पहाड़ की शांत वादियों में तेजी से बढ़ रहा अपराध, तीन साल में 3867 महिलाओं को दरिंदे बना चुके शिकार
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पहाड़ की शांत वादियों में महिलाओं से जुड़े अपराधों का ग्राफ तेजी से बढ़ा है। गढ़वाल मंडल के आंकड़ों पर नजर डालें तो विगत तीन वर्षों में महिला अपराधों से जुड़ी 3867 घटनाएं सामने आई है। इनमें हत्या, बलात्कार, दहेज हत्या, एसिड अटैक जैसी घटनाएं मुख्य हैं। हालांकि इनमें तीन हजार से ज्यादा घटनाएं देहरादून और हरिद्वार जिले की हैं।
पुलिस रिकार्ड के मुताबिक गढ़वाल मंडल में वर्ष 2016 से नवंबर 2018 तक महिला अपराधों से जुड़ी 3867 घटनाएं सामने आई हैं, इनमें वर्ष 2016 में 1057, 2017 में 1207 और इस वर्ष नवंबर तक 1603 घटनाएं हुई है।
आंकड़े साफ कर रहे हैं कि महिला अपराधों से जुड़ी घटनाएं लगातार बढ़ रही हैं। इनमें हत्या की 83, बलात्कार की 676, दहेज हत्या की 97 और एसिड अटैक की एक घटना शामिल है। साथ ही फिरौती अपहरण, शारीरिक शोषण, छेड़खानी सहित अनेक घटनाएं भी हुई हैं।
पांच जिलों में 607 घटनाएं
गढ़वाल मंडल के पांच पर्वतीय जनपदों में महिला उत्पीड़न से जुड़ी 607 घटनाएं हुई हैं, जिनमें चमोली, रुद्रप्रयाग, टिहरी, उत्तरकाशी व पौड़ी जनपद शामिल हैं।
पौड़ी जनपद में हुई 251 घटनाएं
पौड़ी। जनपद पौड़ी में विगत तीन वर्षों में महिला अपराधों की 251 घटनाएं सामने आई है। 2016 से 15 दिसंबर 2018 तक की हत्या की पांच, बलात्कार की 26, दहेज हत्या की 3, शारीरिक शोषण की 13, अपहरण की 40 घटनाएं हुई हैं।
महिला उत्पीड़न से जुड़े मामलों में पुलिस हमेशा से तेजी के साथ कार्रवाई अमल में लाती है। पहाड़ के लोगों की मैदान और मैदान के लोगों की पहाड़ में दस्तक अपराधों को बढ़ावा दे रही है।
-अजय रौतेला, डीआईजी गढ़वाल मंडल।