{"_id":"6883acb429f05f9af704ff89","slug":"vigilance-failed-to-gather-evidence-of-disproportionate-assets-against-majithia-arshdeep-kaler-chandigarh-news-c-16-1-pkl1079-772657-2025-07-25","type":"story","status":"publish","title_hn":"मजीठिया के खिलाफ आय से अधिक संपत्ति के सबूत जुटाने में विजिलेंस विफल : अर्शदीप कलेर","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
मजीठिया के खिलाफ आय से अधिक संपत्ति के सबूत जुटाने में विजिलेंस विफल : अर्शदीप कलेर
विज्ञापन
अमर उजाला ब्यूरो
चंडीगढ़। बिक्रम सिंह मजीठिया केस में पार्टी के मुख्य प्रवक्ता अर्शदीप सिंह कलेर और एडवोकेट दमनबीर सिंह सोबती ने विजिलेंस के खिलाफ सवाल खड़े किए हैं।
चंडीगढ़ स्थित पार्टी कार्यालय में एडवोकेट सोबती और कलेर ने कहा कि मजीठिया के खिलाफ अब तक विजिलेंस आय से अधिक संपत्ति मामले में कोई ठोस सबूत नहीं जुटा पाई है। केवल मजीठिया से जुड़ी कंपनियों और उनके करीबियों को टारगेट कर या उनकी कंपनियों के ट्रांजेक्शन को इस केस से जोड़ा जा रहा है। एडवोकेट सोबती ने कहा कि विजिलेंस अब झूठे सबूत तैयार कर मजीठिया पर नया केस दर्ज करने की फिराक में है।उन्होंने खुलासा किया कि अब वासू पाठक नाम के एक व्यक्ति का बयान दर्ज किया जा रहा है जिसके तहत वासू को यह बताने के लिए कहा गया कि एक जीता मोड़ ने बिक्रम मजीठिया से प्राप्त नकदी से निवेश किया था।
अकाली दल के मुख्य प्रवक्ता अर्शदीप सिंह कलेर और एडवोकेट दमनबीर सिंह सोबती ने कहा कि विजिलेंस ब्यूरो दावों को पुष्ट करने में विफल रहा है कि मजीठिया से 29 मोबाइल बरामद किए गए थे, जिसमें 141 करोड़ का लेनदेन, 540 करोड़ का निवेश और हिमाचल प्रदेश में एक हजार एकड़ जमीन शामिल है। अब विजिलेंस विभाग लोगों को गलत तरीके से उठा रहा है और उन्हें धारा 164 के तहत बयानों पर हस्ताक्षर करने के लिए प्रताड़ित कर रहा है।
विज्ञापन
चंडीगढ़। बिक्रम सिंह मजीठिया केस में पार्टी के मुख्य प्रवक्ता अर्शदीप सिंह कलेर और एडवोकेट दमनबीर सिंह सोबती ने विजिलेंस के खिलाफ सवाल खड़े किए हैं।
चंडीगढ़ स्थित पार्टी कार्यालय में एडवोकेट सोबती और कलेर ने कहा कि मजीठिया के खिलाफ अब तक विजिलेंस आय से अधिक संपत्ति मामले में कोई ठोस सबूत नहीं जुटा पाई है। केवल मजीठिया से जुड़ी कंपनियों और उनके करीबियों को टारगेट कर या उनकी कंपनियों के ट्रांजेक्शन को इस केस से जोड़ा जा रहा है। एडवोकेट सोबती ने कहा कि विजिलेंस अब झूठे सबूत तैयार कर मजीठिया पर नया केस दर्ज करने की फिराक में है।उन्होंने खुलासा किया कि अब वासू पाठक नाम के एक व्यक्ति का बयान दर्ज किया जा रहा है जिसके तहत वासू को यह बताने के लिए कहा गया कि एक जीता मोड़ ने बिक्रम मजीठिया से प्राप्त नकदी से निवेश किया था।
अकाली दल के मुख्य प्रवक्ता अर्शदीप सिंह कलेर और एडवोकेट दमनबीर सिंह सोबती ने कहा कि विजिलेंस ब्यूरो दावों को पुष्ट करने में विफल रहा है कि मजीठिया से 29 मोबाइल बरामद किए गए थे, जिसमें 141 करोड़ का लेनदेन, 540 करोड़ का निवेश और हिमाचल प्रदेश में एक हजार एकड़ जमीन शामिल है। अब विजिलेंस विभाग लोगों को गलत तरीके से उठा रहा है और उन्हें धारा 164 के तहत बयानों पर हस्ताक्षर करने के लिए प्रताड़ित कर रहा है।
विज्ञापन