फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Chandigarh ›   Haryana election result 2019, Captain Abhimanyu lost election

Haryana election result: कैप्टन अभिमन्यु नहीं तोड़ पाए चुनावी चक्रव्यूह, मिली करारी हार

Thu, 24 Oct 2019 06:02 PM IST
ajay kumar न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हिसार (हरियाणा)
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हिसार (हरियाणा) Published by: ajay kumar Updated Thu, 24 Oct 2019 06:02 PM IST
विज्ञापन
Haryana election result 2019, Captain Abhimanyu lost election
कैप्टन अभिमन्यु (फाइल फोटो) - फोटो : अमर उजाला

हमें तो अपनों ने लूटा गैरों में कहां दम था, हमारी किश्ती वहां डूबी जहां पानी कम था... यह वाक्य हार के बाद कैप्टन अभिमन्यु पर सटीक बैठ रहा है। कैप्टन जिस नारनौंद को अपना घर बताते हुए पिछले पांच से विकास कार्यों की दुहाई दे रहे थे, उसी हलके के उनके अपने लोगों ने उन्हें न केवल हार का मजा चखाया, बल्कि करारी हार झेलने को मजबूर कर दिया।

विज्ञापन


 यह आलम तब है, जब कैप्टन के लिए सनी देओल जैसी फिल्मी हस्ती और मुख्यमंत्री से लेकर अनेक केंद्रीय नेताओं ने प्रचार किया। दूसरी ओर रामकुमार गौतम के लिए जजपा नेता एवं पूर्व सांसद दुष्यंत चौटाला, नैना चौटाला और दिग्विजय चुनाव प्रचार के लिए आए थे। बता दें कैप्टन को इस बार 61406 वोट मिले, जबकि जेजेपी के रामकुमार गौतम को 73435 वोट प्राप्त हुए। इस प्रकार जेजेपी के रामकुमार गौतम 12029 वोटों से जीत गए।
विज्ञापन


कैप्टन अभिमन्यु की हलके में सबसे बड़ी कमजोरी यह रही कि वे हलके के सीमित लोगों के संपर्क में ही रहे, जबकि एक बड़े तबके और आम जन से शुरू से ही दूरी बनाए रखी। इसी बात ने कैप्टन के समीकरण बिगाड़ने शुरू किए। इसके बाद सीएम का जनसभाओं में बार-बार दोहराना कि खजाने की चाबी तुम्हारे हाथ में है।

विज्ञापन
विज्ञापन

इस चाबी को संभालकर रखना, भी कैप्टन के खिलाफ चला गया, क्योंकि चाबी दुष्यंत की पार्टी का चुनाव चिह्न है। माना जा रहा है कि भाजपा कार्यकर्ताओं ने इसे सीएम का इशारा समझा और हलके का पंजाबी समुदाय का मतदाता जजपा की ओर चला गया। दूसरी ओर रामकुमार गौतम के मैदान में आने के साथ ही उसके युवा बेटे रजत गौतम ने भी प्रचार की कमान थाम ली और जजपा का ठप्पा होने के कारण हलके का यूथ उनके साथ जुड़ता चला गया। 

रामकुमार गौतम की जीत के कारण 

  • हलके का इनेलो का वोट बैंक जजपा की ओर डायवर्ट होना।
  •  दुष्यंत चौटाला, नैना चौटाला व दिग्विजय चौटाला का जोर-शोर से प्रचार करना।
  • रामकुमार के बेटे रजत गौतम द्वारा प्रचार अभियान के दौरान यूथ को बड़े पैमाने पर जोड़ना।

कैप्टन अभिमन्यु की हार के तीन कारण

  •  हलके की जनता से दूरी बनाए रखना।
  • अमित शाह की रैली रद्द होना, जिससे कार्यकर्ताओं में हताशा हुई।
  • सीएम द्वारा की दोनों जनसभाओं में बार-बार चाबी का जिक्र करना, जिससे जजपा का चुनाव चिह्न हाईलाइट हुआ।

ये था वर्ष 2014 का सीन
वर्ष 2014 के चुनाव में यहां से कैप्टन अभिमन्यु ने 5761 वोटों के अंतर से जीत हासिल की थी। उस चुनाव में उनके मुकाबले में इनेलो के राजसिंह मोर थे। कैप्टन को 53770 वोट मिले थे, जबकि राजसिंह को 48009 वोट हासिल हुए थे। हालांकि इस बार कैप्टन को पिछली बार के मुकाबले 7636 वोट ज्यादा मिले, लेकिन फिर भी उन्हें 12029 वोटों के अंतर से हार का मुंह देखना पड़ा। रामकुमार गौतम ने 73435 वोट प्राप्त कर जीत हासिल की।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed