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केंद्र सरकार के खिलाफ ट्रक ऑपरेटर्स का प्रदर्शन
Updated Wed, 25 Jul 2018 02:12 AM IST
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ब्यूरो/अमर उजाला, देहरादून
आल इंडिया मोटर ट्रांसपोर्ट कांग्रेस और उत्तराखंड परिवहन महासंघ के आह्वान पर मंगलवार को पांचवें दिन भी देहरादून ट्रक ऑपरेटर्स एसोसिएशन हड़ताल पर रहे। ट्रांसपोर्ट नगर में ट्रक खड़े रहे, वहीं ट्रक ऑपरेटर्स ने केंद्र सरकार के खिलाफ प्रदर्शन कर आक्रोश जताया। साथ ही कहा कि हड़ताल से होने वाली समस्याओं के लिए केंद्र सरकार जिम्मेदार है। हड़ताल के चलते पूरे प्रदेश में करीब 75 करोड़ रुपये का कारोबार प्रभावित रहा।
मंगलवार सुबह ट्रक ऑपरेटर्स ने ट्रांसपोर्ट नगर में एकत्र होकर केंद्र सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। उत्तराखंड परिवहन महासंघ के प्रदेश अध्यक्ष दलजीत सिंह मान ने कहा कि अभी तक केंद्र सरकार ने ट्रक ऑपरेटर्स की कोई भी मांग पूरी नहीं की है। हड़ताल के चलते पूरे प्रदेश में करीब 75 करोड़ रुपये का कारोबार प्रभावित रहा। दून कैरीइंग के दीपक अग्रवाल ने कहा कि हड़ताल के चलते सभी किस्म के माल का ढुलान बंद है। किराना व्यापारियों, इंडस्ट्रीज, सिडकुल, सेलाकुई, रुद्रपुर आदि जगहों पर माल की सप्लाई नहीं हो पा रही है। इस मौके पर एसोसिएशन के महामंत्री अशोक ग्रोवर, संगठन के प्रधान हरभजन सिंह मान, वरिष्ठ प्रधान गुलजार सिंह, उप प्रधान गुरबख्श सिंह, उप सचिव नवनीत ओबराय, कोषाध्यक्ष राजकुमार नागपाल, उप कोषाध्यक्ष दलबीर सिंह कलेर, वरिष्ठ मंत्री अजय कथूरिया, संगठन मंत्री दिलावर सिंह आदि मौजूद रहे।
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27 से पेट्रोल पंप एसोसिएशन भी होगा शामिल
पेट्रोल पंप एसोसिएशन के अध्यक्ष अमरकांत सेठी ने भी ट्रांसपोर्ट नगर पहुंचकर ट्रक ऑपरेटर्स को समर्थन दिया। कहा कि आगामी 27 जुलाई से पेट्रोल पंप एसोसिएशन भी उनकी हड़ताल में शामिल होगा।
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यह हैं ट्रक ऑपरेटर्स की मांगें
- देश में सभी टोल बैरियर समाप्त किए जाएं।
- ट्रांसपोर्ट व्यवसाय पर टीडीएस समाप्त हो।
- बसों और पर्यटक वाहनों के लिए नेशनल परमिट जारी किया जाए।
- रोड सेफ्टी बिल में संशोधन किया जाए।
- डायरेक्ट पोर्ट डिलीवरी (डीपीडी) को खत्म किया जाए।
- तृतीय पक्ष बीमा प्रीमियम निर्धारण में पारदर्शिता के साथ ही जीएसटी में छूट।
- डीजल की कीमतें कम होने के साथ ही राष्ट्रीय स्तर पर समान मूल्य निर्धारित किया जाए।
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आल इंडिया मोटर ट्रांसपोर्ट कांग्रेस और उत्तराखंड परिवहन महासंघ के आह्वान पर मंगलवार को पांचवें दिन भी देहरादून ट्रक ऑपरेटर्स एसोसिएशन हड़ताल पर रहे। ट्रांसपोर्ट नगर में ट्रक खड़े रहे, वहीं ट्रक ऑपरेटर्स ने केंद्र सरकार के खिलाफ प्रदर्शन कर आक्रोश जताया। साथ ही कहा कि हड़ताल से होने वाली समस्याओं के लिए केंद्र सरकार जिम्मेदार है। हड़ताल के चलते पूरे प्रदेश में करीब 75 करोड़ रुपये का कारोबार प्रभावित रहा।
मंगलवार सुबह ट्रक ऑपरेटर्स ने ट्रांसपोर्ट नगर में एकत्र होकर केंद्र सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। उत्तराखंड परिवहन महासंघ के प्रदेश अध्यक्ष दलजीत सिंह मान ने कहा कि अभी तक केंद्र सरकार ने ट्रक ऑपरेटर्स की कोई भी मांग पूरी नहीं की है। हड़ताल के चलते पूरे प्रदेश में करीब 75 करोड़ रुपये का कारोबार प्रभावित रहा। दून कैरीइंग के दीपक अग्रवाल ने कहा कि हड़ताल के चलते सभी किस्म के माल का ढुलान बंद है। किराना व्यापारियों, इंडस्ट्रीज, सिडकुल, सेलाकुई, रुद्रपुर आदि जगहों पर माल की सप्लाई नहीं हो पा रही है। इस मौके पर एसोसिएशन के महामंत्री अशोक ग्रोवर, संगठन के प्रधान हरभजन सिंह मान, वरिष्ठ प्रधान गुलजार सिंह, उप प्रधान गुरबख्श सिंह, उप सचिव नवनीत ओबराय, कोषाध्यक्ष राजकुमार नागपाल, उप कोषाध्यक्ष दलबीर सिंह कलेर, वरिष्ठ मंत्री अजय कथूरिया, संगठन मंत्री दिलावर सिंह आदि मौजूद रहे।
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27 से पेट्रोल पंप एसोसिएशन भी होगा शामिल
पेट्रोल पंप एसोसिएशन के अध्यक्ष अमरकांत सेठी ने भी ट्रांसपोर्ट नगर पहुंचकर ट्रक ऑपरेटर्स को समर्थन दिया। कहा कि आगामी 27 जुलाई से पेट्रोल पंप एसोसिएशन भी उनकी हड़ताल में शामिल होगा।
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यह हैं ट्रक ऑपरेटर्स की मांगें
- देश में सभी टोल बैरियर समाप्त किए जाएं।
- ट्रांसपोर्ट व्यवसाय पर टीडीएस समाप्त हो।
- बसों और पर्यटक वाहनों के लिए नेशनल परमिट जारी किया जाए।
- रोड सेफ्टी बिल में संशोधन किया जाए।
- डायरेक्ट पोर्ट डिलीवरी (डीपीडी) को खत्म किया जाए।
- तृतीय पक्ष बीमा प्रीमियम निर्धारण में पारदर्शिता के साथ ही जीएसटी में छूट।
- डीजल की कीमतें कम होने के साथ ही राष्ट्रीय स्तर पर समान मूल्य निर्धारित किया जाए।