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बिक्रम मजीठिया को जान का खतरा: विधायक पत्नी ने DGP को लिखा पत्र, पार्टी ने ADGP को हटाने की मांग की
Thu, 09 Jun 2022 06:27 AM IST
ajay kumar
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
Published by: ajay kumar
Updated Thu, 09 Jun 2022 06:27 AM IST
सार
अकाली नेताओं ने कहा कि बिक्रम मजीठिया और हरप्रीत सिद्धू के परिवारों के बीच पुरानी दुश्मनी है और सिद्धू पूर्व मंत्री के साथ अपने आधिकारिक पद का दुरुपयोग कर सकते हैं।
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बिक्रम सिंह मजीठिया।
- फोटो : फाइल
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विस्तार
शिरोमणि अकाली दल ने पूर्व मंत्री बिक्रम सिंह मजीठिया की जान को खतरा बताया है। साथ ही शिअद नेताओं ने एडीजीपी हरप्रीत सिद्धू पर एक और फर्जी मामले में मजीठिया को फंसाने का आरोप लगाया है। मजीठिया की पत्नी और मजीठा विधानसभा क्षेत्र से विधायक गनिव कौर मजीठिया ने डीजीपी को पत्र लिखा। पत्र का हवाला देते हुए शिअद नेता महेश इंदर ग्रेवाल और डॉ. दलजीत सिंह चीमा ने मांग की है कि सिद्धू को तत्काल एडीजीपी (जेल) के पद से हटाया जाए और मामले में आवश्यक कार्रवाई की जाए।
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इस बीच शिअद नेता हरसिमरत कौर बादल ने पंजाब के राज्यपाल बनवारीलाल पुरोहित से मुलाकात की। इस दौरान उन्होंने राज्यपाल से हरप्रीत सिद्धू को एडीजीपी (जेल) के पद से हटाने का आग्रह किया। हरसिमरत कौर का कहना है कि हरप्रीत सिद्धू के इस पद रहते बिक्रम मजीठिया की जान को खतरा है।
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अकाली नेताओं ने कहा कि बिक्रम मजीठिया और हरप्रीत सिद्धू के परिवारों के बीच पुरानी दुश्मनी है और सिद्धू पूर्व मंत्री के साथ अपने आधिकारिक पद का दुरुपयोग कर सकते हैं। अकाली नेताओं ने कहा कि हाल ही में मौजूदा जेल मंत्री ने पटियाला जेल का दौरा किया था। इसके बाद मजीठिया को मानव निवास के लिए एक अनुपयुक्त बैरक में बंद कर दिया गया जो मानव अधिकारों का पूरी तरह से उल्लंघन है। सरकार को मजीठिया की सुरक्षा को लेकर जल्द कोई फैसला लेना चाहिए।
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