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बच्ची से छेड़छाड़ के दोषी को तीन साल की सजा
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प्रतीकात्मक तस्वीर
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देहरादून। घर में घुसकर छह साल की बच्ची से छेड़छाड़ करने के आरोपी को न्यायालय ने दोषी करार देते हुए तीन साल की सजा सुनाई है। विशेष न्यायाधीश पॉक्सो रमा पांडेय की अदालत ने दोषी पर पांच हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है।
शासकीय अधिवक्ता भरत सिंह नेगी ने बताया कि नौ अगस्त 2017 को एक महिला ने विकासनगर कोतवाली में मुकदमा दर्ज कराया था। घटनाक्रम के अनुसार महिला आठ अगस्त की रात में किसी काम से घर के बाहर गई हुई थी। इसी दौरान उनके घर में वीर बहादुर निवासी डाकपत्थर घुस आया। उसने वहां महिला की छह साल की बेटी से छेड़छाड़ की। इस पर जब महिला ने विरोध किया तो वहा उन्हें भी धमकाते हुए भाग निकला। इस पर विकासनगर कोतवाली में आरोपी के खिलाफ घर में घुसने और 8 पॉक्सो अधिनियम (नाबालिग से छेड़छाड़) के आरोप में मुकदमा दर्ज किया गया। इसके बाद पुलिस ने बच्ची का मेडिकल परीक्षण कराया और मजिस्ट्रेटी बयान दर्ज कराए। जिनमें बच्ची ने आरोपी पर लगे आरोपों को दोहराया। नियत समय पर पुलिस ने चार्जशीट दाखिल की। इसके बाद मुकदमे के ट्रायल के दौरान अभियोजन की ओर से कुल सात गवाह पेश किए गए। इन गवाहों और दस्तावेजी साक्ष्यों को देखते हुए अदालत ने वीर बहादुर को दोषी पाया गया। वीर बहादुर को घर में घुसने के दोष में दो साल की सजा और छेड़छाड़ के दोष में तीन साल की सजा सुनाई गई है।
शासकीय अधिवक्ता भरत सिंह नेगी ने बताया कि नौ अगस्त 2017 को एक महिला ने विकासनगर कोतवाली में मुकदमा दर्ज कराया था। घटनाक्रम के अनुसार महिला आठ अगस्त की रात में किसी काम से घर के बाहर गई हुई थी। इसी दौरान उनके घर में वीर बहादुर निवासी डाकपत्थर घुस आया। उसने वहां महिला की छह साल की बेटी से छेड़छाड़ की। इस पर जब महिला ने विरोध किया तो वहा उन्हें भी धमकाते हुए भाग निकला। इस पर विकासनगर कोतवाली में आरोपी के खिलाफ घर में घुसने और 8 पॉक्सो अधिनियम (नाबालिग से छेड़छाड़) के आरोप में मुकदमा दर्ज किया गया। इसके बाद पुलिस ने बच्ची का मेडिकल परीक्षण कराया और मजिस्ट्रेटी बयान दर्ज कराए। जिनमें बच्ची ने आरोपी पर लगे आरोपों को दोहराया। नियत समय पर पुलिस ने चार्जशीट दाखिल की। इसके बाद मुकदमे के ट्रायल के दौरान अभियोजन की ओर से कुल सात गवाह पेश किए गए। इन गवाहों और दस्तावेजी साक्ष्यों को देखते हुए अदालत ने वीर बहादुर को दोषी पाया गया। वीर बहादुर को घर में घुसने के दोष में दो साल की सजा और छेड़छाड़ के दोष में तीन साल की सजा सुनाई गई है।
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