फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Chandigarh ›   pollution, air pollution, straw burning in punjab haryana

हरियाणा-पंजाब में 24 घंटे में 2900 जगहों पर पराली जली, धुएं की हिस्सेदारी 25 प्रतिशत तक बढ़ी

Tue, 05 Nov 2019 03:49 PM IST
खुशबू गोयल न्यूज डेस्क, अमर उजाला, रोहतक(हरियाणा)
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, रोहतक(हरियाणा) Published by: खुशबू गोयल Updated Tue, 05 Nov 2019 03:49 PM IST
विज्ञापन
pollution, air pollution, straw burning in punjab haryana
धान की पुआल जलाना प्रदूषण का कारण - फोटो : अमर उजाला
रोक और कार्रवाई के बावजूद हरियाणा और पंजाब में पराली जलाने के मामले कम नहीं हो रहे हैं। सरकारी एजेंसी सफर के सिस्टम में बीते 24 घंटे में पराली जलाने के 2900 मामले दर्ज किए। इधर, कैथल में पराली में आग लगाने पर सोमवार को 26 किसानों पर केस दर्ज किया। बताया जाता है कि दिल्ली के वायु प्रदूषण में पराली जलाने से निकले धुएं की हिस्सेदारी 25 प्रतिशत तक पहुंच गई है। पांच दिनों के अंदर यह दूसरा सर्वाधिक स्तर है।
विज्ञापन


इससे पहले 31 अक्तूबर को 3178 मामले सामने आए थे।  पर्यावरण प्रदूषण (रोकथाम और नियंत्रण) प्राधिकरण ने कार्यान्वयन एजेंसियों को पंजाब तथा हरियाणा में पराली जलाने पर रोक लगाने के लिए तत्काल सख्त कदम उठाने को भी कहा था। इसके बावजूद पराली जलाने के मामले थम नहीं रहे हैं। पृथ्वी विज्ञान मंत्रालय की वायु गुणवत्ता निगरानी इकाई ‘सफर’ के मुताबिक रविवार आधी रात तक  2900 मामले दर्ज किए गए।
विज्ञापन


इससे दिल्ली के प्रदूषण में पराली जलाने से निकले धुएं की हिस्सेदारी 25 प्रतिशत तक पहुंच गई। एक दिन पहले सफर ने बताया था कि पराली जलाने के सिर्फ 57 मामले दर्ज किए गए हैं। इससे प्रदूषण में पराली के धुएं का हिस्सा 17 फीसदी रहा। 24 घंटे में यह हिस्सा 8 प्रतिशत बढ़ गया। एजेंसी को मौसम परिर्वतन के चलते वायु गुणवत्ता में सुधार की उम्मीद है।
विज्ञापन
विज्ञापन

खेतों में आग लगाने पर 26 किसानों पर एफआईआर

कैथल खेतों में फसल अवशेष जलाने पर जिला प्रशासन ने सोमवार को 26 किसानों पर एफआईआर दर्ज करवाई। कुल 458 किसानों पर जुर्माना किया जाना है जिनके खेतों में आग लगाए जाने की पुष्टि की जा चुकी है। अब तक जिले में 148 किसानों को 2500 रुपये की दर से जुर्माना किया गया है।
 
टोहाना में 8 और किसानों पर केस दर्ज
टोहाना (फतेहाबाद) थाना सदर पुलिस ने कृषि विभाग के अधिकारियों की शिकायत पर अलग-अलग गांवों के 8 किसानों के खिलाफ पर्यावरण को नुकसान पहुंचाने व धारा 188 के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस को दी शिकायत में कृषि विभाग के अधिकारियों ने बताया कि गांव ललौदा, बुडनपुर और हैदरवाला के किसानों ने पराली को आग लगाई, जिससे पर्यावरण को नुकसान पहुंचा है।

जींद जिले में 33 लोगों के खिलाफ केस दर्ज
जींद नरवाना के एसडीएम जयदीप कुमार ने सोमवार को जहां भी पराली व फाने जलते देखा वहां फायर ब्रिगेड को बुलाकर पहले आग बुझवाई। कृषि विभाग के अधिकारियों को कार्रवाई के आदेश दिए। पराली जलाने के मामले में प्रशासन ने सोमवार को 33 किसानों के खिलाफ एफआईआर दर्ज करवाई। अब तक जिले में कुल 110 किसानों के खिलाफ एफआईआर दर्ज हो चुकी है।

सिरसा में 205 स्थानों पर जलाई गई पराली

सिरसा जिले में 205 जगहों पर पराली जलाने की घटनाएं सामने आ चुकी हैं। पराली जलाने पर किसानों से एक लाख 85 हजार रुपये जुमाना वसूला गया है। इसके अलावा प्रशासन ने तीन और किसानों के खिलाफ एफआईआर करवाने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। पराली जलाने से रोकने के लिए अधिकारी 30 संवेदनशील गांवों में सभाएं करेंगे, ताकि किसानों को जागरूक किया जा सके।

पराली ही नहीं, कचरा भी जलाया जा रहा
भिवानी जिले में पराली और कचरा भी खूब जलाया जा रहा है। मगर कार्रवाई के नाम पर कृषि विभाग अधिकारियों ने महज दो किसानों से पराली जलाने पर ढाई-ढाई हजार रुपये जुर्माना वसूला है। 43 गांवों को चिह्नित कर पराली जलाने से रोकने के लिए निगरानी टीमें गठित की गई हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed