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नकदी न देने पर रोका शव, प्रबंधन के सामने गिड़गिड़ाते रहे परिजन

Tue, 15 Nov 2016 02:29 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, करनाल
ब्यूरो/अमर उजाला, करनाल Updated Tue, 15 Nov 2016 02:29 PM IST
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Giving cash held carcass, are kin plead in front of management
two thousand note

नोटबंदी से हो रही परेशानी के बीच निजी अस्पताल मनमानी पर उतर आए हैं। नकद राशि के बिना अस्पताल संचालक मृतकों के शव भी परिजनों को नहीं दे रहे हैं। रविवार रात ऐसा ही एक मामला सामने आया। 

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गांव जड़ौली निवासी प्रदीप (35) को शहर के अमृतधारा अस्पताल में दाखिल कराया था। तीन दिन पहले उसे सांस में दिक्कत थी और इन्फेक्शन भी था। रविवार को करीब पौने आठ बजे अस्पताल प्रबंधन ने बताया कि प्रदीप की मौत हो गई है।
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अस्पताल ने परिजनों को 22 हजार रुपये का बिल थमा दिया। परिजनों ने रिश्तेदारों और जानकारों को फोन कर जैसे-तैसे पैसे एकत्र किए, प्रबंधन ने पुराने नोट लेने से इनकार कर दिया। जब तीन घंटे तक अस्पताल ने शव को कब्जे से नहीं छोड़ा तो परिजनों ने एक दूसरे निजी अस्पताल के डॉक्टर का फोन कराया तो चेक लेने पर सहमति बनी।

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साहब! शव दे दो, बाद में पैसे दे देंगे

Giving cash held carcass, are kin plead in front of management
ban note

रात को ही प्रदीप के परिजन 25 किमी दूर गांव गए और वहां पर रखी चेकबुक से मंगलवार की तारीख भरके चेक अस्पताल को दिया। रात करीब साढ़े दस बजे अस्पताल ने चेक लेने के बाद ही डेड बॉडी दी। प्रदीप के पिता हुसन सिंह का कहना है कि शव लेने के लिए वे तीन घंटे तक गिड़गिड़ाते रहे, लेकिन किसी का दिल नहीं पसीजा। 

साहब! शव दे दो, बाद में पैसे दे देंगे
पिता हुसन सिंह तीन घंटे तक अस्पताल के बाहर गिड़गिड़ाता रहा। वह कहता रहा साहब जी हमारे पास पैसे हैं, लेकिन वे बैंक में हैं। उन्हें हम अब नहीं निकाल सकते। दो चार दिन में किसी से लेकर पैसे दे देंगे, लेकिन अस्पताल ने ऐसा करने से इनकार कर दिया। हुसन ने कहा कि वह अनपढ़ है। कार्ड और एटीएम के बारे में जानकारी नहीं है। बेटे का शव तो दे दो। प्रदीप प्लंबर का काम करता था। उसके पीछे उसकी दो बेटियां और एक बेटा है।  

हमारे लिए कोई आदेश नहीं हैं
अमृतधारा अस्पताल के संचालक डा. राजीव गुप्ता ने बताया कि 1000 और 500 रुपये के पुराने नोट लेने के लिए हमारे पास कोई आदेश नहीं हैं। वैसे हम किसी का चेक नहीं लेते, लेकिन मृतक के परिजनों ने किसी जानकार डॉक्टर का फोन कराया था, इसलिए चेक लिया गया।

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