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हरिद्वार, यूएस नगर, उतरकाशी और चमोली में हैं सबसे अधिक कुपोषित बच्चे
Updated Tue, 24 Apr 2018 10:40 PM IST
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गोपेश्वर। उत्तराखंड बाल संरक्षण आयोग के अध्यक्ष योगेंद्र खंडूड़ी ने जिलास्तरीय अधिकारियों की बैठक ली। उन्होंने बताया कि राज्य में हरिद्वार, ऊधमसिंहनगर, उत्तरकाशी व चमोली जिले में सबसे ज्यादा बच्चे कुपोषण के शिकार हैं, जो चिंता का विषय है। बाल संरक्षण के कार्यों की समीक्षा करते हुए उन्होंने बाल अधिकार संरक्षण के लिए बच्चों के स्वास्थ्य, शिक्षा और सुरक्षा पर विशेष जोर देने पर बल दिया। बैठक में जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक के न आने पर आयोग के अध्यक्ष ने नाराजगी जताई। हालांकि बाद में अधीनस्थ अधिकारियों ने उन्हें बताया कि वह सरकारी काम से बाहर गए हैं।
विभाग भवन के सभागार में हुई बैठक में आयोग के अध्यक्ष योगेंद्र खंडूड़ी ने कहा कि नेशनल क्राइम रिकार्ड ब्यूरो की रिपोर्ट के अनुसार बच्चों की सुरक्षा की दृष्टि से उत्तराखंड राज्य सबसे असुरक्षित है जो चिंता का विषय है। चमोली जिले में 180 कुपोषित और 7 बच्चे अति कुपोषित मिले हैं। उन्होंने दूरस्थ क्षेत्रों के प्राथमिक विद्यालयों में पढ़ाई और अन्य सुविधाओं की निरंतर मॉनीटरिंग करने के निर्देश जिला प्रशासन को दिए। आयोग के सदस्य वाचस्पति सेमवाल ने आयोग के अधिकार और कार्यों के बारे में बताया। इस मौके पर एडीएम मोहन सिंह बर्निया, एसडीएम परमानंद राम, पुलिस उपाधीक्षक मिथिलेश कुमार, सीईओ एलएम चमोला, जिला समाज कल्याण अधिकारी सुरेंद्र लाल, बाल कल्याण की अध्यक्ष प्रभा रावत, सदस्य उमाशंकर बिष्ट और सुरेश चंद्र आदि मौजूद थे।
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