फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Chandigarh ›   Government Vehicle Series has been started for identification of government vehicles in Haryana

Haryana: 26 हजार सरकारी वाहनों को जीवी सीरीज से मिलेगी पहचान, वापस होंगे एक से एक हजार तक के नंबर

Sat, 16 Jul 2022 09:29 AM IST
निवेदिता वर्मा यशपाल शर्मा, अमर उजाला, चंडीगढ़
यशपाल शर्मा, अमर उजाला, चंडीगढ़ Published by: निवेदिता वर्मा Updated Sat, 16 Jul 2022 09:29 AM IST
सार

प्रदेश में 179 वाहनों पर 0001 नंबर हैं। मुख्यमंत्री अपने चार वाहनों के 0001 नंबर छोड़ चुके हैं। वीवीआईपी नंबरों की नीलामी से सरकार को लगभग बीस करोड़ रुपये राजस्व प्राप्त होगा।

विज्ञापन
Government Vehicle Series has been started for identification of government vehicles in Haryana
VIP number plate - फोटो : Google

विस्तार

हरियाणा में आने वाले दिनों में लगभग 26 हजार सरकारी वाहनों पर एक से एक हजार तक के नंबर नहीं दिखेंगे। इन्हें अफसरों, सरकारी विभागों के बजाय आम जनता को आवंटित किया जाएगा। मुख्यमंत्री मनोहर लाल और मुख्य सचिव संजीव कौशल के 0001 नंबर छोड़ने के बाद सरकार ने सभी अफसरों और विभागों की गाड़ियों से वीवीआईपी नंबर वापस लेने का निर्णय लिया है।

विज्ञापन


सरकारी वाहनों की पहचान के लिए जीवी यानी गवर्नमेंट व्हीकल सीरीज शुरू कर दी गई है। मुख्य सचिव और परिवहन आयुक्त कार्यालय के वाहनों से इसका शुभारंभ किया गया है। मुख्य सचिव कार्यालय की कारों को अब एचआर70जीवी6767 तरह के नंबर मिले हैं। परिवहन आयुक्त कार्यालय ने जिला प्रशासन को एक से एक हजार तक नंबर छोड़ने के आदेश जारी करने के लिए मुख्य सचिव को फाइल भेजी है।
विज्ञापन


परिवहन आयुक्त राजनारायण कौशिक ने बताया कि जल्दी सरकार की तरफ से आदेश जारी होने की उम्मीद है। जारी होने वाले आदेश में जिला प्रशासन के अधिकारियों और सरकारी वाहनों के एक हजार तक के नंबर छोड़कर नए नंबर लेने के लिए कहा जाएगा। नए नंबर जीवी सीरीज के साथ मिलेंगे। इस सीरीज से सरकारी वाहनों की पहचान हर जगह आसानी से हो सकेगी। 
विज्ञापन
विज्ञापन


प्रदेश में 179 वाहनों पर 0001 नंबर हैं। मुख्यमंत्री अपने चार वाहनों के 0001 नंबर छोड़ चुके हैं। वीवीआईपी नंबरों की नीलामी से सरकार को लगभग बीस करोड़ रुपये राजस्व प्राप्त होगा। एक से हजार तक के नंबर लेने के लिए फीस निर्धारित है। मनचाहे नंबर के लिए एक से अधिक दावेदार होने पर बोली प्रक्रिया से आवंटन किया जाएगा।

मंत्रियों, अफसरों का नहीं छूट रहा मोह

मुख्यमंत्री और मुख्य सचिव के वीवीआईपी नंबर छोड़ने के बावजूद कई मंत्रियों और अधिकारियों का 0001 नंबर का मोह अभी तक नहीं छूट रहा है। अनेक अतिरिक्त मुख्य सचिवों, प्रधान सचिवों, मंत्रियों और विधायकों की गाड़ियों पर यह नंबर अभी मौजूद है। मुख्यमंत्री की अपील को भी इन्होंने गंभीरता से नहीं लिया है।

विशेष परिस्थितियों में मुख्यमंत्री देंगे छूट

0001 नंबर चुनिंदा विभागों के वाहनों पर रह सकता है। इसके लिए मुख्यमंत्री मनोहर लाल की तरफ से विशेष छूट प्रदान की जाएगी। पुलिस, सीआईडी, खनन, विजिलेंस, सीआईए, आबकारी एवं कराधान इत्यादि विभागों के अफसरों को यह छूट मिलने की उम्मीद जताई जा रही है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed