पंजाब: किसानों के समर्थन में आए नवजोत सिद्धू, अमृतसर-पटियाला में घरों पर लगाया काला झंडा
पिछले छह माह से कृषि कानूनों के विरोध में किसानों का प्रदर्शन जारी है।
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इसी के तहत मंगलवार को नवजोत सिंह सिद्धू और उनकी पत्नी ने पटियाला में अपने घर की छत पर किसानों के हक काला झंडा लहराया। वहीं अमृतसर में नवजोत सिंह सिद्धू के घर पर उनकी बेटी राबिया सिद्धू की ओर से काला झंडा फहराया गया। इस मौके पर राबिया सिद्धू ने बोले सो निहाल के जयकारे लगाए और किसानों के हक में कृषि कानून रद्द करने को लेकर केंद्र सरकार का विरोध करते हुए जय किसान जय जवान के नारे लगाए।
unjab MLA Navjot Singh Sidhu puts up a black flag at his residence in Patiala (pic 1) and Amritsar (pic 2) in support of farmers protesting against the three farm laws pic.twitter.com/fJuTOgKZNq
विज्ञापन विज्ञापन— ANI (@ANI) May 25, 2021
इस दौरान सिद्धू ने कहा कि केंद्र सरकार द्वारा लाए गए खेती कानूनों से पंजाब की किसानी खत्म हो जाएगी। इसलिए हरेक पंजाबी का फर्ज है कि वह किसानों के समर्थन में आगे आए। सिद्धू ने कहा कि किसानों पर कर्जे बढ़ रहे हैं और उनकी आमदनी खत्म हो रही है। पंजाब के किसान इज्जत की रोटी के लिए संघर्ष कर रहे हैं। इन कृषि कानूनों से एमएसपी पर फसलों की खरीद यकीनी नहीं हो सकेगी। यह काला झंडा इन काले खेती कानूनों व इस किसान विरोधी सिस्टम को ठुकराने की निशानी है। सिद्धू ने कहा कि जब तक यह सिस्टम नहीं बदलता, तब तक यह झंडा उतरेगा नहीं।
उन्होंने पंजाब की जनता को भी किसानों के समर्थन में काले झंडे फहराने की अपील की। गौरतलब है कि सिद्धू ने किसान आंदोलन के समर्थन में सोशल मीडिया पर एक पोस्ट डालकर एलान किया था कि वह पटियाला व अमृतसर में अपनी रिहायश पर काले झंडे फहराएंगे। सिद्धू ने लिखा था कि वह सभी को अपील करते हैं कि जब तक खेती कानून रद्द नहीं किए जाते या राज्य सरकार फसलों की खरीद व एमएसपी को यकीनी बनाने का हल नहीं तलाशती, तब तक हर छत पर काला झंडा लगाया जाए।
एक तीर से दो निशाने साधे सिद्धू ने
पटियाला में अपनी कोठी की छत पर काला झंडा फहराकर एक बार फिर से जहां नवजोत सिंह सिद्धू ने सीएम कैप्टन अमरिंदर सिंह के गढ़ में अपनी सक्रियता दिखाई, वहीं किसानों के हक में बोलकर आने वाले चुनावों के मद्देनजर बड़े वोट बैंक को भी साधा। यहां खास बात यह है कि कैप्टन ने किसानों को कोविड के कारण पटियाला में धरना न देने की अपील की थी। इसके अगले ही दिन सिद्धू ने किसानों के हक में हर पंजाबी से उनका साथ देने की अपील कर डाली थी। गौरतलब है कि कैप्टन मीडिया में सिद्धू जोड़े की अपने हलके पटियाला में बढ़ती सक्रियता को लेकर नाराजगी जता चुके हैं।