Punjab: हिमाचल की जीत ने पंजाब कांग्रेस में फूंक दी जान, निकाय व लोकसभा चुनाव की तैयारी शुरू करने का एलान
राजा वड़िंग ने कहा कि पार्टी सबसे पहले निकाय चुनाव में हिस्सा लेगी और उसके साथ ही आगामी लोकसभा चुनाव के लिए खुद को तैयार करेगी। उनका कहना है कि हिमाचल की जीत ने पंजाब में पार्टी वर्करों में भी नया उत्साह भर दिया है।
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हिमाचल प्रदेश के विधानसभा चुनाव में कांग्रेस की शानदार जीत ने पंजाब कांग्रेस में भी नई जान फूंक दी है। प्रदेश इकाई ने इस जीत को अपने लिए ‘एक बड़ी उम्मीद’ मानकर पंजाब के अगले विधानसभा चुनाव और उससे पहले लोकसभा चुनाव की अभी से तैयारी शुरू करने का एलान कर दिया है। प्रदेश अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग ने हिमाचल में जीत पर कहा है कि इससे साबित हो गया कि केवल कांग्रेस ही है जो भाजपा को कहीं भी और किसी भी समय हरा सकती है।
पंजाब में 2017 के विधानसभा चुनाव में कांग्रेस ने बेहतरीन जीत के साथ सरकार बनाई थी लेकिन 2022 आते-आते पार्टी अंदरूनी कलह और बिखराव के चलते 18 विधायकों तक सिमट गई। भले ही इसे 2022 के चुनाव में आम आदमी पार्टी (आप) की लहर का असर कहा जाए लेकिन बीते तीन वर्षों के दौरान पंजाब में कांग्रेस लगातार कमजोर हुई है।
तत्कालीन मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह और विधायक नवजोत सिंह सिद्धू के बीच लंबे समय तक चले विवाद का अंत कैप्टन के मुख्यमंत्री पद और पार्टी से इस्तीफे के रूप में हुआ। वहीं नवजोत सिद्धू पर कांग्रेस हाईकमान की मेहरबानी ने पार्टी में धड़ेबंदी तेज कर दी। हाईकमान ने सिद्धू को प्रदेश प्रधान बनाकर शांत करने की कोशिश की लेकिन वह कैप्टन की जगह मुख्यमंत्री बने चरणजीत सिंह चन्नी के लिए भी सिरदर्द बन गए थे। तब पार्टी के अनेक वरिष्ठ नेता खुलकर सिद्धू के खिलाफ खड़े हो गए और पंजाब कांग्रेस का झगड़ा सड़क पर आ गया।
हाईकमान ने राजा वड़िंग को प्रदेश प्रधान बनाया लेकिन विधानसभा चुनाव में खराब प्रदर्शन और अंदरूनी फूट के चलते पंजाब कांग्रेस बुरी तरह टूट चुकी दिखाई दे रही थी, जिसे गुरुवार को हिमाचल प्रदेश में पार्टी की जीत ने फिर से संगठित होने और जीतने की आस बंधा दी है। राजा वड़िंग ने कहा कि पार्टी सबसे पहले निकाय चुनाव में हिस्सा लेगी और उसके साथ ही आगामी लोकसभा चुनाव के लिए खुद को तैयार करेगी। उनका कहना है कि हिमाचल की जीत ने पंजाब में पार्टी वर्करों में भी नया उत्साह भर दिया है।
अब पार्टी को आत्मनिरीक्षण की जरूरत: बाजवा
कांग्रेस के सीनियर नेता प्रताप सिंह बाजवा ने हिमाचल की जीत की प्रशंसा करते हुए कहा कि अब पार्टी को आत्मनिरीक्षण करने की जरूरत है क्योंकि वह गुजरात में ऐसा प्रदर्शन करने में विफल रही है, जहां भाजपा 27 वर्ष से सत्ता में है। उन्होंने उम्मीद जताई कि राहुल गांधी के नेतृत्व में भारत जोड़ो यात्रा भी आने वाले दिनों में कांग्रेस को मजबूत करेगी। पार्टी को अभी से 2024 के लोकसभा चुनाव के लिए कमर कसने और काम शुरू करने की जरूरत है क्योंकि तैयारियों के लिए ज्यादा समय नहीं बचा है।