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अब जनरल अस्पताल में ही होगा नवजात का हियरिंग टेस्ट

Thu, 06 Feb 2014 08:57 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो, पंचकूला
अमर उजाला ब्यूरो, पंचकूला Updated Thu, 06 Feb 2014 08:57 AM IST
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General Hospital will now test the hearing of newborn
अब सेक्टर-6 स्थित जनरल अस्पताल के डीईआईसी (डिस्ट्रिक्ट अर्ली इंटरवेंशन सेंटर) में भी नवजात बच्चों का हियरिंग टेस्ट होगा।
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अब तक यह सुविधा नहीं होने के कारण बच्चों को पीजीआई, जीएमसीएच-32 भेजना पड़ता था।

हरियाणा में सिर्फ पीजीआई रोहतक में ही ऐसा टेस्ट होता था, लेकिन एनएचआरएम की पिछले माह हुई मीटिंग में यह तय किया गया कि प्रदेश के सभी जिला अस्पतालों में यह सुविधा मुहैया कराई जाएगी और इस पायलट प्रोजेक्ट के तहत शुरुआत पंचकूला के जनरल हास्पिटल से की जाएगी।

राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम के तहत बेरा (ब्रेन स्टेम रिस्पांस आडियोमेट्री) के जरिए नवजात बच्चों का हियरिंग टेस्ट किया जाएगा।

पंचकूला में 15 फरवरी को ही इसकी शुरुआत होनी थी, लेकिन कुछ कारणों की वजह से अब मार्च 2014 तक शुरू होने की संभावना है।

उसके एक से डेढ़ माह के अंदर प्रदेश के अन्य सभी जिला अस्पतालों में बेरा की सुविधा मिलनी शुरू हो जाएगी।

बेरा मशीन से ऑडियोलाजिस्ट और ईएनटी स्पेशलिस्ट नवजात बच्चों और एक साल तक के बच्चों की हियरिंग जांच कर सकेंगे।

पंचकूला में डीईआईसी सेंटर के लिए एक ऑडियोलाजिस्ट नियुक्त कर लिया गया है। इसके अलावा नवजात बच्चों का जन्म के समय ही बेरा टेस्ट के बाद स्वास्थ्य प्रमाण पत्र भी बनवाया जा सकेगा।
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इन हालातों में बेरा टेस्ट जरूरी
गर्भ के दौरान यदि महिला नशे का सेवन करती हैं, स्ट्रेश में हो, अच्छी डाइट नहीं मिलती हो, गलत देवा का सेवन कर लिया हो

बच्चे के जन्म के समय आक्सीजन की कमी, जन्म के दौरान बच्चे को इफेक्शन हो गया हो

समय से पहले जन्मे बच्चे, जन्म के दौरान बच्चों का वेट कम होना, मेनजाइटिस होने पर, कान बहने पर
 
जनरल अस्पताल में जन्मे हर बच्चे का होगा टेस्ट
जनरल अस्पताल में जन्म लेने वाले सभी बच्चों का हिररिंग टेस्ट किया जाएगा, ताकि यदि कोई हियरिंग प्राब्लम है तो जन्म के समय ही पता चल सके।

इलेक्ट्रो इन्से फोलोग्राम (ईईएफ) तकनीक पर बेरा मशीन काम करती है। टेस्ट के दौरान मशीन की रिपोर्ट जिग जैग वेब्स के जरिए पता चलेगी। इससे ही पता चलेगा कि बच्चे को सुनाई देता है नहीं?
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डाक्टरों का कहना है कि जब तक बच्चा सुनेगा नहीं, तब तक उसका मानसिक विकास भी प्रभावित होता रहेगा।



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