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फॉसवेक की बैठक निगम आयुक्त बोलीं- हमारी भी शिकायत सुनिए... सभी सदस्य रह गए अवाक
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चंडीगढ़। शहर के लोगों को डड्डूमाजरा स्थित डंपिंग ग्राउंड की समस्या से अभी निजात नहीं मिलेगी। इसे ठीक करने में कम से कम चार साल का समय लगेगा। यह बात नगर निगम आयुक्त आनिंदिता मित्रा ने शनिवार को सेक्टर-36 के पीपल्स कन्वेंशन सेंटर में फॉसवेक की कार्यकारिणी के दौरान कही। उन्होंने कहा कि रातोंरात कूड़े का डंप खत्म नहीं होगा। इस मौके पर मेयर सरबजीत कौर भी मौजूद थीं। इससे पहले फॉसवेक की बैठक में इनसे जुड़े रेजिडेंस वेलफेयर एसोसिएशनों के प्रतिनिधियों ने शहर की समस्याओं के बारे में बात कही और सुझाव भी दिए। सभी की बातों को सुनने के बाद उन्होंने निपटारे का आश्वासन दिया। निगम आयुक्त ने कहा, ‘अब हमारी भी शिकायत सुनिए। इस पर उपस्थित सभी फॉसवेक के सदस्य अवाक रह गए।’
शिकायती लहजे में आयुक्त कहा कि पदभार संभालने के बाद सेक्टरों के रिहायशी एरिया के बैक लेन को साफ करवाया। फिर गंदगी किसने फैलाई। अब तो पेनाल्टी लगानी ही पड़ेगी। लोग पार्क में जन्मदिन की पार्टी करते हैं, वहां पर गंदगी फेंककर चले जाते हैं। अपने घर से थैला लेकर क्यों नहीं आते उस कूड़ा का उठाने के लिए। इंदौर के नागरिक अपने गाड़ियों में डस्टबीन लेकर चलते हैं। चंडीगढ़ की जनता पढ़ी लिखी है। ऐसे में सफाई व्यवस्था कैसे ठीक रहेगी।
बाजार जाते वक्त कपड़े का थैला लेकर जाएं
उन्होंने कहा कि हम कूड़े को अपने घर में रखें तो हमारा शहर बहुत साफ होगा। जब भी आप मार्केट जाएं तो कपड़ा का एक थैला घर से लेकर जाइए। खाली हाथ मार्केट न जाएं। शहर की साफ सफाई में आरडबल्यूए मदद करे।
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फॉसवेक के सदस्यों के प्रश्नों को नोट पैड में लिखती रहीं
नगर निगम आयुक्त आनिंदिता मित्रा फॉसवेक के सदस्यों के प्रश्नों को अपने नोट पैड पर स्वयं ही लिखती रहीं। जिसे बाद में एक एक बिंदू पर जबाव दिया।
डंपिंग ग्राउंड के लिए केंद्र से अभी 11 करोड़ रुपये जारी
उन्होंने डड्डूमाजरा में डंपिंग ग्राउंड के बारे में बताया कि पांच लाख मैट्रिक टन का कचरा को 66 प्रतिशत काम कर दिया गया है। नवंबर तक काम पूरा हो जाएगा। दूसरे बड़े पहाड़ के बारे में उन्होंने कहा कि इसका प्रस्ताव बनाकर केंद्र सरकार को भेजा गया है। इस पर 77 करोड़ रुपये खर्च होंगे। सरकार ने 26 करोड़ 80 लाख रुपये पास कर दिए हैं। करीब 11 करोड़ रुपये जारी भी कर दिया गया है। उन्होंने कहा कि रातोंरात कूड़ा का डंप खत्म नहीं होगा। ऐसी कोई तकनीक नहीं है। इसे ठीक करने में चार वर्ष लगेंगे।
होली के बाद मेयर और आयुक्त सेक्टरों का दौरा कर शिकायत सुनेेंगी
निगम आयुक्त ने कहा कि होली के एक दिन बाद सभी सेक्टरों का मेयर व वे स्वयं दौरा करेंगी और वहां की शिकायतें सुनेंगी। पार्किंग की समस्या को ठीक करेंगी। उन्होंने कहा कि आरडब्ल्यूए की समस्या को सुनने के लिए निगम अब विशेष सेल का गठन करेगा।
कमिश्नर बोलीं- ऐसी है लोगों की मानसिकता
लोगों की मानसिकता यह है कि जब मैं कमिश्नर बनी तो सेक्टर-18 में जहां रहती हूं, काफी सफाई होने लगी। मेरी मां से लोगों ने कहा कि आपकी बेटी के कारण बहुत साफ सफाई है। अब कूड़ा कहां फेंके। ऐसी मानसिकता है हमारे शहर के लोगों की।
सुनाया किस्सा, मां को भी कूड़ा न फेंकने की दी नसीहत
आनिंदिता मित्रा बोलीं- फिल्म देखने के लिए एलांते मॉल गई। मेरी मां ने कूड़ा फेंक दिया तो उसी वक्त मैंने अपनी मां से कूड़ा सही जगह पर रखने को कहा। मेरी मां डॉक्टर हैं और उनकी आयु 75 वर्ष है। उस वक्त मां ने कहा कि पता नहीं कि यहां कूड़ा नहीं फेंकना।
मेयर सरबजीत कौर बोलीं- पानी की दर कम कराने के लिए प्रशासक से समय मांगा
मेयर सरबजीत कौर ने फॉसवेक के सदस्यों को कहा कि पानी की दर कम कराने के लिए प्रशासक से समय मांगा है। उम्मीद है कि एक दो दिन में समय मिल जाएगा। उन्होंने कहा कि नगर निगम के सभी 35 पार्षदों के साथ प्रशासक से मिलने जाएंगी।
फॉसवेक चेयरमैन बोले- सफाई व्यवस्था आरडब्ल्यूए को दी जाए
फॉसवेक चेयरमैन बलजिंदर सिंह बिटटू ने कहा कि घर घर कूड़ा उठाने वाले पांच पांच दिन नहीं आते। उन्होंने भी बैठक में कहा कि पार्षद सफाई वालों से पैसे लेते हैं। सफाई व्यवस्था को आरडब्ल्यूए को दी जानी चाहिए। उन्होंने कहा कि इस पर तीन से चार करोड़ रुपये हर महीना खर्च हो रहा है। नगर गिनम को एक पैसा खर्च नहीं होगा और लोगों को बेहतर सुविधाएं मिलेंगी। बिटटू ने कहा कि फॉसवेक में बड़े सेना के रिटायर्ड अधिकारी, प्रशासनिक अधिकारी जैसे लोग हैं। उन्होंने कहा कि करोड़ों रुपये खर्च कर सामुदायिक केंद्र बनाए गए हैं, लेकिन उसमें लोगों को प्रवेश नहीं मिलता।
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शिकायती लहजे में आयुक्त कहा कि पदभार संभालने के बाद सेक्टरों के रिहायशी एरिया के बैक लेन को साफ करवाया। फिर गंदगी किसने फैलाई। अब तो पेनाल्टी लगानी ही पड़ेगी। लोग पार्क में जन्मदिन की पार्टी करते हैं, वहां पर गंदगी फेंककर चले जाते हैं। अपने घर से थैला लेकर क्यों नहीं आते उस कूड़ा का उठाने के लिए। इंदौर के नागरिक अपने गाड़ियों में डस्टबीन लेकर चलते हैं। चंडीगढ़ की जनता पढ़ी लिखी है। ऐसे में सफाई व्यवस्था कैसे ठीक रहेगी।
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बाजार जाते वक्त कपड़े का थैला लेकर जाएं
उन्होंने कहा कि हम कूड़े को अपने घर में रखें तो हमारा शहर बहुत साफ होगा। जब भी आप मार्केट जाएं तो कपड़ा का एक थैला घर से लेकर जाइए। खाली हाथ मार्केट न जाएं। शहर की साफ सफाई में आरडबल्यूए मदद करे।
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फॉसवेक के सदस्यों के प्रश्नों को नोट पैड में लिखती रहीं
नगर निगम आयुक्त आनिंदिता मित्रा फॉसवेक के सदस्यों के प्रश्नों को अपने नोट पैड पर स्वयं ही लिखती रहीं। जिसे बाद में एक एक बिंदू पर जबाव दिया।
डंपिंग ग्राउंड के लिए केंद्र से अभी 11 करोड़ रुपये जारी
उन्होंने डड्डूमाजरा में डंपिंग ग्राउंड के बारे में बताया कि पांच लाख मैट्रिक टन का कचरा को 66 प्रतिशत काम कर दिया गया है। नवंबर तक काम पूरा हो जाएगा। दूसरे बड़े पहाड़ के बारे में उन्होंने कहा कि इसका प्रस्ताव बनाकर केंद्र सरकार को भेजा गया है। इस पर 77 करोड़ रुपये खर्च होंगे। सरकार ने 26 करोड़ 80 लाख रुपये पास कर दिए हैं। करीब 11 करोड़ रुपये जारी भी कर दिया गया है। उन्होंने कहा कि रातोंरात कूड़ा का डंप खत्म नहीं होगा। ऐसी कोई तकनीक नहीं है। इसे ठीक करने में चार वर्ष लगेंगे।
होली के बाद मेयर और आयुक्त सेक्टरों का दौरा कर शिकायत सुनेेंगी
निगम आयुक्त ने कहा कि होली के एक दिन बाद सभी सेक्टरों का मेयर व वे स्वयं दौरा करेंगी और वहां की शिकायतें सुनेंगी। पार्किंग की समस्या को ठीक करेंगी। उन्होंने कहा कि आरडब्ल्यूए की समस्या को सुनने के लिए निगम अब विशेष सेल का गठन करेगा।
कमिश्नर बोलीं- ऐसी है लोगों की मानसिकता
लोगों की मानसिकता यह है कि जब मैं कमिश्नर बनी तो सेक्टर-18 में जहां रहती हूं, काफी सफाई होने लगी। मेरी मां से लोगों ने कहा कि आपकी बेटी के कारण बहुत साफ सफाई है। अब कूड़ा कहां फेंके। ऐसी मानसिकता है हमारे शहर के लोगों की।
सुनाया किस्सा, मां को भी कूड़ा न फेंकने की दी नसीहत
आनिंदिता मित्रा बोलीं- फिल्म देखने के लिए एलांते मॉल गई। मेरी मां ने कूड़ा फेंक दिया तो उसी वक्त मैंने अपनी मां से कूड़ा सही जगह पर रखने को कहा। मेरी मां डॉक्टर हैं और उनकी आयु 75 वर्ष है। उस वक्त मां ने कहा कि पता नहीं कि यहां कूड़ा नहीं फेंकना।
मेयर सरबजीत कौर बोलीं- पानी की दर कम कराने के लिए प्रशासक से समय मांगा
मेयर सरबजीत कौर ने फॉसवेक के सदस्यों को कहा कि पानी की दर कम कराने के लिए प्रशासक से समय मांगा है। उम्मीद है कि एक दो दिन में समय मिल जाएगा। उन्होंने कहा कि नगर निगम के सभी 35 पार्षदों के साथ प्रशासक से मिलने जाएंगी।
फॉसवेक चेयरमैन बोले- सफाई व्यवस्था आरडब्ल्यूए को दी जाए
फॉसवेक चेयरमैन बलजिंदर सिंह बिटटू ने कहा कि घर घर कूड़ा उठाने वाले पांच पांच दिन नहीं आते। उन्होंने भी बैठक में कहा कि पार्षद सफाई वालों से पैसे लेते हैं। सफाई व्यवस्था को आरडब्ल्यूए को दी जानी चाहिए। उन्होंने कहा कि इस पर तीन से चार करोड़ रुपये हर महीना खर्च हो रहा है। नगर गिनम को एक पैसा खर्च नहीं होगा और लोगों को बेहतर सुविधाएं मिलेंगी। बिटटू ने कहा कि फॉसवेक में बड़े सेना के रिटायर्ड अधिकारी, प्रशासनिक अधिकारी जैसे लोग हैं। उन्होंने कहा कि करोड़ों रुपये खर्च कर सामुदायिक केंद्र बनाए गए हैं, लेकिन उसमें लोगों को प्रवेश नहीं मिलता।