डाक विभाग ने शुरू की अनोखी मुहिम, देश के नाम खत लिखें और पाएं हजारों का इनाम
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इंटरनेट के दौर में पत्र लेखन समेत तमाम डाक सेवाएं करीब बंद होती जा रही हैं। एक तरह से लोगों ने पत्र लिखना लगभग बंद कर दिया है। डाक विभाग ने लोगों में पत्र लेखन की आदत डालने और इसे बढ़ावा देने के उद्देश्य से पूरे देश में ‘ढाई आखर’ नाम से पत्र लेखन प्रतियोगिता शुरू की है।
यह प्रतियोगिता रवींद्रनाथ ठाकुर द्वारा रचित ‘आमार देशेर माटी’ से प्रेरित ‘मेरे देश के नाम खत’ विषय पर होगी। दो वर्गों में आयोजित प्रतियोगिता के विजेताओं को नकद पुरस्कार दिया जाएगा।
सहायक डाक अधीक्षक आरके बिनवाल ने बताया डाक सेवाओं की ओर लोगों का रुझान बढ़ाने के लिए विभाग ने राष्ट्रीय और प्रांतीय स्तर पर जूनियर और सीनियर वर्ग में पत्र लेखन प्रतियोगिता आयोजित की है।
ये मिलेगा पुरस्कार
15 जून से शुरू हुई यह प्रतियोगिता 30 सितंबर 2018 तक होगी। प्रतियोगिता के तहत मेरे देश के नाम खत लिखकर अंतर्देशीय या लिफाफे में डाक विभाग के चीफ पोस्ट मास्टर जनरल उत्तराखंड के नाम डाक से भेजा जाना है। उन्होंने बताया कि जूनियर वर्ग में 18 वर्ष तक और सीनियर वर्ग में 18 वर्ष के ऊपर का कोई भी व्यक्ति प्रतियोगिता में भाग ले सकता है।
राष्ट्रीय और प्रांतीय स्तर पर दोनों वर्गों के प्रथम, द्वितीय और तृतीय विजेताओं को नकद पुरस्कार दिया जाएगा। प्रतियोगिता के तहत आने वाले पत्रों के लिए पोस्टआफिस में स्पेशल लेटर बाक्स लगाए जा रहे हैं। पत्र प्रधान डाकघर में भी स्वीकार किए जाएंगे।
ये मिलेगा पुरस्कार
राष्ट्रीय स्तर पर प्रथम विजेता को 50 हजार, द्वितीय को 25 और तृतीय को 10 और प्रांतीय स्तर पर प्रथम को 25, द्वितीय को 15 और तृतीय विजेता को 10 हजार रुपये पुरस्कार दिया जाएगा।