पूर्व सीएम हुड्डा बोले- सरकार का फैसला जन विरोधी, सुरजेवाला और सैलजा ने भी किया विरोध
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हरियाणा सरकार द्वारा पेट्रोल-डीजल पर सेस, सब्जी/फल पर फीस और बस किराए में बढ़ोत्तरी के फैसले को नेता प्रतिपक्ष भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने जनविरोधी बताया है। उन्होंने कहा कि सरकार के फैसले पूरी तरह लोगों की उम्मीदों और विपक्ष के सुझावों के विपरीत हैं। कोरोना की मार झेल रहे गरीब, किसान, दुकानदार, दिहाड़ीदार, कामगार और कारोबारी समेत हर नागरिक को सरकार से राहत की उम्मीद थी।
लॉकडाउन की वजह से तमाम काम-धंधे ठप पड़े हैं। अगर आगे लॉकडाउन खुलता भी है तो इस डेढ़ महीने के घाटे से उबरने में ही लोगों को कई महीने लगेंगे। नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि कल ही सर्वदलीय मीटिंग में सरकार को हमने सुझाव दिये थे कि बिजली बिल, लोन की किश्त, किराए, टैक्सों और महंगाई से फौरी राहत दिलाई जाए।
चाहे इसके लिये कुछ भी करना पड़े लेकिन सरकार ने जनता की और विपक्ष की उम्मीदों के उलट जनविरोधी फैसले किए हैं। उन्होंने कहा कि आज अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतें लगभग शून्य पर पहुंच चुकी हैं। सरकार को चाहिए था कि वो पेट्रोल-डीजल की कीमतों में कटौती करे। लेकिन, सरकार ने टैक्स बढ़ाकर तेल को महंगा कर दिया। इसका सबसे ज्यादा भार आम जनता और विशेषकर किसान पर पड़ेगा।
सैलजा और रणदीप ने भी किया विरोध
हरियाणा सरकार के महंगाई बढ़ाने के फैसले पर हरियाणा प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष कुमारी सैलजा और पूर्व विधायक रणदीप सुरजेवाला ने सरकार की आलोचना की है। दोनों नेताओं ने कहा कि शाम के अंधेरे में मनोहर सरकार ने प्रदेश के ढाई करोड़ लोगों से जबरन वसूली का एक नया काला अध्याय लिख डाला। पूरी दुनिया में सरकारें अच्छी नीति व नीयत से लोगों की जेब में पैसा डालने का काम कर रही हैं लेकिन मनोहर सरकार कोरोना महामारी व आर्थिक संकट के इस काल में टैक्स पर टैक्स लगा खजाना भरने में जुटी है।
दोनों नेताओं ने संयुक्त प्रेस कॉन्फ्रेंस के माध्यम से कहा कि सरकार द्वारा पेट्रोल-डीजल पर लगाया गया टैक्स, फल और सब्जी पर लगाई गई मार्केट फीस व टैक्स तथा आम जनमानस की कमर तोड़ते हुए बस किराए में वृद्धि सरकार की निर्दयता व अहंकार का जीता जागता सबूत है। आर्थिक संकट की इस घड़ी में जख्मों पर मरहम लगाने की बजाय भाजपा-जजपा सरकार जले पर नमक छिड़कने का काम कर रही है।