AI Summit Controversy: एआई समिट में बवाल के खिलाफ सड़क पर उतरी भाजपा, चारों आरोपियों को 5 दिन की पुलिस रिमांड
दिल्ली में भाजपा युवा मोर्चा के कार्यकर्ता इंडिया आई इम्पैक्ट समिट में इंडियन यूथ कांग्रेस के विरोध प्रदर्शन को लेकर कांग्रेस के खिलाफ विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं। उधर, भारत मंडपम में प्रदर्शन करने वाले युवा कांग्रेस के सदस्यों को पुलिस ने शनिवार को पटियाला हाउस कोर्ट में पेश किया। दिल्ली पुलिस ने आरोपियों की पांच दिन की कस्टडी मांगी।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
इंडियन यूथ कांग्रेस के एआई समिट में हंगामा करने के विरोध में भाजपा ने मोर्चा खोल दिया। भाजपा आज सड़क पर उतर आई। दिल्ली में कांग्रेस मुख्यालय के बाहर भाजपा युवा मोर्चा के कार्यकर्ता विरोध कर रहे हैं। इंडिया एआई इंपैक्ट समिट में शुक्रवार यूथ कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने विरोध प्रदर्शन किया था। इस मामले में पुलिस ने चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है, उन्हें पटियाला हाउस कोर्ट लाया गया। दिल्ली पुलिस ने सभी आरोपियों की पांच दिन की कस्टडी मांगी। जबकि बचाव पक्ष ने इसका कड़ा विरोध करते हुए जमानत याचिका दाखिल की। कोर्ट ने इस मामले में पुलिस को आरोपियों की पांच दिन की कस्टडी दे दी है। गिरफ्तार किए गए लोगों की पहचान कृष्ण हरि, कुंदन यादव, अजय कुमार और नरसिम्हा यादव के तौर पर हुई है।
Indian Youth Congress AI Summit Protest Case: Patiala House Court sends all four arrested accused to police custody for five days.
विज्ञापन
Bail applications of all four accused have been rejected. https://t.co/1DXzWBPMyt pic.twitter.com/W187chx7oU— ANI (@ANI) February 21, 2026
दिल्ली पुलिस ने आरोपियों की पांच दिन की कस्टडी मांगी थी। पुलिस ने कहा कि अंतरराष्ट्रीय नेताओं और जानी-मानी हस्तियों की मौजूदगी में देश विरोधी नारे लगाए गए। भागे हुए दूसरे आरोपियों को पकड़ने के लिए उनकी कस्टडी जरूरी है। पुलिस ने कहा कि तीन पुलिसवाले घायल हुए हैं और उनके (आरोपियों) मोबाइल फोन रिकवर करने हैं ताकि यह वेरिफाई किया जा सके कि उन्हें फंडिंग मिली थी या नहीं। वहीं, कोर्ट ने जांच अधिकारी से पूछा कि पांच दिन की कस्टडी क्यों चाहिए। जांच अधिकारी ने कहा कि गहरी साजिश है, दूसरे आरोपी मौके से भाग गए, और सही जांच के लिए कस्टडी चाहिए।
आरोपियों के वकील ने कहा कि प्रदर्शनकारी एक राजनीतिक पार्टी से जुड़े हैं। उन्होंने भारत मंडपम में प्रोटेस्ट किया। इसके लिए उन्होंने कोई कानून नहीं तोड़ा बल्कि प्रोटेस्ट करने के अपने अधिकार का इस्तेमाल किया। विरोध प्रदर्शन शांतिपूर्ण था। किसी भी वीडियो में कोई हिंसा नहीं दिखी। कील ने यह भी कहा कि वे पढ़े-लिखे लोग हैं और उनके पास डिग्री है।
उधर, कांग्रेस के खिलाफ प्रदर्शन के दौरान दिल्ली भाजपा अध्यक्ष वीरेंद्र सचदेवा ने कहा, 'इस घटना से स्पष्ट है कि राहुल गांधी इस स्तर तक गिर गए हैं कि वे प्रधानमंत्री का विरोध करते-करते देश का विरोध करने लगे हैं। यह एआई समिट किसी पार्टी का कार्यक्रम नहीं राष्ट्र का कार्यक्रम था, इसमें पूरे विश्व के प्रतिनिधि आए थे। इसमें आप क्या दिखाना चाह रहे थे? यह राष्ट्र की साख को भट्टा लगाना था, हम इसका विरोध करते हैं।'
वहीं, भाजपा सांसद मनोज तिवारी ने कहा, 'कांग्रेस ने ऐसा देश विरोधी कृत्य किया है, जिसकी भारत की जनता के मन में कोई माफी नहीं होगी। यह किराए के गुंडों से एआई इंपैक्ट समिट जो आज भारत का गौरव बना हुआ है, उसे बदनाम करने की कोशिश एक गद्दारी, देशद्रोह है और देश की जनता इसका जवाब देगी।'
एआई समिट में यूथ कांग्रेस का हंगामा, टी-शर्ट उतारकर नारेबारी
भारत मंडपम में चल रही इंडिया एआई इंपैक्ट समिट में शुक्रवार यूथ कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने विरोध प्रदर्शन किया। इससे आयोजन स्थल पर अफरातफरी का माहौल पैदा हो गया। हंगामा जिस वक्त खड़ा हुआ, उस वक्त भारत मंडपम में विदेशी प्रतिनिधिमंडल भी मौजूद था। यूथ कांग्रेस कार्यकर्ता अपने अपने कपड़े उतारकर पीएम इज कंप्रोमाइज के नारे लगा रहे थे। आनन-फानन में पहुंची पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को मौके से हटाया। बेहद सुरक्षित इलाके में हंगामा खड़ा करने पर पुलिस ने मामला दर्ज कर चार प्रदर्शनकारियों को गिरफ्तार कर लिया। वहीं, दूसरों की पहचान की जा रही है।
शुक्रवार दोपहर बाद करीब 12:30 बजे यूथ कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने क्यूआर कोड से एआई समिट में प्रवेश किया। वह हॉल नंबर-5 के लॉबी एरिया में पहुंचे। इसे बाद स्वेटर व जैकेट उतारकर वह प्रदर्शन करने लगे। उनकी टी शर्ट पर प्रधानमंत्री मोदी और अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की तस्वीरें छपी थीं, जिस पर इंडिया यूएस ट्रेड डील, एपस्टीन फाइल्स और पीएम इज कम्प्रोमाइज्ड जैसे नारे लिखे थे। प्रदर्शनकारी प्रधानमंत्री के खिलाफ नारेबाजी भी कर रहे थे।
अचानक शुरू हुए हंगामे आयोजन स्थल पर हडकंप मच गया। सुरक्षा एजेसियों को हाथ-पांव फूल गए। सरकारी अधिकारियों, इंडस्ट्री के नेताओं और विदेशी डेलीगेट्स की भागीदारी वाले इस हाई-प्रोफाइल इंटरनेशनल इवेंट में इस तरह के प्रदर्शन से रोकने के लिए प्रदर्शनकारियों को तुरंत हिरासत में लिया गया और जगह से दूर ले जाया गया। पुलिस ने मामला दर्ज कर यूथ कांग्रेस के चार कार्यकर्ताओं को गिरफ्तार किया गया।