{"_id":"5bdc53cebdec22695c1f5fe7","slug":"former-mayor-s-anticipatory-bail-plea-dismissed","type":"story","status":"publish","title_hn":"जालंधर के पूर्व मेयर की अग्रिम जमानत अर्जी खारिज, मारपीट का लगा था आरोप","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
जालंधर के पूर्व मेयर की अग्रिम जमानत अर्जी खारिज, मारपीट का लगा था आरोप
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जालंधर (पंजाब)
Updated Fri, 02 Nov 2018 07:31 PM IST
विज्ञापन
court
- फोटो : PTI
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
जालंधर नगर निगम के बिल्डिंग ब्रांच के इंस्पेक्टर दिनेश जोशी से हाथापाई करने और गालियां देने के मामले में पूर्व मेयर सुरेश सहगल को अदालत ने राहत नहीं दी। शुक्रवार को सेशन कोर्ट ने सहगल की अग्रिम जमानत याचिका को खारिज कर दिया हैं। इसके बाद से पुलिस प्रशासन पर भी पूर्व मेयर सहगल की गिरफ्तारी को लेकर दबाव बढ़ता ही जा रहा हैं।
विज्ञापन
शुक्रवार को भी नगर निगम के अधिकारियों और कर्मचारियों ने कामकाज ठप रख हड़ताल जारी रखा। निगम अधिकारियों ने घोषणा की है कि शनिवार को होने वाली एफएंडसीसी (वित्त एवं ठेका कमेटी) की बैठक का बहिष्कार करेंगे। नगर निगम के एसई किशोर बांसल, अश्वनी चौधरी, एटीपी लखबीर सिंह, इंस्पैक्टर अजीत शर्मा, इंस्पेक्टर रुपिंदर सिंह टिवाणा आदि ने कहा है कि जब तक पूर्व मेयर सहगल की गिरफ्तार नहीं होती तब तक वह कामकाज नहीं करेंगे और हड़ताल पर रहेंगे।
विज्ञापन
उनका कहना है कि जिस अवैध इमारत के निर्माण को रुकवाने को लेकर जो हंगामा हुआ उसे गिराने का आदेश दिया जाए। निगम अधिकारियों ने कहा कि अदालत ने जिस तरह से अग्रिम जमानत याचिका खारिज की है उससे अफसरों और मुलाजिमों की जीत हुई है। पुलिस ने पूर्व मेयर सुरेश सहगल, बब्बू समेत दो अज्ञात लोगों के नाम पर केस दर्ज किया था। गौरतलब है कि 28 अक्तूबर को पूर्व मेयर सुरेश सहगल ने बिल्डिंग इंस्पेक्टर दिनेश जोशी से हाथापाई करने के साथ जमकर गालियां निकाली थी। इसका वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल था।
विज्ञापन