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कोरोना वायरस: हरियाणा में हर 10 दिन में निजी लैब की होगी जांच, विशेष कमेटी का किया गया गठन
Sat, 25 Apr 2020 12:48 AM IST
ajay kumar
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
Published by: ajay kumar
Updated Sat, 25 Apr 2020 12:48 AM IST
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सांकेतिक तस्वीर।
- फोटो : PTI
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हरियाणा में आईसीएमआर द्वारा कोरोना संक्रमण के टेस्ट की मंजूरी प्राप्त निजी लैब पर स्वास्थ्य महकमे की निगरानी रहेगी। इसके लिए स्वास्थ्य मंत्री अनिल विज के निर्देश पर महकमे ने विशेष कमेटी का गठन किया है। जो हर 10 दिन में इन लैब की जांच करेगी। कोरोना संक्रमण के मद्देनजर सरकारी के साथ-साथ कुछ निजी लैब को भी कोविड-19 टेस्टिंग की अनुमति दी गई है।
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विगत दिवस इन निजी टेस्टिंग लैब में कुछ मामले पॉजिटिव पाए गए थे। मगर जब उनकी दोबारा से जांच करवाई गई तो वे मामले निगेटिव आ गए। इस दौरान इन निजी लैब द्वारा इस्तेमाल की जाने वाली टेस्टिंग किट पर भी सवाल खड़े हुए। इसी को देखते हुए महकमे ने विभाग के अफसरों और टेक्निकल एक्सपर्टस की विशेष कमेटी गठित की है।
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कमेटी में सीनियर मोस्ट माइक्रोबायोलॉजिस्ट डॉ एसएस दहिया, स्वास्थ्य महकमे के अधीनस्थ आईडीएसपी की ओर से एक क्लास वन ऑफिसर, डॉक्टर सरिता यादव, डॉक्टर पीएस गिल, क्वालिटी मैनेजर डॉ अनिरुद्ध वर्मा समेत दो टेक्निकल एक्सपर्ट ऑफिसर्स और सदस्य लिए गए हैं। यह कमेटी हर 10 दिन में इन प्राइवेट लैब का दौरा करेंगी और मौके पर दस्तावेजों सैंपल प्रोसेसिंग, क्वालिटी ऑफ मीडियम, क्वालिटी ऑफ टेस्टिंग इत्यादि पहलुओं की जांच करेगी। यह कमेटी अपनी रिपोर्ट आईडीएसपी के डायरेक्टर हेल्थ सर्विसेज को देगी।
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इन्फ्लुएंजा बीमारी के भी सैंपल लेगा स्वास्थ्य विभाग
स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव राजीव अरोड़ा ने कहा कि डोर टू डोर सर्वे करते समय इन्फ्लुएंजा जैसी बीमारी वाले लोगों के नमूने प्राथमिकता के आधार पर लिए जाएं। उनके अनुसार हर रोज सैंपलिंग की संख्या तेजी से बढ़ रही है।