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भर्ती फर्जीवाड़ा: सुरजेवाला ने फिर बोला हमला, कहा- सरकार बंद कर रही जांच, अदालत में कमजोर तथ्य रखे
Thu, 25 Nov 2021 02:44 PM IST
ajay kumar
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
Published by: ajay kumar
Updated Thu, 25 Nov 2021 02:44 PM IST
सार
नौकरी में फर्जीवाड़े को लेकर कांग्रेस हरियाणा सरकार पर हमलावर है। गुरुवार को रणदीप सिंह सुरजेवाला ने एक बार फिर हरियाणा सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने सरकार पर अदालत में कमजोर तथ्य रखने का आरोप लगाया।
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रणदीप सुरजेवाला ने सरकार पर बोला हमला।
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव रणदीप सुजरेवाला ने नौकरियों में फर्जीवाड़े को लेकर एक बार फिर हरियाणा सरकार पर हमला बोला। सुरजेवाला ने आरोप लगाया कि सरकार अब इस मामले को जांच बंद कर रही है। सरकार और विजिलेंस ने अदालत में कमजोर तथ्य रखे हैं, जिससे आरोपियों का पुलिस रिमांड खत्म हो गया और उनको जेल भेज दिया गया। अब मामले जांच कैसे होगी।
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पार्टी मुख्यालय में आयोजित प्रेसवार्ता में सुरजेवाला ने कहा कि मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने झूठ बोलकर क्यों बरगलाया। भाजपा-जजपा सरकार को फैसला करना पड़ेगा कि वह नौकरी बेचने वालों के साथ हैं या हरियाणा के युवाओं के । उन्होंने कहा कि पुलिस और विजिलेंस विभाग जाच शुरू होने से पहले ही सारे मामले को रफा-दफा करना चाहते है।
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साल 2018 की एचपीएससी की रिश्वत दो नौकरी लो मामले की तरह ही यह मामला ठंडे बस्ते में चला जाएगा। सुजरेवाला ने कहा कि मुख्यमंत्री झूठ बोलकर किसको बचा रहे हैं। 23 नवंबर को हाई पावर कमेटी के बाद मुख्यमंत्री कहते है कि अनिल नागर हरियाणा लोक सेवा आयोग के दफ्तर से गिरफ्तार ही नहीं हुआ।
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अनिल नागर के वकील और मुख्यमंत्री एक ही बात कह रहे है तो फिर विजिलेंस कैसे आरोपियों को सजा दिलाएगी। जबकि विजिलेंस अनिल नागर को एचपीएससी के दफ्तर से एक करोड़ सात लाख रुपयों के साथ गिरफ्तार करने की बात कह रही है। जांच पर सवाल उठाते हुए कांग्रेस नेता ने कहा कि अनिल नागर के घर और रिश्तेदारों के घरों से कागजों की बरामदगी क्यों नहीं हुई।
विजिलेंस ने मामले को केवल एचसीएस की 22 और डेंटल सर्जन की 22 ओएमआर शीट्स तक सीमित कर दिया है, जबकि आरोपियों ने अन्य भर्तियों में भी गड़बड़ी की बात स्वीकार की है। धांधली तो बड़े स्तर पर हुई लेकिन अपने लोगों को फिट करने के लिए यह साजिश रची गई।