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Hindi News ›   Chandigarh ›   Now answers to questions in the Assembly will not exceed 50 words

Chandigarh News: विधानसभा में सवालों का जवाब अब 50 शब्दों से ज्यादा नहीं होगा

Fri, 01 Mar 2024 01:01 AM IST
Chandigarh Bureau चंडीगढ़ ब्यूरो
Updated Fri, 01 Mar 2024 01:01 AM IST
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Now answers to questions in the Assembly will not exceed 50 words
सरकार ने विभागों के लिए जारी की एसओपी, उत्तर हिंदी में तैयार करना होगा, उसके बाद अंग्रेजी में अनुवाद होगा
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अमर उजाला ब्यूरो
चंडीगढ़। हरियाणा सरकार ने विधानसभा में सदस्यों की ओर से पूछे जाने वाले प्रश्नों के उत्तर तैयार करने की प्रक्रिया में एकरूपता लाने के उद्देश्य से मानक संचालन प्रक्रिया (एसओपी) जारी की है। इसके तहत मुख्य सचिव की ओर से सभी प्रशासनिक सचिवों को लिखे पत्र के मुताबिक उत्तर हिंदी में तैयार किया जाना चाहिए और फिर उसका अंग्रेजी में अनुवाद किया जाना चाहिए। हर प्रश्न का उत्तर सटीक और संक्षिप्त होना चाहिए। किसी भी प्रश्न का उत्तर सामान्यतः 50 शब्दों से अधिक नहीं होना चाहिए। यदि उत्तर 50 शब्दों से अधिक बनता है, तो इसे सदन के पटल पर रखे जाने वाले वक्तव्य के रूप में प्रस्तुत किया जाना चाहिए। किसी भी उत्तर में सारणीबद्ध आंकड़े या कॉलम और पंक्तियां या ग्राफ/बार डायाग्राम नहीं होने चाहिए, जब तक कि उत्तर सदन के पटल पर रखे गए वक्तव्य में संलग्न न हो। दरअसल विधानसभा में प्रश्न का उत्तर देते समय संबंधित मंत्री तालिका की सामग्री को नहीं पढ़ सकते। वहीं, नोट फाॅर पैड चार भागों में होना चाहिए। पहले भाग में हिंदी और दूसरे भाग में अंग्रेजी में उत्तर की विषयवस्तु, तीसरे भाग में बैकग्राउंड नोट्स और चौथे भाग में संभावित पूरक प्रश्न तथा उनका मसौदा होना चाहिए।

वहीं, एसओपी में कहा गया है कि कई प्रश्न दो भागों में होते हैं। उदाहरण के तौर पर पहले भाग में पूछा जाता है कि क्या सरकार की ओर से यह निर्णय लिया गया है। उसके बाद भाग-बी पूछा जाता है, ‘यदि हां, तो विवरण दें’। ऐसे प्रश्न का उत्तर, यदि नकारात्मक है, तो ‘ए और बी’ को एक साथ जोड़कर और केवल ‘नहीं श्रीमान जी’ कहकर तैयार किया जा सकता है। कई बार उत्तरों को भाग-ए में ‘नहीं, श्रीमान जी’ के रूप में और फिर भाग-बी में ‘प्रश्न नहीं उठता’ के रूप में लिखा जाता है। यह उत्तर असभ्य लगता है और सदस्यों को पसंद नहीं आता। ऐसे में भाग ‘ए’ और भाग ‘बी’ को एक साथ जोड़कर और ‘नहीं, श्रीमान जी’ कहकर उत्तर का मसौदा तैयार किया जा सकता है।
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