पीयू छात्रसंघ चुनाव: आखिरी दिन उम्मीदवारों ने प्रचार में झोंकी ताकत, तस्वीरों में देखें चुनाव की धूम
पीयू में छह सितंबर को छात्रसंघ चुनाव है। आज प्रचार थमने के बाद उम्मीदवार सिर्फ निजी संपर्क के जरिए ही वोट मांग सकते हैं। छात्र संगठनों की ओर से पीयू और कॉलेजों में उम्मीदवार के पोस्टर लगाने से लेकर रैली और भीड़ एकत्रित करने पर पाबंदी रहेगी।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
पंजाब यूनिवर्सिटी और कॉलेजों में आज रात 9 बजे चुनाव प्रचार थम जाएगा। प्रचार के आखिरी दिन उम्मीदवारों ने अपनी पूरी ताकत झोंक दी। विभिन्न पार्टियों ने साउथ कैंपस में जमकर प्रचार किया।
पीयू में छह सितंबर को छात्रसंघ चुनाव है। आज प्रचार थमने के बाद उम्मीदवार सिर्फ निजी संपर्क के जरिए ही वोट मांग सकते हैं। छात्र संगठनों की ओर से पीयू और कॉलेजों में उम्मीदवार के पोस्टर लगाने से लेकर रैली और भीड़ एकत्रित करने पर पाबंदी रहेगी।
पीयू और कॉलेजों में कोड ऑफ कंडक्ट लगने के बाद एक जगह पर संगठन के स्टीकर लगाकर चार-पांच से अधिक छात्र एकत्रित नहीं हो सकते हैं।
स्टीकर लगाने और नारेबाजी करने पर रहेगी पाबंदी
पीयू और कॉलेजों में सोमवार रात 9 बजे के बाद स्टीकर लगाने और नारेबाजी करने को लेकर पाबंदी रहेगी। डीएसडब्ल्यू प्रो. जतिंदर ग्रोवर ने बताया कि छात्रसंघ चुनावों से 48 घंटे पहले सोमवार रात को कोड ऑफ कंडक्ट लग जाएगा। इसका उल्लंघन करने वालों पर पुलिस कड़ी कार्रवाई करेगी।

चंडीगढ़ के 10 कॉलेजों में विद्यार्थी परिषद के चार पदों के लिए मैदान में उतरे 110 उम्मीदवारों की जीत-हार का फैसला 43705 मतदाता करेंगे। 10 कॉलेजों में अध्यक्ष के लिए 31, उपाध्यक्ष के लिए 25, महासचिव के लिए 28 और संयुक्त सचिव के लिए 26 उम्मीदवार हैं।
सबसे अधिक 8492 मतदाता सेक्टर-32 स्थित जीजीएसडी कॉलेज में हैं। इसके बाद डीएवी में 8384 विद्यार्थी हैं जिनमें से 5239 लड़के और 3145 लड़कियां हैं। वहीं सेक्टर-26 स्थित श्री गुरु गोबिंद सिंह कॉलेज में कुल 5954 विद्यार्थी हैं जिनमें 4658 लड़के और 1296 लड़कियां हैं।
सेक्टर-11 के कोएड में करीब 4500 और गर्ल्स कॉलेज में 3870 छात्राएं हैं। सबसे कम विद्यार्थी सेक्टर-50 के गवर्नमेंट कॉलेज ऑफ कॉमर्स एंड बिजनेस एडमिनिस्ट्रेशन में हैं।
यहां विद्यार्थियों की संख्या 900 के करीब है। गर्ल्स कॉलेजों में 4800 छात्राओं के साथ एमसीएम डीएवी सबसे आगे है। वहीं जीसीजी-42 में 3291 और देव समाज कॉलेज फॉर वुमन में 1330 छात्राएं हैं।