फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi ›   Delhi NCR News ›   AAP mla seeking to increase salaries

AAP विधायकों का नहीं चल रहा खर्च, मांगा और वेतन

Sat, 04 Jul 2015 09:22 AM IST
Updated Sat, 04 Jul 2015 09:22 AM IST
विज्ञापन
AAP mla seeking to increase salaries

आम आदमी पार्टी के विधायकों ने वेतन बढ़ाने की मांग सरकार के सामने रख दी है। विधायकों का तर्क है कि इलाके में ऑफिस खोलने, शादी-जन्म दिन अटेंड करने में पैसे खर्च होते हैं।

विज्ञापन


दिल्ली के एमएलए का मूल वेतन 12 हजार समेत यात्रा, टेलीफोन खर्च, बिजली-पानी बिल, दो डाटा एंट्री ऑपरेटर, सचिवालय खर्च मिलाकर 88 हजार रुपये मिलते हैं। जबकि विधानसभा में ऑफिस खोलना पड़ता है तो ऑफिस लेने और उसमें कर्मी रखने पर भी राशि खर्च होती है।
विज्ञापन


दिल्ली सरकार के अधिकारी स्वीकारते हैं कि करीब डेढ़ दर्जन विधायकों ने यह मांग अलग-अलग स्तर पर की है। विधायकों का वेतन पिछली बार 4 नवंबर, 2011 को बढ़ा था। उससे पूर्व 9 फरवरी, 2007 को वेतन-भत्ते बढ़ाए गए थे। ऐसे में सीएमओ के वरिष्ठ अधिकारी कह रहे हैं कि कार्यालय के लिए खर्च जैसे कुछ जरूरी मांग पूरी हो सकी है।
विज्ञापन
विज्ञापन


विधायक नितिन त्यागी, सौरभ भारद्वाज ने कहा है कि खर्च की तुलना में वेतन कम है। ऑफिस खोलने, उसमें कर्मी रखने के लिए राशि चाहिए। दिनभर मिलने वाले आते हैं तो चाय-पानी खर्च के अलावा शादी-पार्टी में जाने पर भी खर्च होता है।

माकन बोले वीआईपी कल्चर की आदत हो गई है इन्हें

AAP mla seeking to increase salaries

हम ईमानदारी से काम करने वाले लोग हैं, इसलिए वेतनमान में इजाफा होना चाहिए। सूत्र बताते हैं कि पिछले ट्रेंड को देखते हुए जल्द वेतन बढ़ाने का फैसला लिया जा सकता है। इस बार विधायकों का वेतन एक लाख रुपये से ऊपर जाने की उम्मीद है।


वहीं अजय माकन का कहना है कि आप के नेता व एमएलए आम आदमी की तरफ न रहना चाहते हैं और दिखना चाहते हैं। ये वो पार्टी है वीआईपी कल्चर के खिलाफ चुनाव जीतकर आए हैं। सुपर एमएलए बनाने के लिए 21 विधायकों को संसदीय सचिव बनाकर कार्यालय व वाहन की सुविधाएं दी। अब महज चार महीने में वेतन बढ़ाने की मांग करने लगे।

वहीं बीजेपी विधायक कहते हैं कि देखिए आम आदमी पार्टी के ये नेता जब चुनाव लड़ रहे थे तब आम आदमी की बात करते थे। इन्हें नहीं पता था कि कितना वेतन मिलता है और क्या काम करना होता है। विधायक बनना समाज सेवा का काम है, इसे मजदूरी से नहीं जोड़ना चाहिए। वेतन बढ़ाने की मांग गलत कर रहे हैं।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed