मुख्यमंत्री मनोहर लाल बोले- धर्मशाला नहीं देश, रखना पड़ेगा नागरिकों का पूरा हिसाब
नागरिकता संशोधन कानून पर भाजपा आलाकमान के ताजा निर्देशों के बाद सीएम मनोहर लाल ने अपने तेवर तीखे कर लिए हैं। शुक्रवार को उन्होंने यहां कांग्रेस पर तीखे शब्दबाण छोड़े। कैबिनेट बैठक के बाद सीएम मनोहर लाल ने पत्रकारों से बातचीत में कहा कि हमारा देश धर्मशाला नहीं है। यहां रहने वाले नागरिकों का पूरा हिसाब-किताब रखना पड़ेगा।
हरियाणा में राष्ट्रीय जनसंख्या रजिस्टर को अपडेट करने का काम शुरू कर दिया गया है। पहली जनवरी से शुरू यह काम 21 फरवरी को पूरा होगा। इससे गांव, कस्बों और शहरों में मौजूद नागरिकों की संख्या का सही आंकड़ा सामने आएगा। देश में 10 साल के बाद जनगणना होती है।
जनगणना के समय ही सभी परिवारों की आर्थिक, सामाजिक, शैक्षणिक स्थिति का पता करने के लिए विभिन्न जानकारियां जुटाई जाती हैं। ये निजी जानकारियां होती हैं। इन्हें राष्ट्रीय जनसंख्या रजिस्टर में दर्ज किया जाता है और इन्हें कभी भी सार्वजनिक नहीं किया जाता।
देश में कितने लोग गरीबी रेखा से नीचे हैं, कितनों के पास मकान नहीं है, स्वास्थ्य सेवाओं, शिक्षा, परिवहन, पेयजल इत्यादि की कमी कहां-कहां है, यह सब राष्ट्रीय जनसंख्या रजिस्टर से पता चलता है। इसकी जानकारी का उपयोग नीतियां बनाने और जनकल्याणकारी योजनाओं व कार्यक्रमों के क्रियान्वयन में किया जाता है और इसका उपयोग केंद्र व राज्य सरकारें करती हैं।
सीएम ने कहा कि हरियाणा में 550 परिवारों को अब तक नागरिकता मिल चुकी है। जबकि, नागरिकता संशोधन कानून पास होने के बाद 1500 लोगों ने नागरिकता लेने के लिए आवेदन किया है। इनमें सिर्फ एक मुस्लिम हैं, बाकि अफगानिस्तान, पाकिस्तान व बंगलादेश से आए अन्य समुदायों के अल्पसंख्यक हैं। ये 1500 लोग फतेहाबाद, फरीदाबाद और रोहतक सहित विभिन्न जिलों में रह रहे हैं।
प्रदेश में रह रहे अहमदिया मुसलमान राष्ट्रवादी हैं, उनका रिकॉर्ड बेहतर है। उन्हें प्रदेश से बाहर नहीं भेजा जाएगा। उन्हें वह मौखिक तौर पर नागरिकता दे रहे हैं। प्रदेश में नागरिकता संशोधन कानून को लेकर जनजागरण अभियान चलाया जाएगा। इस दौरान राष्ट्रीय जनसंख्या रजिस्टर और राष्ट्रीय नागरिकता रजिस्टर के बारे में चर्चा कर लोगों को जागरूक करेंगे।
कानून बनने के बाद विपक्षी दल विशेष कर कांग्रेस भ्रम फैला रही है। हरियाणा के लोग बधाई के पात्र हैं कि उन्होंने शांतिपूर्ण प्रदर्शन किया और हिंसा से दूर रहे। कांग्रेस की मानसिकता ही भाजपा के अच्छे कामों का विरोध करना बन गई है। वोट बैंक के लालच में कांग्रेस ऐसा कर रही है लेकिन उसकी राजनीतिक जमीन खिसक चुकी है। जनता ने कांग्रेस को अच्छी तरह से पहचान लिया है। उनका कांग्रेस को सुझाव है कि अगर आंदोलन करना ही है तो पाकिस्तान, बंगलादेश और अफगानिस्तान के खिलाफ करें, चूंकि ये देश अपने यहां अल्पसंख्यकों को बचाने में नाकाम रहे हैं। इससे कांग्रेस को लोगों की सहानुभूति मिल सकती है।
लोगों को बरगलाने से काम नहीं चलेगा: सीएम
सीएम मनोहर लाल ने कहा कि राष्ट्रीय नागरिक रजिस्टर देश हित में है। लोगों को बरगलाने से काम नहीं चलेगा। विपक्ष पूरी तरह से नागरिकता संशोधन कानून के चक्रव्यूह में फंस चुका है और उससे बाहर नहीं निकल पा रहा। एनपीआर के लिए प्रफार्मा में मांगी गई सभी जानकारी मुहैया कराना जरूरी नहीं है। जिसके पास जितनी जानकारी है, उतनी मुहैया करा सकता है। देश में तीसरी बार एनपीआर अपडेट होने जा रहा है। अब तक देश में 15 बार जनगणना हुई है, जिसमें से आठ बार आजादी से पहले हुई।