{"_id":"586147f74f1c1b8840eebdb2","slug":"people-protest-outside-of-bank-in-ludhiana-punjab","type":"story","status":"publish","title_hn":"नगदी होने के बावजूद नहीं दिए पैसे, लोगों ने किया बैंक का घेराव","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
नगदी होने के बावजूद नहीं दिए पैसे, लोगों ने किया बैंक का घेराव
ब्यूरो/अमर उजाला, जगरांव (लुधियाना)
Updated Mon, 26 Dec 2016 10:10 PM IST
विज्ञापन
नगदी होने के बावजूद पैसे न देने पर बैंक का घेराव
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
सुबह से लाइन में लगे लोगों को नगदी देने से मैनेजर के दो टूक इंकार से भड़के लोगों ने बैंक को घेर लिया। लोगों ने सड़क जाम कर नारेबाजी की तो 17 लाख रुपये होने के बावजूद लोगों को पैसे न देने की बात कहने वाले मैनेजर ने नगदी देना शुरू करवा दिया।
लाजपत राय रोड स्थित स्टेट बैंक ऑफ इंडिया के बाहर नगदी लेने के लिए लाइनों में खड़ी जनता उस समय भड़क गई जब बैंक मैनेजर ने 17 लाख रुपये की नगदी होने के बावजूद नगदी न होने की बात कह दी। इससे भड़के लोगों ने बैंक का घेराव कर सड़क जाम कर दी और मैनेजर के खिलाफ नारेबाजी शुरू कर दी। सड़क जाम होने के कारण मौके पर थाना सिटी के प्रमुख केवल कृष्ण पुलिस पार्टी सहित पहुंच गए।
लोगों ने थाना प्रमुख को बैंक मैनेजर की दादागिरी की शिकायत करते हुए कहा कि सुबह से वह लाइनों में खड़े हैं। लोगों को पहले 24-24 हजार रुपये बांटे जब उनकी बारी आई तो नगदी नहीं होने की बात कहकर उनसे दुर्व्यवहार किया गया और बैंक को ताला मार दिया गया जबकि बैंक में 17 लाख रुपये थे। थाना प्र्रमुख के बैंक मैनेजर के साथ बात करने के बाद लोगों को नगदी देनी शुरू की गई।
विज्ञापन
विज्ञापन
लाजपत राय रोड स्थित स्टेट बैंक ऑफ इंडिया के बाहर नगदी लेने के लिए लाइनों में खड़ी जनता उस समय भड़क गई जब बैंक मैनेजर ने 17 लाख रुपये की नगदी होने के बावजूद नगदी न होने की बात कह दी। इससे भड़के लोगों ने बैंक का घेराव कर सड़क जाम कर दी और मैनेजर के खिलाफ नारेबाजी शुरू कर दी। सड़क जाम होने के कारण मौके पर थाना सिटी के प्रमुख केवल कृष्ण पुलिस पार्टी सहित पहुंच गए।
विज्ञापन
लोगों ने थाना प्रमुख को बैंक मैनेजर की दादागिरी की शिकायत करते हुए कहा कि सुबह से वह लाइनों में खड़े हैं। लोगों को पहले 24-24 हजार रुपये बांटे जब उनकी बारी आई तो नगदी नहीं होने की बात कहकर उनसे दुर्व्यवहार किया गया और बैंक को ताला मार दिया गया जबकि बैंक में 17 लाख रुपये थे। थाना प्र्रमुख के बैंक मैनेजर के साथ बात करने के बाद लोगों को नगदी देनी शुरू की गई।
विज्ञापन