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कोरोना ने बदला अभ्यास का तरीका, स्कूल बैग को बनाया पंचिंग बैग, ईंटों के साथ कर रहे वर्कआउट
Tue, 01 Sep 2020 07:30 PM IST
ajay kumar
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, रोहतक (हरियाणा)
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, रोहतक (हरियाणा)
Published by: ajay kumar
Updated Tue, 01 Sep 2020 07:30 PM IST
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अभ्यास करता खिलाड़ी।
- फोटो : अमर उजाला
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‘कोरोना महामारी ने खिलाड़ियों की जीवनशैली को भी बदल दिया है। खिलाड़ियों के सामने अपने अभ्यास के साथ-साथ खुद को फिट रखना भी बड़ी चुनौती बन गई थी। स्टेडियम बंद होने पर सभी को सीमित संसाधनों में अभ्यास करना था। लेकिन खिलाड़ियों ने इस चुनौती को स्वीकार किया और अपनी क्रिएटिविटी से अपनी खेल प्रतिभा को तराशा।
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खिलाड़ियों ने इस दौरान ऑनलाइन प्रशिक्षण प्राप्त किया। किसी ने स्कूल बैग को पंचिंग बैग में बनाकर मुक्केबाजी का अभ्यास किया तो किसी ने ईंटे उठाकर वर्कआउट किया।’ यह बात रोहतक के राजीव गांधी खेल परिसर में स्थित नेशनल सेंटर ऑफ एक्सीलेंस इन बॉक्सिंग के सीनियर कोच भास्कर चंद्र भट्ट ने कही।
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उन्होंने बताया कि खिलाड़ियों ने ऑनलाइन प्रशिक्षण के दौरान अपनी क्रिएटिविटी का परिचय दिया। यह दौर सभी के लिए मुश्किल रहा है लेकिन खिलाड़ियों ने इस आपदा को अवसर में बदलने का काम भी किया है। घर बैठे सभी खिलाड़ियों ने अपने अपने तरीके से ऑनलाइन प्रशिक्षण के द्वारा मेहनत की है।
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उन्होंने बताया कि एनसीओई से 15 प्रशिक्षकों ने देशभर के करीब 470 खिलाड़ियों ने ऑनलाइन प्रशिक्षण दिया। इसमें खेलों इंडिया के साथ-साथ अलग-अलग राज्यों के खिलाड़ी ऑनलाइन प्रशिक्षण में जुड़े। अकादमी के सीओओ सतीश कुमार सरहदी ने बताया कि खिलाड़ियों को ऑनलाइन प्रशिक्षण के लिए तीन प्रोजेक्टर लगवाए गए, ताकी बड़ी स्क्रीन पर प्रशिक्षकों को खिलाड़ियों की गतिविधियां दिख सके।
इससे कोच खिलाड़ियों के पंच की मूवमेंट व अन्य गतिविधियों को बारीकी से ऑब्जर्व करते हैं और फिर जो कमी होती है, खिलाड़ी को उसके बारे में बताया जाता है। प्रोजेक्टर पर एक बार में करीब 75 खिलाड़ी एक साथ जुड़ते हैं। अगस्त में कुछ दिन के लिए प्रोजेक्टर से ऑनलाइन प्रैक्टिस की बजाए प्रशिक्षकों ने फोन के माध्यम से खिलाड़ियों को कोचिंग दी। अब एक सितंबर से दोबारा प्रोजेक्टर से ऑनलाइन कोचिंग शुरू होगी।