{"_id":"5c318e4fbdec2256d14f492c","slug":"tight-security-for-verdict-in-chhatrapati-murder-case-dera-sacha-sauda-chief-ram-rahim","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"छत्रपति हत्याकांडः राम रहीम पर फैसले की तारीख नजदीक, जगह-जगह पुलिस बल तैनात","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
छत्रपति हत्याकांडः राम रहीम पर फैसले की तारीख नजदीक, जगह-जगह पुलिस बल तैनात
Sun, 06 Jan 2019 10:59 AM IST
Priyesh Mishra
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पंचकूला/सिरसा/रोहतक
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पंचकूला/सिरसा/रोहतक
Published by: Priyesh Mishra
Updated Sun, 06 Jan 2019 10:59 AM IST
विज्ञापन
सुरक्षा व्यवस्था
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
पत्रकार छत्रपति हत्याकांड में राम रहीम पर फैसले के चलते सुरक्षा के कड़े इंतजाम कर दिए गए हैं। पंचकूला में चप्पे-चप्पे पर पुलिस तैनात है। वहीं डेराप्रेमियों ने भी बड़ा एलान किया है।
पत्रकार रामचंद्र छत्रपति हत्याकांड में पंचकूला में सीबीआई कोर्ट द्वारा 11 जनवरी को फैसला सुनाया जाना है। अदालत ने सीबीआई को राम रहीम को कोर्ट में पेश करने के निर्देश जारी किए हैं। ऐसे में पुलिस के लिए उसकी सिक्योरिटी को लेकर मुसीबत खड़ी हो गई है। वहीं फैसला सुनाए जाने के वक्त किसी तरह की कोई अप्रिय घटना न हो, पुलिस को इसके लिए भी इतंजाम करने हैं।
क्योंकि दो साध्वियों से यौन शोषण मामले में जब फैसला सुनाया गया था तो पंचकूला में हिंसा हो गई थी। जिसमें काफी जान माल का नुकसान हुआ था। पूरे हरियाणा में करीब 40 लोग मारे गए थे। हजारों की संख्या में डेराप्रेमी सड़कों पर उतर आए थे। हरियाणा सरकार और पुलिस नहीं चाहती कि इस बार ऐसे ही हालात बनें। वरिष्ठ अधिवक्ता करण सिंह का कहना है कि अदालत के पास कुछ विकल्प हैं, जिन पर अमल किया जा सकता है।
विज्ञापन
विज्ञापन
पत्रकार रामचंद्र छत्रपति हत्याकांड में पंचकूला में सीबीआई कोर्ट द्वारा 11 जनवरी को फैसला सुनाया जाना है। अदालत ने सीबीआई को राम रहीम को कोर्ट में पेश करने के निर्देश जारी किए हैं। ऐसे में पुलिस के लिए उसकी सिक्योरिटी को लेकर मुसीबत खड़ी हो गई है। वहीं फैसला सुनाए जाने के वक्त किसी तरह की कोई अप्रिय घटना न हो, पुलिस को इसके लिए भी इतंजाम करने हैं।
विज्ञापन
क्योंकि दो साध्वियों से यौन शोषण मामले में जब फैसला सुनाया गया था तो पंचकूला में हिंसा हो गई थी। जिसमें काफी जान माल का नुकसान हुआ था। पूरे हरियाणा में करीब 40 लोग मारे गए थे। हजारों की संख्या में डेराप्रेमी सड़कों पर उतर आए थे। हरियाणा सरकार और पुलिस नहीं चाहती कि इस बार ऐसे ही हालात बनें। वरिष्ठ अधिवक्ता करण सिंह का कहना है कि अदालत के पास कुछ विकल्प हैं, जिन पर अमल किया जा सकता है।
विज्ञापन
सीबीआई ने पेश किए दो विकल्प
इसलिए सीबीआई ने अदालत से मांग की है कि लॉ एंड आर्डर की स्थिति को देखते हुए राम रहीम की वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से पेशी कराने के आदेश जारी किए जाएं या अदालत रोहतक जेल में ही सुनवाई कर अपना फैसला सुना सकती है। इस अर्जी पर सीबीआई कोर्ट 8 जनवरी को अपना निर्णय सुनाएगी। वहीं पेशी को लेकर रोहतक पुलिस ने जेल की सुरक्षा अभी से बढ़ा दी है।
जेल परिसर पर आठ ड्रोन कमरों से नजर रखी जा रही है, ताकि किसी तरह की घटना को पहले ही रोका जा सके। एसपी जश्नदीप सिंह रंधावा ने बताया कि सुरक्षा के लिहाज से जहां सुनारिया जेल के आसपास चार पुलिस नाके बनाए गए हैं। वहीं पुलिस की पांच पेट्रोलिंग पार्टियां नियमित रूप से गश्त करेंगी। सुरक्षा के लिहाज से हर प्रकार की स्थिति से निपटने के लिए घोड़ा पुलिस, एक पीसीआर और एक राइडर को लगाया गया है। पुलिस को आशंका है कि लोग बवाल कर सकते हैं।
बता दें कि पिछली बार राम रहीम को सजा सुनाने के लिए रोहतक जेल में ही कोर्ट लगी थी। जज जगदीप सिंह भी हेलीकाप्टर से ही सुनारिया जेल पहुंचे थे। दोनों मामलों में कोर्ट ने रामरहीम को 20-20 साल की सजा सुनाई थी। अबकी बार भी इसकी जेल परिसर के अंदर सीबीआई की विशेष अदालत लगने की संभावना से इंकार नहीं किया जा सकता।
जेल परिसर पर आठ ड्रोन कमरों से नजर रखी जा रही है, ताकि किसी तरह की घटना को पहले ही रोका जा सके। एसपी जश्नदीप सिंह रंधावा ने बताया कि सुरक्षा के लिहाज से जहां सुनारिया जेल के आसपास चार पुलिस नाके बनाए गए हैं। वहीं पुलिस की पांच पेट्रोलिंग पार्टियां नियमित रूप से गश्त करेंगी। सुरक्षा के लिहाज से हर प्रकार की स्थिति से निपटने के लिए घोड़ा पुलिस, एक पीसीआर और एक राइडर को लगाया गया है। पुलिस को आशंका है कि लोग बवाल कर सकते हैं।
बता दें कि पिछली बार राम रहीम को सजा सुनाने के लिए रोहतक जेल में ही कोर्ट लगी थी। जज जगदीप सिंह भी हेलीकाप्टर से ही सुनारिया जेल पहुंचे थे। दोनों मामलों में कोर्ट ने रामरहीम को 20-20 साल की सजा सुनाई थी। अबकी बार भी इसकी जेल परिसर के अंदर सीबीआई की विशेष अदालत लगने की संभावना से इंकार नहीं किया जा सकता।
राम रहीम की पेशी को लेकर पंचकूला पुलिस ने शुरू की रिहर्सल
11 जनवरी को राम रहीम की पेशी के मद्देनजर जहां पंचकूला में कोर्ट परिसर से लेकर सेक्टर-एक की सुरक्षा व्यवस्था बढ़ा दी गई है। वहीं पुलिस अधिकारी और जवानों ने शहर में शांति का माहौल बनाए रखने के लिए रिहर्सल शुरू कर दी है। करीब दो घंटे इंडस्ट्रियल एरिया फेस-2 में करीब डेढ़ घंटे अधिकारियों ने मंथन किया। वहीं, कोर्ट परिसर में आने-जाने वालों पर जवानों की पैनी नजर रही। सुरक्षा की दृष्टि से जहां कोर्ट में एक पीसीआर तैनात कर दी गई है। वहीं, परिसर के मुख्य गेट पर बैरीकेट समेत कांटे वाले तार का जंगला लगा दिया गया है।
हाई अलर्ट पर सुरक्षा एजेंसियां
गुरमीत राम रहीम की पेशी को लेकर सुरक्षा एजेंसियां भी हाई अलर्ट पर हैं। वह शहर के हर हलचल की सूचना वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों तक पहुंचा रहे हैं। सबसे ज्यादा नजर शहर में स्थित नामचर्चा घरों पर है। यहां कौन और कब आ रहा है इसकी पूरी खबर रखी जा रही है। वहीं, शहर में नाकों की संख्या बढ़ाने के साथ पुलिस जवानों ने गाड़ियों की चेकिंग भी शुरू कर दी है।
सिरसा में सुरक्षा व्यवस्था हुई सख्त
सीबीआई कोर्ट के संभावित फैसले को लेकर पुलिस प्रशासन ने जिले में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी है। डेरा सच्चा सौदा समक्ष व आसपास स्थित नाकों पर पुलिस कर्मियों की तैनाती बढ़ा दी गई है। इसके अलावा पुलिस ने डेरा की तरफ जाने वाले सभी रास्तों पर वाहनों की जांच करनी शुरू की है। शहर में भी पुलिस संदिग्ध लोगों पर पैनी नजर रख रही है।
हाई अलर्ट पर सुरक्षा एजेंसियां
गुरमीत राम रहीम की पेशी को लेकर सुरक्षा एजेंसियां भी हाई अलर्ट पर हैं। वह शहर के हर हलचल की सूचना वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों तक पहुंचा रहे हैं। सबसे ज्यादा नजर शहर में स्थित नामचर्चा घरों पर है। यहां कौन और कब आ रहा है इसकी पूरी खबर रखी जा रही है। वहीं, शहर में नाकों की संख्या बढ़ाने के साथ पुलिस जवानों ने गाड़ियों की चेकिंग भी शुरू कर दी है।
सिरसा में सुरक्षा व्यवस्था हुई सख्त
सीबीआई कोर्ट के संभावित फैसले को लेकर पुलिस प्रशासन ने जिले में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी है। डेरा सच्चा सौदा समक्ष व आसपास स्थित नाकों पर पुलिस कर्मियों की तैनाती बढ़ा दी गई है। इसके अलावा पुलिस ने डेरा की तरफ जाने वाले सभी रास्तों पर वाहनों की जांच करनी शुरू की है। शहर में भी पुलिस संदिग्ध लोगों पर पैनी नजर रख रही है।
डेरे से जुड़ा हर व्यक्ति प्रशासन का सहयोग करेगा
पत्रकार रामचंद्र छत्रपति हत्याकांड में पंचकूला सीबीआई कोर्ट द्वारा 11 जनवरी को फैसला सुनाए जाने को लेकर उपायुक्त प्रभजोत सिंह ने डेरा सच्चा सौदा से जुड़े प्रतिनिधियों की बैठक ली। इस बैठक में उपायुक्त डेरा सच्चा सौदा प्रतिनिधियों से साफ रूप से कहा कि सीबीआई कोर्ट के फैसले के दिन अगर कोई अप्रिय घटना हुई तो प्रशासन सख्त एक्शन लेगा।
इस पर डेरा के प्रतिनिधियों ने उपायुक्त को आश्वासन दिया कि डेरे से जुड़ा हर व्यक्ति प्रशासन का सहयोग करेगा। जिला में कोई भी गलत अफवाह नहीं फैलने दी जाएगी व शांति व्यवस्था बनाए रखने मे प्रशासन का सहयोग किया जाएगा। डेरे के प्रतिनिधियों ने कहा कि रविवार छह जनवरी को होने वाली नामचर्चा को भी स्थगित कर दिया गया है। इसके साथ ही अगर डेरे से जुड़े किसी भी व्यक्ति को कोई गलत अफवाह सुनने को मिलती है जिससे शांति व्यवस्था भंग हो, उसकी तुरंत जानकारी प्रशासन को उपलब्ध करवा दी जाएगी।
पुलिस प्रशासन को सख्त कदम उठाने के निर्देश
इस दौरान उपायुक्त प्रभजोत सिंह ने कहा कि सिरसा में असामाजिक तत्वों के प्रवेश पर रोक लगाने के लिए जिला पुलिस प्रशासन की ओर से सख्त कदम उठाए जाएं। डेरा सच्चा सौदा व शहर के सभी प्रमुख मांगों पर नाकाबंदी होनी चाहिए। पुलिस अधिकारी व कर्मचारियों द्वारा सभी मार्गों पर गहन जांच की जाए।
डीसी ऑफिस में कंट्रोल रूम स्थापित
जिला प्रशासन ने अफवाहों को रोकने के लिए उपायुक्त कार्यालय में कंट्रोल रूम बनाया है, कोई भी व्यक्ति कंट्रोल रूम में अफवाहों जानकारी दे सकता है ताकि गलत अफवाहों से शहर की शांति व्यवस्था भंग न हो पाए।
इस पर डेरा के प्रतिनिधियों ने उपायुक्त को आश्वासन दिया कि डेरे से जुड़ा हर व्यक्ति प्रशासन का सहयोग करेगा। जिला में कोई भी गलत अफवाह नहीं फैलने दी जाएगी व शांति व्यवस्था बनाए रखने मे प्रशासन का सहयोग किया जाएगा। डेरे के प्रतिनिधियों ने कहा कि रविवार छह जनवरी को होने वाली नामचर्चा को भी स्थगित कर दिया गया है। इसके साथ ही अगर डेरे से जुड़े किसी भी व्यक्ति को कोई गलत अफवाह सुनने को मिलती है जिससे शांति व्यवस्था भंग हो, उसकी तुरंत जानकारी प्रशासन को उपलब्ध करवा दी जाएगी।
पुलिस प्रशासन को सख्त कदम उठाने के निर्देश
इस दौरान उपायुक्त प्रभजोत सिंह ने कहा कि सिरसा में असामाजिक तत्वों के प्रवेश पर रोक लगाने के लिए जिला पुलिस प्रशासन की ओर से सख्त कदम उठाए जाएं। डेरा सच्चा सौदा व शहर के सभी प्रमुख मांगों पर नाकाबंदी होनी चाहिए। पुलिस अधिकारी व कर्मचारियों द्वारा सभी मार्गों पर गहन जांच की जाए।
डीसी ऑफिस में कंट्रोल रूम स्थापित
जिला प्रशासन ने अफवाहों को रोकने के लिए उपायुक्त कार्यालय में कंट्रोल रूम बनाया है, कोई भी व्यक्ति कंट्रोल रूम में अफवाहों जानकारी दे सकता है ताकि गलत अफवाहों से शहर की शांति व्यवस्था भंग न हो पाए।