34वां अंतरराष्ट्रीय आहार मेला: प्रगति मैदान में दर्शकों ने देसी-विदेशी व्यंजनों का चखा स्वाद
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देश-विदेश के व्यंजनों से लबरेज अंतरराष्ट्रीय आहार मेले का आगाज मंगलवार से हो गया। पांच दिन तक चलने वाले इस मेले में 20 देशों की खाद्य पदार्थ और प्रसंस्करण कंपनियां अपने उत्पादों के साथ पहुंची हैं। मेले के पहले दिन दर्शकों की भीड़ पहुंची। व्यंजन चाहें इटेलियन हों या चाइनीज, इस मेले में दर्शकों को सभी प्रकार की विश्वस्तरीय खानपान परंपराओं से रूबरू होने का मौका मिलेगा।
आईटीपीओ द्वारा आयोजित 34वें आहार मेले में चीन, जापान, डेनमार्क, जर्मनी, हांगकांग, इटली, इंडोनेशिया, इस्राइल, मलयेशिया, पेरू, रूस, सिंगापुर, स्पेन, तुर्की, यूएसए, यूके. यूक्रेन और यूएई की खाद्य एवं आतिथ्य कंपनियां विभिन्न प्रकार के खाद्य पदार्थ उत्पादों के साथ पहुंचीं। दर्शकों के लिए प्रगति मैदान के हॉल नंबर 7, 8, 9, 10, 11, 12 और 12ए में कंपनियों के स्टॉल लगाए गए हैं। इन स्टॉल्स पर कंपनियां अपनी नई खोज से तैयार उत्पादों को दर्शकों को चखवा रही हैं और लोगों को अपनी संस्कृति से रूबरू करवा रही हैं।
केक और फलों पर बनाईं अभिनंदन की आकृतियां
अंतरराष्ट्रीय आहार मेले में शेफ ने अनोखे अंदाज में भारतीय सुपूत अभिनंदन का अभिनंदन किया। बेहतर कलाकारी और खाद्य पदार्थों के सटीक उपयोग से तैयार की गईं अभिनंदन की आकृतियों ने दर्शकों में एक बार फिर अभिनंदन के पराक्रम के किस्से को ताजा कर दिया। मेले में क्यूलिनेरी आर्ट इंडिया प्रतियोगिता में शेफ ने केक व फलों पर नक्काशी से अभिनंदन के शौर्य को सलाम किया।
क्यूलिनेरी आर्ट इंडिया प्रतियोगिता के पहले दिन 45 शेफ ने तीन श्रेणियों इंडियन रीजनल व्यंजन, लाइव कुकिंग और वेजिटेबल व फ्रूट कार्विंग (नक्काशी) में भागीदारी की। इस बीच दिल्ली के खानसामा जितेन्द्र ने तरबूज पर नक्काशी के जरिये विंग कमांडर अभिनंदन की तस्वीर बनाकर बेहतरीन प्रदर्शन का परिचय दिया। खानसामा जितेन्द्र ने बताया कि देश के प्रति देशभक्ति का कोई समय नहीं होता। जब आपका मन करे आपने अपनी देशभक्ति व्यक्त कर सकते हैं। उन्होंने कहा कि मेरे मन में भारतीय वीर सुपूत अभिनंदन के शौर्य को नए तरीके से पेश करने का ख्याल आया और तरबूज पर अभिनंदन के चेहरे और पाकिस्तान की पूरी घटना को दर्शाने की कोशिश की। वहीं हॉल नंबर-12 में खानसामा पूरन वी. राय ने शुगर पेस्ट के केक पर अभिनंदन की आकृति बनाई है। उन्होंने आतंकी का शव और फाइटर प्लेन भी बनाए हैं। उन्होंने बताया कि अभिनंदन के देश लौटने से वह बेहद खुश हैं और उन्होंने अभिनंदन के सम्मान में यह आकृति बनाई।
मेले के पहले दिन काफी संख्या में दर्शक प्रगति मैदान पहुंचे। मेले में विदेशी कंपनियों के साथ भारत के विभिन्न राज्यों की 560 कंपनियां भी अपने उत्पादों का प्रदर्शन कर रही हैं। यहां छोटे हुनरमंद उत्पादकों से लेकर बड़े हुनरमंद उत्पादक शामिल हुए हैं। विदेशी कंपनियों के उत्पाद कैटरबरी, स्वीट पटेटो चिप्स, चॉकोस्टिक, चॉकलेट्स, बर्गर, केक, पास्ता, पिज्जा, विभिन्न प्रकार के जूस और अन्य पेय पदार्थ लोगों के आकर्षण का केंद्र बनते दिखाई दिए। दिल्ली निवासी प्रेरणा शर्मा ने बताया कि उन्हें यहां पर काफी कुछ बेहतर दिखा। उन्हें यहां भारतीय पारंपरिक व्यंजनों के साथ विदेशों की विभिन्न संस्कृतियों के व्यंजन भी नए और अलग अंदाज में चखने को मिले।