{"_id":"582989254f1c1b55368fde62","slug":"three-boys-spent-many-hours-in-jail-due-to-500-and-1000-rupee-note","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"500\/1000 के नोटों ने 3 युवकों को पहुंचाया जेल, जानिए क्या हुआ?","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
500/1000 के नोटों ने 3 युवकों को पहुंचाया जेल, जानिए क्या हुआ?
ब्यूरो/अमर उजाला, रोहतक(हरियाणा)
Updated Mon, 14 Nov 2016 07:13 PM IST
विज्ञापन
500 और 1000 के नोट के कारण तीन युवकों को जेल
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
500 और 1000 के नोटों ने तीन युवकों को जेल की हवा खिला दी। पूरा मामला खुलकर सामने आया तो जानकर सभी हैरान रह गए। घटना हरियाणा के रोहतक की है।
हुआ यूं कि युवकों को 500 व 1000 के नोट होने के कारण ट्रेन का टिकट नहीं मिल सका तो वह घर आने के लिए बिना टिकट ही ट्रेन में सवार हो गए। स्टेशन पर पकड़े गए तो जुर्माना भरने के लिए भी 500 व 1000 के नोट निकाल लिए।
लेकिन वहां भी उन नोटों से काम नहीं चल सका। उनको आरपीएफ थाने में भेज दिया गया, जहां कई घंटे बंद रहने के बाद परिवार वालों को फोन करके बुलाया और जुर्माना जमा होने पर उनको छोड़ा गया।
विज्ञापन
हुआ यूं कि युवकों को 500 व 1000 के नोट होने के कारण ट्रेन का टिकट नहीं मिल सका तो वह घर आने के लिए बिना टिकट ही ट्रेन में सवार हो गए। स्टेशन पर पकड़े गए तो जुर्माना भरने के लिए भी 500 व 1000 के नोट निकाल लिए।
लेकिन वहां भी उन नोटों से काम नहीं चल सका। उनको आरपीएफ थाने में भेज दिया गया, जहां कई घंटे बंद रहने के बाद परिवार वालों को फोन करके बुलाया और जुर्माना जमा होने पर उनको छोड़ा गया।
विज्ञापन
जुर्माना भरने के लिए बुलाया गया घरवालों को
Jail
दिल्ली में नौकरी करने वाले तीन युवक शनिवार की शाम को ट्रेन से रोहतक स्टेशन पर उतरे। जिनको रेलवे की ओर से बिना टिकट सफर करने वालों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के दौरान पकड़ लिया गया। उनको जुर्माने के रूप में 250-250 रुपये जमा कराने के लिए कहा गया।
जिस पर उन्होंने 500 व 1000 के नोट निकालकर दिए, लेकिन अधिकारियों ने वे रुपये जुर्माने के रूप में लेने से इंकार कर दिया। इस पर उन तीनों को आरपीएफ थाने में भेज दिया गया।
वहां उन्होंने बताया कि दिल्ली में उनको 500 व 1000 रुपये के नोट होने के कारण खुले नहीं होने की बात कहते हुए टिकट देने से मना कर दिया गया। इस कारण ही उनको बिना टिकट ट्रेन में सवार होना पड़ा।
थाने में कई घंटे तक बंद रहने के बाद नोटों की समस्या को देखते हुए उनको जुर्माना भरने के लिए परिवार वालों को फोन करने की छूट दी गई। जिससे उन्होंने अपने परिजनों को बुलाया और 250-250 रुपये जुर्माना भरने के बाद उनको छोड़ा गया।
जिस पर उन्होंने 500 व 1000 के नोट निकालकर दिए, लेकिन अधिकारियों ने वे रुपये जुर्माने के रूप में लेने से इंकार कर दिया। इस पर उन तीनों को आरपीएफ थाने में भेज दिया गया।
वहां उन्होंने बताया कि दिल्ली में उनको 500 व 1000 रुपये के नोट होने के कारण खुले नहीं होने की बात कहते हुए टिकट देने से मना कर दिया गया। इस कारण ही उनको बिना टिकट ट्रेन में सवार होना पड़ा।
थाने में कई घंटे तक बंद रहने के बाद नोटों की समस्या को देखते हुए उनको जुर्माना भरने के लिए परिवार वालों को फोन करने की छूट दी गई। जिससे उन्होंने अपने परिजनों को बुलाया और 250-250 रुपये जुर्माना भरने के बाद उनको छोड़ा गया।
छुट्टी के दिन बदलने थे रुपये
k
खोखरा कोट के महेंद्र ने यह समस्या झेली है, जिन्होंने तीन दिनों तक किसी तरह किराया व अन्य खर्च चलाया। लेकिन वह खत्म होने पर महेंद्र को रविवार को बैंक से रुपये बदलने थे और उससे पहले ही उनके साथ इस तरह का मामला हो गया। उन्होंने बताया कि 500 व 1000 के नोट बंद होने से इस तरह सबसे ज्यादा परेशानी उन्हें झेलनी पड़ी।
रेलवे की ओर से बिना टिकट यात्रा करते हुए कई लोगों को पकड़ा गया था। जिनको जुर्माना नहीं देने पर थाने में भेज दिया गया। जिन्होंने अपने परिवार वालों को फोन करके बुलाया और जुर्माना जमा करने के बाद उनको छोड़ दिया गया।
- एसपी सिंह, इंस्पेक्टर, आरपीएफ, रोहतक
रेलवे की ओर से बिना टिकट यात्रा करते हुए कई लोगों को पकड़ा गया था। जिनको जुर्माना नहीं देने पर थाने में भेज दिया गया। जिन्होंने अपने परिवार वालों को फोन करके बुलाया और जुर्माना जमा करने के बाद उनको छोड़ दिया गया।
- एसपी सिंह, इंस्पेक्टर, आरपीएफ, रोहतक