{"_id":"5eb470918ebc3e90a93915b2","slug":"fraud-in-the-name-of-getting-corona-treated-in-america-chandigarh-news-pkl374533388","type":"story","status":"publish","title_hn":"लॉकडाउन में बढ़ा साइबर क्राइम... अमेरिका में कोरोना का इलाज करवाने के नाम पर ठगे एक लाख","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम","slug":"crime"}}
लॉकडाउन में बढ़ा साइबर क्राइम... अमेरिका में कोरोना का इलाज करवाने के नाम पर ठगे एक लाख
Fri, 08 May 2020 10:39 AM IST
पंचकुला ब्यूरो
अमित गुप्ता, चंडीगढ़
अमित गुप्ता, चंडीगढ़
Published by: पंचकुला ब्यूरो
Updated Fri, 08 May 2020 10:39 AM IST
विज्ञापन
सांकेतिक तस्वीर
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
शातिरों ने कोरोना को भी ठगी का हथियार बना लिया है। खुद को कोरोना का मरीज और बहन की हार्ट सर्जरी का हवाला देकर सेक्टर 39 निवासी सुरेंद्र सिंह जसवाल को एक लाख रुपये की चपत लगा दी। और यह सब किया व्हाट्सएप पर जसवाल के करीबी दोस्त की फर्जी फोटो लगाकर। जसवाल ने अब साइबर सेल में शिकायत दी है। बता दें कि कोरोना के नाम पर ठगी का यह पहला मामला है।
सुरेंद्र सिंह जसवाल ने बताया कि उन्हें व्हाट्सएप पर एक मैसेज आया, जिसमें यूएसए में रहने वाले उनके दोस्त एसके राणा की फोटो लगी थी। मैसेज में एसके राणा ने लिखा था कि वह कोरोना संक्रमण की चपेट में आ गए हैं, जबकि उनकी बहन के दिल की सर्जरी होनी है। काफी दिनों से पैसों की तंगी से गुजर रहा हूं। उनके पास खुद का और बहन का इलाज कराने के लिए रुपये नहीं हैं।
लगातार मैसेज भेजकर सुरेंद्र सिंह से रुपयों की डिमांड की जाने लगी।
इसके बाद बैंक से 50-50 हजार के दो ट्रांजेक्शन कर सुरेंद्र ने एक लाख रुपये आरोपी के खाते में जमा कर दिए।
ठगी का खुलासा तब हुआ, जब मैसेज भेजकर और पैसे मांगे गए। सुरेंद्र ने एसके राणा से फोन पर बात की तो पता चला कि उन्होंने तो कोई रकम मांगी ही नहीं। इसके बाद सुरेंद्र ने सेक्टर 17 साइबर सेल को शिकायत दी। साइबर सेल बैंक खाते और मोबाइल नंबर के आधार पर छानबीन में जुट गई है।
विज्ञापन
साइबर में रोजाना बढ़ रही हैं शिकायतें
साइबर सेल में रोजाना धोखाधड़ी की शिकायत मिल रही हैं। इनमें हरासमेंट, बैंक अधिकारी बनकर ठगी करना, हैकिंग, नौकरी के नाम पर ठगी, ओएलएक्स पर सामान बेचने के नाम पर ठगी, ऑनलाइन शराब डिलीवरी, बुक डिलीवरी समेत अन्य धोखाधड़ी की शिकायतें शामिल हैं। वहीं, 23 मार्च से कर्फ्यू लगने से लेकर अब तक एक भी अपराधी को साइबर सेल पकड़ने में नाकाम रहा।
विज्ञापन
सुरेंद्र सिंह जसवाल ने बताया कि उन्हें व्हाट्सएप पर एक मैसेज आया, जिसमें यूएसए में रहने वाले उनके दोस्त एसके राणा की फोटो लगी थी। मैसेज में एसके राणा ने लिखा था कि वह कोरोना संक्रमण की चपेट में आ गए हैं, जबकि उनकी बहन के दिल की सर्जरी होनी है। काफी दिनों से पैसों की तंगी से गुजर रहा हूं। उनके पास खुद का और बहन का इलाज कराने के लिए रुपये नहीं हैं।
विज्ञापन
लगातार मैसेज भेजकर सुरेंद्र सिंह से रुपयों की डिमांड की जाने लगी।
इसके बाद बैंक से 50-50 हजार के दो ट्रांजेक्शन कर सुरेंद्र ने एक लाख रुपये आरोपी के खाते में जमा कर दिए।
ठगी का खुलासा तब हुआ, जब मैसेज भेजकर और पैसे मांगे गए। सुरेंद्र ने एसके राणा से फोन पर बात की तो पता चला कि उन्होंने तो कोई रकम मांगी ही नहीं। इसके बाद सुरेंद्र ने सेक्टर 17 साइबर सेल को शिकायत दी। साइबर सेल बैंक खाते और मोबाइल नंबर के आधार पर छानबीन में जुट गई है।
विज्ञापन
साइबर में रोजाना बढ़ रही हैं शिकायतें
साइबर सेल में रोजाना धोखाधड़ी की शिकायत मिल रही हैं। इनमें हरासमेंट, बैंक अधिकारी बनकर ठगी करना, हैकिंग, नौकरी के नाम पर ठगी, ओएलएक्स पर सामान बेचने के नाम पर ठगी, ऑनलाइन शराब डिलीवरी, बुक डिलीवरी समेत अन्य धोखाधड़ी की शिकायतें शामिल हैं। वहीं, 23 मार्च से कर्फ्यू लगने से लेकर अब तक एक भी अपराधी को साइबर सेल पकड़ने में नाकाम रहा।