फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Chandigarh ›   The committee will include the suggestions of the members of Niti Aayog in the report

Chandigarh News: नीति आयोग के सदस्यों के सुझावों को रिपोर्ट में शामिल करेगी कमेटी

Mon, 13 Jan 2025 08:00 PM IST
Chandigarh Bureau चंडीगढ़ ब्यूरो
Updated Mon, 13 Jan 2025 08:00 PM IST
विज्ञापन
The committee will include the suggestions of the members of Niti Aayog in the report
-सुप्रीम कोर्ट की कमेटी ने सदस्यों के साथ की बैठक, एमएसपी व किसानों की आय बढ़ाने पर चर्चा
विज्ञापन

अमर उजाला ब्यूरो
चंडीगढ़। सुप्रीम कोर्ट कमेटी ने सोमवार को नीति आयोग के सदस्यों के साथ बैठक की। बैठक में न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) व किसानों की आय बढ़ाने समेत अन्य मुद्दों पर विस्तार से चर्चा की गई। अब कमेटी की तरफ से नीति आयोग के सदस्यों के सुझावों को अपनी रिपोर्ट में शामिल किया जाएगा। कमेटी जनवरी माह के अंत में ही अपनी रिपोर्ट सबमिट करने की तैयारी कर रही है, क्योंकि कोई भी किसान यूनियन बातचीत करने के लिए तैयार नहीं हुई है। इसी के चलते लगातार बैठकें करके कमेटी अपनी पहली रिपोर्ट फाइनल करने में लगी हुई है।
कमेटी के अनुसार नीति आयोग केंद्र सरकार का प्रमुख नीति से संबंधित थिंक टैंक है, जो नीतिगत इनपुट प्रदान करता है। नीति आयोग केंद्र के लिए नीतियों और कार्यक्रमों को तैयार करने के अलावा केंद्र और राज्यों को उपयुक्त तकनीकी सलाह भी प्रदान करता है। यही कारण है कि किसानों की आय बढ़ाने व एमएसपी समेत अन्य मुद्दों पर नीति आयोग की राय लेने का फैसला लिया गया था। बैठक में नीति आयोग से प्रोफेसर रमेश चंद ने हिस्सा लिया। बता दें कि आयोग भी अपने स्तर पर भारतीय कृषि में परिवर्तन लाने, टिकाऊ और समावेशी विकास के माध्यम से किसानों के पोषण और आय में सुधार के लिए काम कर रहा है। सुप्रीम कोर्ट कमेटी विशेषज्ञों के सुझाव लेकर अपनी पहली रिपोर्ट तैयार कर रही है। कमेटी कृषि क्षेत्र को लाभकारी बनाने के लिए सभी पहलुओं पर विचार कर रही है। कमेटी पिछले कुछ समय में सभी हितधारकों के साथ बैठकें कर चुकी हैं, जिसमें पंजाब और हरियाणा के कृषि व बागवानी विभागों के निदेशक भी शामिल हैं।
विज्ञापन

बता दें कि सुप्रीम कोर्ट ने पिछले साल सितंबर में पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट के पूर्व न्यायाधीश नवाब सिंह की अध्यक्षता में यह कमेटी गठित की थी, जो अलग-अलग हितधारकों के साथ बैठक कर चुकी है। बता दें कि कमेटी की तरफ से 11 मुद्दों को सुप्रीम कोर्ट में सबमिट किया गया था और अब उन सभी मुद्दों पर कमेटी ने चरणबद्ध तरीके से अपनी रिपोर्ट सबमिट करनी है।
विज्ञापन
विज्ञापन


54.4 प्रतिशत किसान परिवारों पर औसत 2.03 लाख कर्ज
पंजाब के 54.4 प्रतिशत किसान परिवारों पर औसत 2.03 लाख रुपये का कर्ज है। उन टॉप 10 राज्यों में शामिल है, जहां किसानों पर कर्ज प्रतिशत सबसे अधिक है। हाल ही में लोकसभा में पेश की गई रिपोर्ट में इसका खुलासा हुआ था।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed