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'स्वरात्मा' ने कुछ यूं दी युवाओं के स्वरों को आत्मा
अमर उजाला, चंडीगढ़
Updated Thu, 05 Dec 2013 12:06 PM IST
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स्वरात्मा बैंड ने चंडीगढ़ के डीएवी कालेज में जबरदस्त धमाल मचाया। बंगलूरु से आई स्पेशल रेड बुल बस पर एक ओर इनकी परफार्मेंस शुरू हुई और दूसरी ओर शुरू हो गया स्टूडेंट्स का हंगामा।
रेड बुल बस यात्रा इंडी संगीत प्रेमियों को मंत्रमुग्ध करने के लिए चंडीगढ़ पहुंची। दिल्ली के पाप रॉक और काव्य लोक बैंड प्रतीक कुहाड़ कलेक्टिव ने कार्यक्रम की शुरुआत की।
उन्होंने मेरे ख्वाबों को बनाया जो... फिर यलो फील्ड्स... फिर बी एट ईज और उसके बाद बिग सरप्राइज सुनाया। इसके बाद बंगलूरु के फोक रॉक बैंड स्वरात्मा ने अपना जलवा बिखेरा।
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जैसे ही स्वरात्मा की आवाज गूंजी वैसे ही स्टूडेंट्स ने हो हुल्लड़ शुरू कर दिया। साथ ही शुरू हो गया फरमाइशों का दौर, कोई बैंड से अपनी खास डिमांड करने लगा तो कोई पंजाबी ढोल को सुनने की मांग कर रहा था।
यह बैंड सुविधाओं से लैस बस की छत पर डीएवी कालेज में परफार्म कर रहा था। स्वरात्मा बैंड ने अपनी शुरुआत की पत्ते सारे... से की। पत्ते सारे बरसेंगे... फिर अंबर से बूंदों से सपने सुनाया।
फिर कावेरी पर आधारित गीत प्यासी हूं मैं... सुनाकर सबको झूमने पर मजबूर कर दिया। उन्होंने ढोल पर पंजाबी मिक्स सुनाया तो कालेज में भंगड़ा शुरू हो गया।
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रेड बुल बस यात्रा इंडी संगीत प्रेमियों को मंत्रमुग्ध करने के लिए चंडीगढ़ पहुंची। दिल्ली के पाप रॉक और काव्य लोक बैंड प्रतीक कुहाड़ कलेक्टिव ने कार्यक्रम की शुरुआत की।
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उन्होंने मेरे ख्वाबों को बनाया जो... फिर यलो फील्ड्स... फिर बी एट ईज और उसके बाद बिग सरप्राइज सुनाया। इसके बाद बंगलूरु के फोक रॉक बैंड स्वरात्मा ने अपना जलवा बिखेरा।
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जैसे ही स्वरात्मा की आवाज गूंजी वैसे ही स्टूडेंट्स ने हो हुल्लड़ शुरू कर दिया। साथ ही शुरू हो गया फरमाइशों का दौर, कोई बैंड से अपनी खास डिमांड करने लगा तो कोई पंजाबी ढोल को सुनने की मांग कर रहा था।
यह बैंड सुविधाओं से लैस बस की छत पर डीएवी कालेज में परफार्म कर रहा था। स्वरात्मा बैंड ने अपनी शुरुआत की पत्ते सारे... से की। पत्ते सारे बरसेंगे... फिर अंबर से बूंदों से सपने सुनाया।
फिर कावेरी पर आधारित गीत प्यासी हूं मैं... सुनाकर सबको झूमने पर मजबूर कर दिया। उन्होंने ढोल पर पंजाबी मिक्स सुनाया तो कालेज में भंगड़ा शुरू हो गया।