अफसर बेटे राहुल को पहला सेल्यूट पापा का
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भारतीय सैन्य अकादमी (आईएमए) की पासिंग आउट परेड (पीओपी) के बाद सैन्य अधिकारी बने कई युवा ऐसे रहे, जिन्हें पहला सेल्यूट सेना में ही तैनात अपने पिता का मिला।
लेफ्टिनेंट बनकर ये युवा सेना में अपने पिता से ऊंची रैंक पर आ गए हैं। वहीं, सेना से रिटायर्ड कई नॉन कमीशंड अफसरों (एनसीओ) ने भी अफसर बने बेटों को पहले सैल्यूट किया, फिर अपना सपना पूरा होने पर पीठ ठोक हौसला अफजाई की।
देश में सेना प्रशिक्षण से जुड़े संस्थानों में आईएमए को सर्वोच्च माना जाता है। यहां से पासआउट होने वाले युवा सेना में बतौर लेफिटनेंट जुड़ते हैं। शनिवार को हुई पीओपी में कई युवा ऐसे थे, जिनके पिता भी सेना में कार्यरत हैं या रिटायर हो चुके हैं।
बेहद गर्व से राहुल को सैल्यूट
चंडीगढ़ के निकट जीरकपुर निवासी लेफ्टिनेंट राहुल यादव के पिता रणधीर सिंह यादव एयरफोर्स में हैं। बेटे के अफसर बनते ही उन्होंने बेहद गर्व से राहुल को सैल्यूट किया। मां रोशनी यादव और बहन प्रीति यादव भी इन ऐतिहासिक पलों की साक्षी बनी। रणधीर सिंह यादव ने कहा कि आज बेटा उनसे सीनियर रैंक का अफसर बन गया। अब सैल्यूट तो बनता ही है।
दून निवासी ऑनरेरी लेफ्टिनेंट वीपी उनियाल ने भी बेटे लेफ्टिनेंट आदित्य उनियाल को सैल्यूट मारा। बेटे ने भी सैल्यूट से पिता का अभिवादन किया। कोटा में तैनात पिथौरागढ़ निवासी नायब सूबेदार शिव सिंह बोरा के लिए भी यह पल बेहद अहम थे। उनका बेटा सीएस बोरा सेना में लेफ्टिनेंट बन गया। उन्होंने बेटे को सैल्यूट मारा और फिर गले लगा लिया।
इसी तरह रानीखेत निवासी सूबेदार जेसी पांडेय (रिटायर्ड) ने भी अपने लेफ्टिनेंट बेटे योगेश पांडे को सैल्यूट मारा। कहा कि वह कल तक अपने बेटे को मोटिवेट करते थे लेकिन आज बेटे ने उनसे ऊंची रैंक का अधिकारी बनकर उनका सिर गर्व से ऊंचा कर दिया।