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उपायुक्त को बताई कालोनीवासियों की समस्याएं
अमर उजाला, चंडीगढ़
Updated Tue, 03 Dec 2013 02:16 AM IST
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कालोनी निवासियों की समस्याओं को लेकर पूर्व केंद्रीय मंत्री एवं भाजपा नेता हरमोहन धवन के नेतृत्व में प्रतिनिधि मंडल सोमवार को अतिरिक्त उपायुक्त तनवी गर्ग से मिला।
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प्रतिनिधिमंडल ने अतिरिक्त उपायुक्त को प्रधानमंत्री के नाम से खुला पत्र भी सौंपा।
पत्र में धवन ने प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह से कहा गया है कि वर्ष 1991 में जब चंद्रशेखर प्रधानमंत्री थे तो वह भी केंद्रीय मंत्री थे और आप उस समय हमारी सरकार के आर्थिक सलाहकार थे, आपको याद होगा कि उस समय हमने झुग्गी- झोपड़ी वालों को पुनर्वास करने के लिए योजना बनाई थी।
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इसके अंतर्गत मौलीजागरा में लोगों को मकान दिए गए। हमारी यह योजना थी कि 5 साल के भीतर पूरे शहर के कालोनी वासियों को पक्के मकान देकर पहला स्लम फ्री सिटी चंडीगढ़ को बनाया जाए, लेकिन दुर्भाग्यवश लोकसभा चुनाव हार जाने के कारण यह योजना ठंडे बस्ते में पड़ गई और अब 22 साल बाद इस योजना पर काम किया गया।
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इसके तहत धनास में फ्लैटों का निर्माण किया गया। लेकिन, यहां पर लोगों को मूलभूत सुविधाएं नहीं मिल रही हैं।
धवन ने पत्र में यह भी कहा है कि वह दो माह पहले पुनर्वास योजना के तहत फ्लैटों का उद्घाटन करने आए थे तो उन्हें जो दो सैंपल फ्लैट दिखाए गए थे, हकीकत इसके बिल्कुल विपरीत है।
पत्र में कहा गया है कि जो एक एक कमरे के मकान दिए गए है उसके साथ रसोई भी नहीं है।
पत्र में कहा गया है कि भविष्य के लिए प्रधानमंत्री को हिदायत दी जानी चाहिए, ताकि प्रशासन को चाहिए कि पहले पुनर्वास योजना के तहत जो मकान बनाए जा रहे हैं, उनमें पहले मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध करवाई जाएं।
इसके बाद कॉलोनी में झुग्गी निवासियों को शिफ्ट किया जाए। अतिरिक्त उपायुक्त को धवन ने यह भी कहा कि जो इस समय कालोनी नंबर-5 के लोगों के पेडिंग मामले है उन्हें जल्द फ्लैट अलॉट किए जाएं।
उन्होंने कहा कि इस समय धनास में पुनर्वास योजना के तहत बने फ्लैटों में कालोनी नंबर-5 के लोगों को शिफ्ट किया गया है, लेकिन अभी भी धनास में खस्ता हालत है।
यहां पर न तो बच्चों के लिए सरकारी स्कूल है और न ही इलाज के लिए डिस्पेंसरी बनाई गई है और न ही कोई मार्केट है।
अतिरिक्त उपायुक्त ने बताई गई समस्याओं को दूर करने का आश्वासन दिया है। इस मौके पर देवेंद्र सिंह औलख, पप्पू शुक्ला, मनु दुबे, नौशाद अली, संतोष शर्मा, दलीप शर्मा, अनिल दुबे, हरिशंकर मिश्र, राम संजीवन मिश्र सहित कई नेताओं ने भाग लिया।