शिमला शहरवासियों को बड़ी राहत, एमसी की मासिक बैठक में पार्षदों ने नकारा ये प्रस्ताव
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नगर निगम शिमला की मासिक बैठक से शहरवासियों को राहत भरी खबर आई है। फिलहाल प्रॉपर्टी टैक्स नहीं बढ़ेगा। शहर में प्रॉपर्टी टैक्स बढ़ाने के नगर निगम प्रशासन के प्रस्ताव को पार्षदों ने सिरे से नकार दिया।
सदन में जैसे ही इस प्रस्ताव को लाया गया कि पार्षदों ने इस पर विरोध शुरू कर दिया। पार्षद शैलेंद्र चौहान, कमलेश मेहता, शैली शर्मा, आशा शर्मा, अर्चना धवन, आनंद कौशल, बृज सूद और किमी सूद ने प्रॉपर्टी टैक्स बढ़ोतरी का विरोध किया।
ऐसे में कैसे बढ़ाया जा सकता है टैक्स
कहा कि शहर में पार्किंग सुविधा है नहीं, कूड़ा भी रोज नहीं उठ रहा। ऐसे में टैक्स कैसे बढ़ाया जा सकता है। पार्षद संजीव ठाकुर ने कहा कि पहले निगम सुविधाएं दें, तब टैक्स बढ़ाए। शैली शर्मा ने कहा कि निगम पहले उन लोगों से टैक्स वसूले जो सालों से लाखों रुपये टैक्स चोरी कर रहे हैं।
निगम को अभी 1500 से अधिक लोगों से पांच करोड़ से अधिक टैक्स वसूलना है। हालांकि, सदन में कुछेक पार्षद टैक्स बढ़ोतरी के पक्ष में भी दिखे। इसी बीच मेयर ने टैक्स बढ़ोतरी तय करने के लिए पार्षदों की ही एक कमेटी बनाने की बात कही।
इस पर पार्षद बिट्टु कुमार ने कहा कि जब टैक्स बढ़ाना ही नहीं, तो फिर कमेटी किस काम के लिए। पार्षदों के विरोध के बीच इस प्रस्ताव पर सहमति नहीं बन पाई।