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नर्सिंग वेलफेयर व पीजीआई प्रशासन के बीच तनातनी बढ़ी
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़
Updated Tue, 02 Feb 2016 11:36 AM IST
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नर्सों की ड्यूटी आवर्स पर हुए विवाद पर नर्सिंग वेलफेयर एसोसिएशन और पीजीआई प्रशासन के बीच तनातनी और बढ़ गई है। अपने तय आंदोलन के मुताबिक नर्सिंग वेलफेयर एसोसिएशन ने सोमवार को निवेदिता हास्टल से अपना विरोध मार्च निकालने की कोशिश की तो पुलिस ने उन्हें रोक लिया।
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पुलिस ने उन्हें चेतावनी दी कि यदि वे डायरेक्टर आफिस की ओर आगे बढ़ेंगे तो उन्हें गिरफ्तार कर लिया जाएगा। इसके लिए नर्सिंग वेलफेयर एसोसिएशन के सदस्य तैयार भी हो गए, लेकिन इस बीच लेबर डिपार्टमेंट की ओर से पीजीआई प्रशासन व वेलफेयर एसोसिएशन को एक नोटिस भेजकर तीन फरवरी को बातचीत के लिए बुलाया है।
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पीजीआई प्रशासन की ओर से दावा किया गया है कि रीजनल लेबर कमिश्नर ने नोटिस जारी कर नर्सिंग वेलफेयर एसोसिएशन के आंदोलन को गैरकानूनी व मनमाना करार दिया है।
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नर्सिंग एसोसिएशन के लखविंदर सिंह का कहना है कि सुरक्षा की दृष्टि से नर्सों के नए ड्यूटी आवर्स ठीक नहीं हैं। इससे उन्हें काफी दिक्कतें आ रही हैं। यदि ड्यूटी पुराने शेड्यूल से कर दी जाएं तो उन्हें कोई परेशानी नहीं है।
पीजीआई का कहना है कि नए ड्यूटी आवर्स मरीज और नर्सों के लिए फायदेमंद हैं। इसलिए इसे बदला नहीं जा सकता है। जब नर्सों ने पीजीआई ज्वाइन किया था, उस दौरान उनके नियुक्ति पत्र पर इस बारे में साफ उल्लेख था।