{"_id":"56efa7e24f1c1b6060f14dfb","slug":"jat-reservation-jat-protest-haryana-govt-rohtak-news-haryana-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"आरक्षण को लेकर अब जाटों में 31 मार्च तक के समय पर भी रार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
आरक्षण को लेकर अब जाटों में 31 मार्च तक के समय पर भी रार
ब्यूरो्/अमर उजाला, रोहतक
Updated Mon, 21 Mar 2016 02:21 PM IST
विज्ञापन
जाट आरक्षण, जाट आंदोलन
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
जाट आरक्षण के मामले पर हरियाणा सरकार की ओर से दिए गए 31 मार्च तक के आश्वासन दिए जाने पर भी रार शुरू हो गई है। अखिल भारतीय आदर्श जाट महासभा ने कुछ जाट नेताओं को तथाकथित बताते हुए भडकाऊ बयानबाजी के मामले में कार्रवाई करने की मांग की है।
महासभा के राष्ट्रीय प्रवक्ता दीपक राठी ने जारी बयान में बताया कि कुछ जाट नेताओं ने सरकार के साथ मिलकर 31 मार्च तक अल्टीमेटम दे दिया है। महासभा इसकी कड़े शब्दों में निंदा करती है।
तथाकथित जाट नेता समाज को बेवकूफ बना रहे हैं। अपनी महत्वकाक्षाओं को पूरा करने के लिए समाज को मोहरा बनाया जा रहा है। पहले 72 घंटे का अल्टीमेटम दिया और अब 31 मार्च तक का।
विज्ञापन
25 सदस्यीय समिति गठित
उधर, जाट आरक्षण संघर्ष संचालन समिति की भी रविवार को बैठक हुई। समिति के मेजर मेहर सिंह ने बताया कि सर्व सम्मति से रोहतक व झज्जर जिले की 25 सदस्यीय समिति गठित कर दी गई है। यह समिति प्रशासन के संपर्क में रहेगी और पीड़ितों की मदद के लिए काम करेगी।
विज्ञापन
महासभा के राष्ट्रीय प्रवक्ता दीपक राठी ने जारी बयान में बताया कि कुछ जाट नेताओं ने सरकार के साथ मिलकर 31 मार्च तक अल्टीमेटम दे दिया है। महासभा इसकी कड़े शब्दों में निंदा करती है।
विज्ञापन
तथाकथित जाट नेता समाज को बेवकूफ बना रहे हैं। अपनी महत्वकाक्षाओं को पूरा करने के लिए समाज को मोहरा बनाया जा रहा है। पहले 72 घंटे का अल्टीमेटम दिया और अब 31 मार्च तक का।
विज्ञापन
25 सदस्यीय समिति गठित
उधर, जाट आरक्षण संघर्ष संचालन समिति की भी रविवार को बैठक हुई। समिति के मेजर मेहर सिंह ने बताया कि सर्व सम्मति से रोहतक व झज्जर जिले की 25 सदस्यीय समिति गठित कर दी गई है। यह समिति प्रशासन के संपर्क में रहेगी और पीड़ितों की मदद के लिए काम करेगी।