओयू पर हस्ताक्षर किए गए।

इस मौके पर डाटा धारा टूलकिट और विजन पेपर भी लॉन्च किया गया। डाटा धारा (डाटा हारनेस्ड फॉर एआई-रेडी एडवांसमेंट्स) एक ओपन-सोर्स, डिजिटल पब्लिक इंफ्रास्ट्रक्चर आधारित पद्धति है। इसे ओपन, प्लगएबल, इंटर ऑपरेबल और क्लाउड बेस्ड टूलकिट के रूप में बनाया गया है, जिसे जरूरत पर ऑन-प्रिमाइसेस भी चलाया जा सकेगा।
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तकनीकी सत्र में उदाहरण के रूप में कई योजनाओं के केस पर चर्चा हुई। जैसे सिविल रजिस्ट्रेशन डाटा को पीएमजेजेबीवाई और पीएमएसबीवाई से जोड़ने पर चर्चा की गई। अपनी भाषा में सेवा के लिए वॉयस एआई, निवेशकों को इंसेंटिव की जानकारी आसान करना, मातृ वंदना और दिल्ली लखपति बिटिया योजना में पात्र लाभार्थियों की पहचान पर चर्चा की गई। साथ ही एनरोलमेंट गैप कम करना और कंस्ट्रक्शन वर्कर्स तक योजनाओं का लाभ पहुंचाने जैसे योजनाओं पर भी बात की गई।
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एकस्टेप फाउंडेशन दिल्ली सरकार के लिए नॉलेज पार्टनर के रूप में ओपन फ्रेमवर्क और विशेषज्ञता साझा करेगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि सफलता इस बात से नहीं कि कितने डाटाबेस जुड़े, बल्कि इससे कि आम नागरिक की जिंदगी कितनी आसान हुई। वर्कशॉप में सभी प्रशासनिक सचिव, विभागाध्यक्ष और सांख्यिकी मंत्रालय के सचिव सौरभ गर्ग, मुख्य सचिव राजीव वर्मा और एकस्टेप के सह-संस्थापक शंकर मारुवाड़ा मौजूद रहे।

बिखरा हुआ इंटरकनेक्टेड होने से मिलेगा लाभ
मुख्यमंत्री ने कहा कि अलग-अलग विभागों के पास नागरिकों, लाभार्थियों, वर्कर्स, छात्रों, स्वास्थ्य, शिक्षा और योजनाओं का बड़ा डाटा है, लेकिन वह बिखरा हुआ है। नागरिकों के लिए सरकार एक है, इसलिए डाटा सिस्टम भी इंटरकनेक्टेड होने चाहिए। जहां कानून इजाजत दे, वहां विभागों के बीच डाटा सुरक्षित तरीके से साझा हो ताकि नागरिक को हर बार एक ही जानकारी न देनी पड़े।
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