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Highcourt: रोपड़ जेल में हुई थी विचाराधीन कैदी की संदिग्ध मौत, हाईकोर्ट ने सीबीआई को नोटिस देकर मांगा जवाब

Thu, 15 Aug 2024 02:47 PM IST
निवेदिता वर्मा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़ Published by: निवेदिता वर्मा Updated Thu, 15 Aug 2024 02:47 PM IST
सार

14 अगस्त, 2018 को अवैध हथियार के मामले में दर्ज एफआईआर में याची के पति चरणप्रीत को मोहाली पुलिस ने गिरफ्तार किया था। इसके बाद याची के पति को रिमांड के बाद जब पेश किया गया तो मजिस्ट्रेट ने उसके शरीर पर चोटें पाईं और मेडिकल का आदेश दिया।

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High Court notice to CBI on petition independent agency probe into mysterious death of man in Ropar jail
पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

विचाराधीन कैदी की रोपड़ जेल में पति की संदिग्ध अवस्था में हुई मौत के मामले की स्वतंत्र एजेंसी से जांच की मांग को लेकर दाखिल याचिका पर पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट ने सीबीआई सहित अन्य प्रतिवादियों को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है।

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याचिका दाखिल करते हुए मोहाली निवासी गुरदीप कौर ने हाईकोर्ट को बताया कि 14 अगस्त, 2018 को अवैध हथियार के मामले में दर्ज एफआईआर में याची के पति चरणप्रीत को मोहाली पुलिस ने गिरफ्तार किया था। इसके बाद याची के पति को रिमांड के बाद जब पेश किया गया तो मजिस्ट्रेट ने उसके शरीर पर चोटें पाईं और मेडिकल का आदेश दिया। मेडिकल के बाद मजिस्ट्रेट ने पुलिस अधिकारी के खिलाफ निजी शिकायत दर्ज करने का आदेश दिया था।
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याची के पति पर पुलिस अधिकारियों ने इस शिकायत को वापस लेने का दबाव बनाया, लेकिन ऐसा नहीं किया गया। इसके बाद याची के पति पर एक के बाद एक एनडीपीएस की तीन एफआईआर दज कर दी गई। दो मामलों में उसे जमानत मिल गई थी और तीसरे मामले में वह जेल में था। 24 जुलाई को याची को फोन पर सूचित किया गया कि उसके पति की मौत हो गई है। याची के पति की मौत से एक दिन पहले जमानत पर रिहा हुए एक कैदी ने याची को बताया कि जेल में उसके पति की बेदर्दी से पिटाई हुई थी।
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इस मामले में याची ने पति का पीजीआई में पोस्टमार्टम करवाने और रोपड़ जेल की सीसीटीवी फुटेज संरक्षित करने की मांग की थी। सीसीटीवी फुटेज तो संरक्षित कर ली गई, लेकिन याची की पहली मांग खारिज कर दी गई। याची ने कहा कि पुलिस के बड़े अधिकारियों को बचाने के लिए पोस्ट मार्टम में उत्पीड़न के निशानों को नजरअंदाज किया गया है। हाईकोर्ट ने याची पक्ष को सुनने के बाद सीबीआई सहित अन्य प्रतिवादियों को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है।

 

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