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Punjab: मुगलों और अंग्रेजों ने झुकाने की कोशिश की लेकिन मुंह की खानी पड़ी, SGPC अध्यक्ष की सरकार को नसीहत
Thu, 30 Mar 2023 12:32 AM IST
ajay kumar
संवाद न्यूज एजेंसी, अमृतसर (पंजाब)
संवाद न्यूज एजेंसी, अमृतसर (पंजाब)
Published by: ajay kumar
Updated Thu, 30 Mar 2023 12:32 AM IST
सार
एसजीपीसी अध्यक्ष ने कहा कि श्री अकाल तख्त साहिब हमेशा अटल रहता है और सरकारें आती जाती रहती हैं। मुख्यमंत्री को यह नहीं भूलना चाहिए कि श्री अकाल तख्त साहिब एक इमारत का नाम नहीं है। बल्कि यह छठे पातशाह द्वारा सिद्धांत और विचार के प्रकाश में बनाया गया असली सिंहासन है।
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एसजीपीसी प्रधान एडवोकेट हरजिंदर सिंह धामी।
- फोटो : फाइल
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विस्तार
शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी (एसजीपीसी) के अध्यक्ष एडवोकेट हरजिंदर सिंह धामी ने श्री अकाल तख्त साहिब के जत्थेदार ज्ञानी हरप्रीत सिंह के संदेश को ट्विटर से हटाने की निंदा की है। उन्होंने यह भी कहा कि जत्थेदार पर अपनी टिप्पणी के लिए मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान को माफी मांगनी चाहिए। उन्होंने कहा कि सरकारें मर्यादा में रह कर काम करें। सोशल मीडिया पर सिखों को बदनाम किया जा रहा है। केंद्र और राज्य सरकारों को मिल कर खेले जा रहे... इस खेल को तुरंत बंद करना चाहिए।
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जत्थेदार साहिब पर भगवंत मान का बयान श्री अकाल तख्त साहिब और सिख समुदाय की गरिमा को सीधी चुनौती है। उन्हें इस अवज्ञा के लिए तुरंत सिख समुदाय से माफी मांगनी चाहिए। एसजीपीसी अध्यक्ष ने कहा कि श्री अकाल तख्त साहिब हमेशा अटल रहता है और सरकारें आती जाती रहती हैं। मुख्यमंत्री को यह नहीं भूलना चाहिए कि श्री अकाल तख्त साहिब एक इमारत का नाम नहीं है। बल्कि यह छठे पातशाह द्वारा सिद्धांत और विचार के प्रकाश में बनाया गया असली सिंहासन है।
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मुगलों, अंग्रेजों और सरकारों ने समय-समय पर इसे झुकाने की कोशिश की लेकिन गुरु के बख्शे इस सिद्धांत के आगे सरकारों को मुंह की खानी पड़ी है। आज की सरकारें भी ऐसी ही एक बड़ी गलती कर रही हैं। गुरबाणी को भी तोड़मरोड़ कर पेश किया जा रहा है। इसे बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। शिरोमणि कमेटी इस संबंध में कानूनी लड़ाई भी लड़ेगी।
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छावनी में तब्दील रहा श्री हरमंदिर साहिब के आसपास का इलाका
पुलिस और सुरक्षा एजेंसियों को सूचना मिली थी कि अमृतपाल श्री हरमंदिर साहिब स्थित श्री अकाल तख्त साहिब में माथा टेककर आत्मसमर्पण कर सकता है। यही वजह थी कि श्री हरमंदिर साहिब और आसपास का इलाका छावनी में तब्दील कर दिया गया। बढ़ी संख्या में पुलिस और अर्द्धसैनिक बल के जवानों को तैनात किया गया था। कई होटलों में जांच भी की गई। पुलिस कमिश्नर नौनिहाल सिंह का कहना है कि यह सब संगत की सहूलियत को ध्यान में रखते हुए किया गया है। उन्होंने इसे रूटीन जांच बताया।