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मेडिकल की परीक्षाओं पर बने संशय को लेकर मंत्री विज से मिले एनएसयूआई अध्यक्ष, बोले...
Tue, 30 Jun 2020 01:31 PM IST
खुशबू गोयल
अमर उजाला, चंडीगढ़
अमर उजाला, चंडीगढ़
Published by: खुशबू गोयल
Updated Tue, 30 Jun 2020 01:31 PM IST
सार
- बेहतर सेहत की कामना कर छात्र हितों में रखी मांग
- मेडिकल छात्रों की परीक्षाओं के संदर्भ में सुझाव सौंपे
- कहा, छात्र हितों में फैसला ले केंद्र व राज्य सरकार
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मंत्री विज से मिलते एनएसयूआई अध्यक्ष
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
कोरोना महामारी के चलते देश 3 महीने से लोकडाउन में है, अब अनलॉक-1 के बाद अनलॉक-2 भी शुरू हो गया है, परन्तु संक्रमण अभी थमने का नाम नही ले रहा। आलम यह है कि रोजाना कोरोना के मामलों में वृद्धि हो रही है। इसी बीच एनएसयूआई हरियाणा के प्रयासों से जहां प्रदेश के तमाम विश्वविद्यालयों व महाविद्यालयों के सभी छात्रों को बिना परीक्षाओं के प्रमोट करवाने के आदेश हो चुके हैं। लेकिन मेडिकल संकाय के छात्रों की परीक्षाओं को लेकर अभी भी संशय बना हुआ है।
इसी मामले को लेकर एनएसयूआई हरियाणा के अध्यक्ष दिव्यांशु बुद्धिराजा प्रदेश के गृह व स्वास्थ्य मंत्री अनिल विज के निवास पर छात्रों की मांग को लेकर व सुझावों के साथ मिलने पहुंचे। साथ ही उन्होंने मंत्री विज का हाल चाल भी जाना और उनके बेहतर स्वस्थ्य की कामना की। दिव्यांशु का कहना है कि प्रदेश के हजारों मेडिकल छात्रों की परीक्षाओं पर अभी भी कोई स्थिति स्पष्ट नही हो पाई है, जिसके कारण वह असमंजस की स्थिति में हैं।
इसे लेकर उन्होंने 28 जून को फेसबुक लाइव के माध्यम से छात्रों से विस्तारपूर्वक चर्चा भी की थी, जिसके बाद एक ईमेल जारी करके सुझाव भी लिए गए। बुद्धिराजा का कहना है कि अभी तक मेडिकल के छात्रों की परीक्षाओं को लेकर सरकार द्वारा कोई स्थिति स्पष्ट नही की गई है। कोई गाइडलाइन भी इस संदर्भ में जारी नहीं हुई है। मेडिकल संकाय एक बहुत ही महत्वपूर्ण व लोगों की जिंदगी से जुड़ा विषय है। इसको लेकर कोई भी कमी बरती नही जा सकती, लेकिन जिस प्रकार प्रदेश के अन्य सभी छात्र जिस मानसिक तनाव में हैं, उसी में मेडिकल संकाय के छात्र भी हैं।
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दिव्यांशु ने मंत्री विज से मांग की है कि बिना किसी विलम्ब के मेडिकल संकाय के छात्रों के हित मे परीक्षाओं के सन्दर्भ में कोई गाइडलाइन जारी हो, जिसमें छात्रों की मांगों को सर्वोच्च रखकर समस्या का निदान किया जाए। बुद्धिराजा ने कहा उन्हें उम्मीद है कि निश्चित रूप से मंत्री विज छात्रों की मांग को केंद्र व राज्य सरकार तक ले जाकर पूरा करवाएंगे। हालांकि इस बार भी छात्रों की समस्याओं के निदान के लिए एनएसयूआई ही सबसे पहले आगे आई है। इससे पूर्व एनएसयूआई ने हाईकोर्ट की शरण लेकर नॉन फाइनल, फाइनल व रि-अपीयर के छात्रों को बिना परीक्षाओं के प्रमोट करवाया था।
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इसी मामले को लेकर एनएसयूआई हरियाणा के अध्यक्ष दिव्यांशु बुद्धिराजा प्रदेश के गृह व स्वास्थ्य मंत्री अनिल विज के निवास पर छात्रों की मांग को लेकर व सुझावों के साथ मिलने पहुंचे। साथ ही उन्होंने मंत्री विज का हाल चाल भी जाना और उनके बेहतर स्वस्थ्य की कामना की। दिव्यांशु का कहना है कि प्रदेश के हजारों मेडिकल छात्रों की परीक्षाओं पर अभी भी कोई स्थिति स्पष्ट नही हो पाई है, जिसके कारण वह असमंजस की स्थिति में हैं।
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इसे लेकर उन्होंने 28 जून को फेसबुक लाइव के माध्यम से छात्रों से विस्तारपूर्वक चर्चा भी की थी, जिसके बाद एक ईमेल जारी करके सुझाव भी लिए गए। बुद्धिराजा का कहना है कि अभी तक मेडिकल के छात्रों की परीक्षाओं को लेकर सरकार द्वारा कोई स्थिति स्पष्ट नही की गई है। कोई गाइडलाइन भी इस संदर्भ में जारी नहीं हुई है। मेडिकल संकाय एक बहुत ही महत्वपूर्ण व लोगों की जिंदगी से जुड़ा विषय है। इसको लेकर कोई भी कमी बरती नही जा सकती, लेकिन जिस प्रकार प्रदेश के अन्य सभी छात्र जिस मानसिक तनाव में हैं, उसी में मेडिकल संकाय के छात्र भी हैं।
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दिव्यांशु ने मंत्री विज से मांग की है कि बिना किसी विलम्ब के मेडिकल संकाय के छात्रों के हित मे परीक्षाओं के सन्दर्भ में कोई गाइडलाइन जारी हो, जिसमें छात्रों की मांगों को सर्वोच्च रखकर समस्या का निदान किया जाए। बुद्धिराजा ने कहा उन्हें उम्मीद है कि निश्चित रूप से मंत्री विज छात्रों की मांग को केंद्र व राज्य सरकार तक ले जाकर पूरा करवाएंगे। हालांकि इस बार भी छात्रों की समस्याओं के निदान के लिए एनएसयूआई ही सबसे पहले आगे आई है। इससे पूर्व एनएसयूआई ने हाईकोर्ट की शरण लेकर नॉन फाइनल, फाइनल व रि-अपीयर के छात्रों को बिना परीक्षाओं के प्रमोट करवाया था।