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ग्राम पंचायतों को जारी की जाए धनराशि
Updated Tue, 13 Mar 2018 02:04 AM IST
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ब्यूरो/अमर उजाला, देहरादून
ग्रामप्रधान संगठन रायपुर के सदस्यों ने सोमवार को जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपकर राज्य वित्त और 14वें वित्त के अंतर्गत धनराशि जारी करने की मांग की। इसके अलावा उन्होंने प्रधानों के मानदेय में बढ़ोतरी की बात भी रखी।
रायपुर खंड के ग्रामप्रधान संगठन के पदाधिकारी, अध्यक्ष घनश्याम पाल के नेतृत्व में जिलाधिकारी कार्यालय पहुंचे। यहां उन्होंने जिलाधिकारी एसए मुरुगेशन को ज्ञापन सौंपा। उन्होंने कहा कि नगर निगम के सीमा विस्तार के चलते 72 गांवों को निगम में शामिल किया गया था। इस वजह से ग्राम पंचायतों के विकास कार्य ठप पड़ गए। बीते नौ मार्च को हाईकोर्ट ने सीमा विस्तार के शासनादेश को खारिज कर दिया। इससे सभी ग्राम पंचायतें फिर से अस्तित्व में आ गई हैं। उन्होंने राज्य वित्त और 14वें वित्त के अंतर्गत धनराशि जारी करनी की मांग की। महामंत्री अभिषेक पंत ने कहा कि ग्राम प्रधानों का मानदेय 750 रुपये है, जिसे बढ़ाकर पांच हजार किया जाए। इसके साथ ही पंचायतीराज एक्ट को भी लागू किया जाए। इस मौके पर भगवान सिंह बिष्ट, धनीमाला, अशोक सोलंकी, अजय चौहान, पूजा नेगी, करुणा सिंह, राजेश कुमार आदि मौजूद रहे।
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ग्रामप्रधान संगठन रायपुर के सदस्यों ने सोमवार को जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपकर राज्य वित्त और 14वें वित्त के अंतर्गत धनराशि जारी करने की मांग की। इसके अलावा उन्होंने प्रधानों के मानदेय में बढ़ोतरी की बात भी रखी।
रायपुर खंड के ग्रामप्रधान संगठन के पदाधिकारी, अध्यक्ष घनश्याम पाल के नेतृत्व में जिलाधिकारी कार्यालय पहुंचे। यहां उन्होंने जिलाधिकारी एसए मुरुगेशन को ज्ञापन सौंपा। उन्होंने कहा कि नगर निगम के सीमा विस्तार के चलते 72 गांवों को निगम में शामिल किया गया था। इस वजह से ग्राम पंचायतों के विकास कार्य ठप पड़ गए। बीते नौ मार्च को हाईकोर्ट ने सीमा विस्तार के शासनादेश को खारिज कर दिया। इससे सभी ग्राम पंचायतें फिर से अस्तित्व में आ गई हैं। उन्होंने राज्य वित्त और 14वें वित्त के अंतर्गत धनराशि जारी करनी की मांग की। महामंत्री अभिषेक पंत ने कहा कि ग्राम प्रधानों का मानदेय 750 रुपये है, जिसे बढ़ाकर पांच हजार किया जाए। इसके साथ ही पंचायतीराज एक्ट को भी लागू किया जाए। इस मौके पर भगवान सिंह बिष्ट, धनीमाला, अशोक सोलंकी, अजय चौहान, पूजा नेगी, करुणा सिंह, राजेश कुमार आदि मौजूद रहे।
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