OMG! एक ऐसा इलाका, जहां पानी में चलेगी बस
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पंजाब हेरिटेज एंड टूरिज्म प्रमोशन बोर्ड के दावे पर यकीं करें तो पर्यटकों को जल्द पानी पर बस चलती दिखाई देगी। पंजाब के डिप्टी सीएम सुखबीर बादल के पानी पर बस चलाने के एलान का बेशक सियासी विरोधियों ने काफी मजाक उड़ाया हो लेकिन पंजाब हेरिटेज एंड टूरिज्म प्रमोशन बोर्ड ने सुखबीर के ड्रीम प्रोजेक्ट को साकार करने की तैयारी शुरू कर दी है।
हरिके वेटलैंड में एम्फीबियस बस चलाने की कवायद शुरू हो गई है। देश में यह अपनी तरह का पहला प्रोजेक्ट होगा। फिलहाल दुबई, टोरंटो और यूरोप में ऐसी बसें चलती हैं।
तीस अक्तूबर को पर्यटन विभाग के प्रमुख सचिव की प्रधानगी में चंडीगढ़ में हुई बैठक में एक एम्फीबियस बस खरीदने पर मुहर लगा दी गई है। इसकी टेंडर प्रक्रिया भी शुरू हो गई है। नवंबर के अंत तक इसके फाइनल होने की उम्मीद है। बस में वयस्कों और बच्चों को मिला कर साठ लोगों के बैठने का इंतजाम होगा।
बस उपलब्ध कराने वाली कंपनी लाइफ जैकेट भी मुहैया कराएगी। इसके साथ ही ऑपरेटर को ट्रेनिंग और सेफ्टी ट्रेनिंग ड्रिल का भी इंतजाम करेगी। बस चलाने से पहले वेटलैंड में पानी की स्थिति और बस चलने से हरियाली को नुकसान का जायजा लिया गया है।
सिंचाई विभाग से पानी की गहराई, स्पीड पर इनपुट मांगे गए हैं। जबकि, साइंस व तकनीकी विभाग से इस इलाके में हरियाली और जल जीवों की जानकारी देने और यह बताने को कहा गया था कि बस चलने से इन पर क्या प्रभाव पड़ेगा।
पहले चरण में दो रूट फाइनल
तीन रूटों पर विचार के बाद पहले चरण में दो रूट फाइनल किए गए हैं। पहला रूट हरिके शहर (गुरुद्वारे) से अमृतसर-फिरोजपुर साइड बैराज तक है। जबकि, दूसरा रूट चूड़ियां पर लेफ्ट मार्जिनल बांध से चूड़ियां के पास वाटर बॉडी की ओर होगा। यह बस दिन में दो बार चलाई जाएगी, एक चक्कर डेढ़ से पौने दो घंटे का होगा।
एंट्री-एग्जिट पर बनेंगे रैंप
पंजाब हेरिटेज एंड टूरिज्म प्रमोशन बोर्ड ने दोनों रूटों के एंट्री व एग्जिट प्वाइंट पर चार रैंप बनाने का फैसला किया है। रैंप की संभावित लोकेशन भी फाइनल कर ली गई है। रैंप बनाने की जिम्मेदारी सिंचाई विभाग को सौंपी गई है। पीआरटीसी को बोर्डिंग व डी-बोर्डिग प्वाइंट्स की निशानदेही करने के निर्देश दिए गए हैं। इनको बनाने की जिम्मेदारी पीडब्ल्यूडी को सौंपी गई है।
नजदीकी शहरों से सैलानियों को लाया जाएगा
पर्यटन विभाग के प्रमुख सचिव ने पीआरटीसी को निर्देश दिए हैं कि अमृतसर, फिरोजपुर और नजदीकी शहरों से सैलानियों को लाने के लिए विशेष बसें चलाई जाएं। बस स्टैंड, रेलवे स्टेशन, एयरपोर्ट से लोगों को लाने का भी इंतजाम हो। ताकि ज्यादा से ज्यादा सैलानी इसका आनंद ले सकें।
हरिके वेटलैंड में एम्फीबियस बस चलाई जाएगी, जोकि देश में अपनी तरह का पहला प्रोजेक्ट होगा। बस खरीदने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। दो रूट भी फाइनल किए गए हैं। पर्यटक जल्द ही इसका लुत्फ उठा सकेंगे।
- एनपीएस रंधावा, सीईओ, पंजाब हेरिटेज व टूरिज्म प्रमोशन बोर्ड