हड़ताल पर बोले पूर्व सीएम हुड्डा- किलोमीटर स्कीम रद्द करे सरकार, वरना सत्ता में आए तो हम करेंगे
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हरियाणा रोडवेज की हड़ताल को खत्म कराने के लिए राजभवन पहुंचे पूर्व सीएम भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने किलोमीटर स्कीम पर सरकार को घेरा है। हुड्डा ने कहा कि किलोमीटर स्कीम चहेतों और चहेती कंपनियों को फायदा पहुंचाने के लिए लाई गई है, इसका जनता से कोई सरोकार नहीं है। भाजपा सरकार किलोमीटर स्कीम को तत्काल रद्द कर हड़ताल खत्म कराए, अगर ऐसा नहीं किया गया तो सत्ता में आने पर कांग्रेस इसे रद्द करेगी।
हुड्डा राजभवन के बाहर पत्रकारों से बातचीत कर रहे थे। इससे पहले हुड्डा की अगुवाई में आठ समर्थक कांग्रेस विधायकों कुलदीप शर्मा, श्रीकृष्ण हुड्डा, आनंद सिंह दांगी, गीता भुक्कल, जगबीर सिंह मलिक, करण सिंह दलाल, जयतीर्थ दहिया, शकुंतला खटक, पूर्व मंत्री हरमोहिंद्र सिंह चट्ठा, फूलचंद मुलाना, निर्मल सिंह, पूर्व विधायक भारत भूषण बतरा व पूर्व चेयरमैन चक्रवर्ती शर्मा ने राज्यपाल सत्यदेव नारायण आर्य को हड़ताल खत्म कराने के लिए ज्ञापन सौंपा।
प्रतिनिधिमंडल ने हड़ताल से उत्पन्न स्थिति को देखते हुए राज्यपाल से तुरंत हस्तक्षेप की मांग की। हुड्डा ने कहा कि रोडवेज कर्मचारियों की तालमेल कमेटी के आह्वान पर 16 अक्टूबर से हड़ताल चल रही है। कर्मचारी अपने वेतन भत्तों को बढाने की मांग नहीं कर रहे, रोडवेज बेड़े में 700 परमिट निजी कंपनियों को देने के फैसले के विरोध में हैं।
हुड्डा का आरोप, मंत्रियों ने भी हथियाए परमिट
हुड्डा ने कहा, पता चला है कि 520 परमिट अभी तक जारी हुए हैं, वे सरकार चहेतों को दे रही है। कुछ परमिट सरकार में बैठे मंत्रियों ने हथियाए हैं। यदि आप निष्पक्ष जांच करवाएंगे तो इस पूरी स्कीम में सैकड़ों करोड़ का घोटाला निकलेगा। जनवरी 2016 में हरियाणा सरकार ने स्कीम के तहत जो टेंडर मांगे थे, उनमें कम से कम रेट 16.76 रुपये था।
उसे अस्वीकार कर सरकार ने अब 32 से 38 रुपये तक रेट पर एग्रीमेंट किया है। राज्यपाल के नाते आप प्रदेश के संवैधानिक मुखिया हैं। इसलिए कांग्रेस पार्टी का आग्रह है कि इस जटिल मसले में तुरंत दखल देकर सरकार व कर्मचारियों के बीच बने हुए गतिरोध को समाप्त कराएं। जिससे आम जनजीवन फिर से बहाल हो सके।