फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Chandigarh ›   Right to Service Commission sets deadline for 436 services of 28 departments

सेवा का अधिकार आयोग: विभागों के चक्कर लगाने का समय गया, अब तय समय में होंगे काम

Tue, 05 Apr 2022 11:22 PM IST
ajay kumar न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़ Published by: ajay kumar Updated Tue, 05 Apr 2022 11:22 PM IST
सार

आयोग के कमिश्नर केके जिंदल ने कहा कि अगर किसी का काम तय समय सीमा में नहीं होता है तो वह बिना किसी हिचक के आयोग को शिकायत कर सकता है। बता दें कि 23 जनवरी 2018 को आयोग का गठन किया गया था।

विज्ञापन
Right to Service Commission sets deadline for 436 services of 28 departments
सांकेतिक तस्वीर

विस्तार

सेवा का अधिकार आयोग (आरटीएस) ने लगभग सभी सेवाओं के लिए समय सीमा तय कर दी है। तय समय के अंदर अगर किसी विभाग ने काम नहीं किया तो संबंधित व्यक्ति आयोग में शिकायत कर सकता है। हाल ही में आयोग ने तीन विभागों की कई सेवाओं को अधिसूचित किया है। इसके बाद अब शहर के 28 विभागों की कुल 436 सेवाओं के लिए आयोग ने समय सीमा तय कर दी है।

विज्ञापन

 
सेवाओं की सूची और प्रत्येक काम के लिए कितना समय तय किया गया है, इसकी अधिसूचना सेवा का अधिकार आयोग की वेबसाइट पर देखी जा सकती है। इसमें प्रशासन, नगर निगम के लगभग सभी विभाग, चंडीगढ़ हाउसिंग बोर्ड, आरएलए, परिवहन विभाग, एस्टेट ऑफिस समेत कई विभागों की सेवाएं शामिल हैं। बीते दिनों आयोग ने चंडीगढ़ प्रदूषण नियंत्रण समिति, उद्योग विभाग व प्रशासन के रेंट विभाग की कई सेवाओं को जोड़ा है। इसकी अधिसूचना भी जारी कर दी गई है। 
विज्ञापन


आयोग के कमिश्नर केके जिंदल ने कहा कि अगर किसी का काम तय समय सीमा में नहीं होता है तो वह बिना किसी हिचक के आयोग को शिकायत कर सकता है। बता दें कि 23 जनवरी 2018 को आयोग का गठन किया गया था। इसके बाद 26 अप्रैल 2018 को आईएएस केके जिंदल (रिटा.) को पहला कमिश्नर नियुक्त किया गया। 

विज्ञापन
विज्ञापन

आयोग ने 13 सितंबर 2019 को मुख्य पांच विभागों के 188 सेवाओं को अधिसूचित किया गया। 11 अक्तूबर 2019 को रूल्स नोटिफाई किए गए। इसके बाद 8 अक्तूबर 2020 को 23 अन्य विभागों के कई सेवाओं को मिला कुल 486 सेवाएं अधिसूचित की गईं। हालांकि समीक्षा के बाद अब कुल 28 विभाग की 436 सेवाओं अधिसूचित की गई हैं।

एक बूथ के लिए एस्टेट ऑफिस ने कई साल तक कटवाए चक्कर, आयोग से मिली राहत
शहर के मुकेश गोयल (जीपीए ऑफ लखबीर सिंह) को एक बूथ के लिए एस्टेट ऑफिस ने कई साल चक्कर लगवाए। आखिर में उन्होंने आयोग का दरवाजा खटखटाया तो उन्हें करीब एक महीने में ही राहत मिल गई। साथ ही आयोग ने इस मामले में ब्रांच हेड पर जुर्माना लगाने के साथ कार्रवाई के आदेश दिए हैं। लखबीर सिंह ने वर्ष 1991 में 99 साल के लिए सेक्टर-44 में एक बूथ खरीदा था। 

उन्होंने 25 फीसदी राशि का भुगतान भी कर दिया था। आवंटन के बाद एस्टेट ऑफिस ने वादे अनुसार मूलभूत सुविधाएं मुहैया नहीं कराईं तो वह अप्रैल 1993 में पंजाब और हरियाणा हाईकोर्ट चले गए। कहा कि जब एस्टेट ऑफिस ने सुविधाएं ही नहीं दीं तो वह बाकी के पैसे क्यों दें। इसके कुछ दिन बाद एस्टेट ऑफिस ने बूथ का आवंटन रद्द कर दिया। 

वर्ष 2012 में मामला सुप्रीम कोर्ट पहुंचा और फैसला याचिकाकर्ता के पक्ष में आया। अदालत ने आदेश दिया कि आवंटन बहाल करने के साथ याचिकाकर्ता को कुल बकाया जोड़कर बताया जाए ताकि वह रकम जमा कराकर काम शुरू कर सकें लेकिन एस्टेट ऑफिस ने मामले को लटकाए रखा और याचिकाकर्ता को प्रशासन के वित्त सचिव के पास अपील के लिए कहा। 

ब्रांच इंचार्ज पर 10 हजार का जुर्माना, कार्रवाई के आदेश
वित्त सचिव के पास अपील के बाद भी वह बूथ के लिए कई साल चक्कर काटते रहे। तंग आकर मार्च 2022 में उन्होंने सेवा का अधिकार आयोग का दरवाजा खटखटाया। दो सुनवाई हुई। सुनवाई में आयोग के कमिश्नर केके जिंदल ने एस्टेट ऑफिस से अधिकारी से देरी का कारण पूछा तो उन्होंने कहा कि वह वरिष्ठ अधिकारियों से मंजूरी का इंतजार कर रहे थे। इस पर आयोग ने जमकर फटकार लगाई और कहा कि जब पहले ही एस्टेट ऑफिसर बकाया राशि बताने के आदेश दे चुके हैं तो फिर वो किस आदेश का इंतजार कर रहे थे।

आयोग ने एस्टेट ऑफिस के ब्रांच इंजार्च पर 10 हजार रुपये का जुर्माना लगाया है। कहा गया है कि इसमें से 9 हजार रुपये मुकेश गोयल को मुआवजे के तौर पर दिया जाए। एस्टेट ऑफिसर को आदेश दिए हैं कि बकाया राशि को बताने में देरी करने पर संबंधित कर्मचारी के खिलाफ जांच के आदेश दें या फिर सख्त कार्रवाई करें।

यहां कर सकते हैं संपर्क

  • चंडीगढ़ सेवा आयोग का अधिकार
  • नगर योजना भवन, सी-विंग, मध्य मार्ग
  • सेक्टर 18-ए, चंडीगढ़- 160018
  • फोन नंबर 0172-5171500, 2700018
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed