फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Chandigarh ›   Sewa Singh Sekhwan resigns from Akali Dal

पंजाब में अकाली दल को एक और झटका, टकसाली नेता सेवा सिंह सेखवां ने दिया इस्तीफा

Sun, 04 Nov 2018 09:04 AM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, गुरदासपुर (पंजाब)
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, गुरदासपुर (पंजाब) Updated Sun, 04 Nov 2018 09:04 AM IST
विज्ञापन
Sewa Singh Sekhwan resigns from Akali Dal
प्रेस कॉन्फ्रेंस करते हुए सेवा सिंह सेखवां व अन्य नेता

पंजाब में अकाली दल को एक और झटका लगा है। गुरदासपुर के हलका कादियां के वरिष्ठ अकाली नेता सेवा सिंह सेखवां ने शनिवार को पार्टी के सभी पदों से इस्तीफा दे दिया। उनके साथ सांसद रतन सिंह अजनाला और सांसद रंजीत सिंह ब्रह्मपुरा भी थे। इस मौके पर सभी टकसाली नेताओं ने अकाली दल के प्रधान सुखबीर सिंह बादल पर तानाशाह होने का आरोप लगाते हुए कहा कि उनकी अगुवाई में अकाली दल अपने पथ से भटक चुका है।

विज्ञापन


सुखबीर ने अकाली दल को अपनी निजी जायदाद बना लिया है। पत्रकारों से बातचीत में सेवा सिंह सेखवां ने कहा कि सुखबीर बादल ने अकाल तख्त की मर्यादा को भंग करते हुए पंथ से निष्कासित डेरा प्रमुख को 2015 में मुंबई में मीटिंग कर बिना किसी की सहमति लिए माफी दिलाई। 2017 के चुनाव में उससे फंड के रुप में मदद भी ली। तख्त साहिबानों की मर्यादा की परवाह किए बगैर तख्त के जत्थेदारों को चंडीगढ़ स्थित अपने आवास पर तलब कर उन्हें मजबूर किया कि वह डेरा प्रमुख को माफी दें। इस माफी को सही ठहराने के लिए 93 लाख रुपये शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी के फंड से इश्तिहार भी दिए गए।

विज्ञापन

इसके बाद बरगाड़ी में अरदास कर रहे लोगों पर पुलिस की लाठियां चलवाई। शिअद-भाजपा सरकार में दो साल बेअदबी की घटनाएं होने पर भी कोई कार्रवाई नहीं की गई। जस्टिस जोरा सिंह आयोग की रिपोर्ट पर कोई अमल नहीं किया गया। जस्टिस रणजीत सिंह आयोग की रिपोर्ट विधानसभा में पेश की गई, लेकिन शिअद उसका सामना करने से भागती रही। उन्होंने कहा कि सुखदेव सिंह ढींढसा ने इस लड़ाई की शुरुआत की थी और अब हम यह लड़ाई खुल कर लड़ेंगे।

84 के दंगों के संबंध में अकाली दल की ओर से किए जा रहे रोष प्रदर्शन के बारे में नेताओं ने कहा कि कभी सिलेबस और अब 1984 दंगे, यह सब अकाली दल दिखावे के लिए कर रहा है। जबकि हकीकत यह है कि जब पार्टी सत्ता में थी तो अकाली दल की ओर से नवंबर महीने में कबड्डी कप आयोजित करवाए जाते थे जिसमें अभिनेत्रियों प्रियंका चोपड़ा और कैटरीना कैफ को बुलाया जाता था।

वर्करों की ओर से लगाए जाने वाले आरोपों पर उन्होंने कहा कि टकसाली नेताओं ने प्रकाश सिंह बादल को मुख्यमंत्री बनाया। मंत्री पद के वह हकदार थे। आतंकवाद के समय तो सुखबीर बादल को अमेरिका भेज दिया गया था। अब वह अकाली दल की अगुवाई कर रहे हैं, जिन्हें अकाली दल के बारे में कुछ भी पता नहीं है।  
 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed